{"_id":"64ef958e995ca555200b6b07","slug":"compile-incriminating-electronic-evidence-of-robbery-case-varanasi-news-c-20-vns1013-344684-2023-08-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"Varanasi News: डकैती कांड के विवेचक इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य संकलित करें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Varanasi News: डकैती कांड के विवेचक इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य संकलित करें
विज्ञापन
विज्ञापन
सिविल जज (जूनियर डिवीजन) / एफटीसी प्रथम शक्ति सिंह की कोर्ट ने भेलूपुर डकैती कांड में इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों व सीसी फुटेज / डीवीआर/ मेमोरी कार्ड इत्यादि का साक्ष्य संकलित करने को कहा है। कोर्ट ने मुकदमे के विवेचक भेलूपुर थाना प्रभारी को निर्देशित किया है कि प्रार्थना पत्र के परिपेक्ष्य में वर्णित साक्ष्य को संकलित करें। डकैती कांड में जेल में निरुद्ध आरोपी सच्चिदानंद राय उर्फ मंटू ने अपने अधिवक्ता अनिल सिंह के माध्यम से कोर्ट में अर्जी दी। अर्जी में कहा गया है कि सच्चिदानंद को पुलिस बीते 30 मई को उसे एक वाहन सहित पकड़ कर कई क्षेत्रों में घुमाती रही। बाद में उसे भेलूपुर थाने ले जाया गया और दो दिन बाद छोड़ दिया गया। मगर, वाहन और मोबाइल नहीं दिया गया। इस दौरान की सारी घटना क्षेत्र के सरकारी व अन्य सीसी कैमरों के डीवीआर में दर्ज है और वह मात्र 90 दिनों तक ही सुरक्षित रहता है। इसके बाद उसे सात जून की रात उसके घर से पुलिस फिर ले गई और लगातार अवैध हिरासत में रखी। इससे संबंधित सीसी फुटेज भी हैं और इस मुकदमे में अहम साक्ष्य है। सच्चिदानंद ने साक्ष्य को विवेचना में संकलित करने के लिए कोर्ट से गुहार लगाई है।
विज्ञापन
यह है डकैती प्रकरण
बीते 29 मई की रात खोजवा क्षेत्र की आदि शंकराचार्य कॉलोनी स्थित गुजरात की एक फर्म के कार्यालय से एक करोड़ 40 लाख रुपये लूटे गए थे। पुलिस ने नाटकीय तरीके से 92 लाख 94 हजार रुपये की बरामदगी एक लावारिस कार से दिखाई थी। इस प्रकरण में संलिप्तता उजागर होने पर भेलूपुर थाने के पूर्व थानाध्यक्ष रमाकांत दुबे सहित सात पुलिस कर्मी बर्खास्त कर दिए गए थे। घटना का मास्टरमाइंड तिलमापुर निवासी अजीत मिश्रा सहित पांच आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। प्रकरण में सात पुलिस कर्मी सहित नौ आरोपी अभी वांछित हैं।
विज्ञापन