कोटेदार की मनमानी को लेकर तालाब में कूदे प्रधान और क्षेत्र पंचायत सदस्य, पानी में डूबकर विरोध किया
मिश्रवलिया गांव के कोटेदार की राशन वितरण में मनमानी की शिकायत ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान प्यारचंद राम और क्षेत्र पंचायत सदस्य अश्विनी कुमार तिवारी से की। इस पर दोनों दिन में करीब दो बजे कोटेदार के पास पहुंचे और इस संबंध में बातचीत करने लगे। इस पर कोटेदार उनसे दुर्व्यवहार करने लगे।
इससे नाराज होकर ग्राम प्रधान और पंचायत सदस्य गांव में स्थित जलकुंभी भरे पोखरे में घुस गए और गर्दन भर पानी में डूबकर प्रदर्शन करते हुए कोटेदार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। लोग दोनों को बाहर निकलने के लिए कहने लगे लेकिन ग्राम प्रधान और पंचायत सदस्य का कहना था कि जब तक कोई सक्षम अधिकारी मौके पर नहीं आता है, हम लोग पानी से बाहर नहीं निकलेंगे, चाहे हमारी जान ही क्यों न चली जाए।
दोनों का कहना था कि ग्रामीणों द्वारा काफी दिनों से राशन वितरण में कोटेदार द्वारा मनमानी की शिकायत की जा रही है। इस समस्या के समाधान के लिए हमलोगों ने कई बार संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया लेकिन उनके द्वारा कोटेदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई। उपनिरीक्षक यदुवेंद्र कुमार सिंह पुलिसकर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे।
दोनों को समझा-बुझाकर कर एक घंटा बाद करीब तीन बजे ग्राम प्रधान और क्षेत्र पंचायत सदस्य को बाहर निकाला। पानी से निकलने के बाद दोनों कांपने लगे। पुलिस ने दोनों का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भदौरा पर उपचार कराया।
कोटेदार सीताराम ने कहा कि ग्रामीणों द्वारा अंगूठा दिए बिना ही राशन लेने का दबाव बनाया जा रहा है। न देने पर ग्राम प्रधान के साथ मिलकर मेरे खिलाफ षड्यंत्र रचा जा रहा है। उप जिलाधिकारी विक्रम सिंह ने बताया कि संबंधित कोटेदार एवं ग्राम प्रधान के साथ ही ग्रामीणों को सोमवार को तहसील मुख्यालय पर बुलाया गया है। अधिकारियों की मौजूदगी में बातचीत कर शिकायतों का निस्तारण किया जाएगा।