कोरोना संक्रमण का खतरा, मुंबई, गुजरात में लॉकडाउन से ट्रेनों में फिर हो रही वापसी, आधा दर्जन ट्रेनों में नहीं है जगह
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कोरोना संक्रमण को देखते हुए मुंबई, गुजरात के कुछ हिस्सों में लगे लॉकडाउन से ट्रेनों में पलट प्रवाह शुरू हो गया है। बनारस होकर बिहार-झारखंड को जाने वाली ट्रेनों में सीटें फुल हो चुकी हैं। गुजरात से आने वाली अहमदाबाद-गोरखपुर स्पेशल 09089 ट्रेन के सभी श्रेणियों में 28 फरवरी तक वेटिंग टिकट है। इसके अलावा मुंबई से आने वाली आधा दर्जन प्रमुख ट्रेनों में यात्रियों को कंफर्म टिकट नहीं मिल रहा है।
लोकमान्य तिलक टर्मिनस से आने वाली 05017 लोकमान्य तिलक-गोरखपुर फेस्टिवल स्पेशल के सभी श्रेणी में वाराणसी तक का वेटिंग टिकट मिल रही है। टू-एस में 100 तक वेटिंग पहुंच गई है। 08610 एलटीटी-रांची स्पेशल का भी यही हाल है।
लोकमान्य तिलक टर्मिनस से रांची को जाने वाली 01061 पवन एक्सप्रेस के स्लीपर और वातानुकूलित कोच में यात्रियों को कंफर्म बर्थ के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। 01093 महानगरी एक्सप्रेस स्पेशल में टूएस को छोड़ बाकि सभी कोच में वेटिंग टिकट मिल रही है। 01071 एलटीटी-बनारस स्पेशल ट्रेन के स्लीपर में वेटिंग है।
इन ट्रेनों में सीटें खाली
02167 एलटीटी-मंडुवाडीह फेस्टिवल स्पेशल में मुंबई से आने के लिए सीटें खाली हैं। वहीं वाराणसी से मुंबई की ओर से जाने वाली ट्रेनों में 02168 मंडुवाडीह-एलटीटी स्पेशल के सभी कोच में 5 मार्च तक जगह ही जगह है।
सोननगर जंक्शन के यार्ड में मालगाड़ी बेपटरी
दीनदयाल उपाध्याय रेल मंडल के सोननगर जंक्शन के यार्ड में नई पटरी पर बुधवार भोर में चार बजे अनलोडिंग के बाद रवाना हो रही मालगाड़ी के दो वैगन बेपटरी हो गए। घटना से ट्रेनों के आवागमन पर तो प्रभाव नहीं पड़ा लेकिन पटरी क्षतिग्रस्त होने से मालगाड़ियां प्रभावित हुईं। करीब दस घंटे की मशक्कत के बाद मालगाड़ी पटरी पर आई। रेलवे मालगाड़ियों के लिए अलग लाइन बिछा रहा है।
सोन नदी के तट पर सोननगर जंक्शन रेलवे यार्ड में कुछ माह पहले ही लोडिंग अनलोडिंग के लिए दो नई लाइनें 12 और 13 शुरू की गई थी। बुधवार भोर में अनलोडिंग के बाद 48 वैगन की मालगाड़ी लाइन नंबर 12 से बरवाडीह जानी थी। भोर में 4.20 बजे सिग्नल होने पर मालगाड़ी रवाना हुई लेकिन इंजन से तीसरे और चौथे वैगन के पहिए बेपटरी हो गए।
इससे रेल लाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई। चालक और स्टेशन मास्टर ने इसकी सूचना कंट्रोल को दी। यहां क्रेन से मालगाड़ी को पटरी पर लाया गया। पटरी की मरम्मत कर शाम तीन बजे लाइन क्लीयर की गई। दुर्घटना यार्ड में होने से ट्रेनों के आवागमन पर असर नहीं पड़ा।