Varanasi News: कमिश्नर ने अफसरों-कर्मचारियों को दी 100 ई-स्कूटी, रोज 400 लीटर पेट्रोल की बचत; जानें खास
Varanasi News: वीडीए ने ग्रीन मोबिलिटी अभियान शुरू कर कर्मचारियों को ई-स्कूटी वितरित की। कमिश्नर एस राजलिंगम ने कहा कि ई-वाहन पर्यावरण संरक्षण और ईंधन बचत में सहायक होंगे। वीडीए के अनुसार इस पहल से रोजाना 300 से 400 लीटर पेट्रोल-डीजल की बचत होगी और प्रदूषण में कमी आएगी।
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VDA Varanasi: वाराणसी विकास प्राधिकरण की ओर से पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ग्रीन मोबिलिटी अभियान का शुभारंभ किया गया। अभियान के तहत कमिश्नर एस राजलिंगम ने वीडीए के अधिकारियों, कर्मचारियों और आउटसोर्सिंग कर्मियों को इलेक्ट्रिक ई-स्कूटी वितरित की। इस पहल का उद्देश्य कर्मचारियों को पेट्रोल-डीजल आधारित वाहनों के बजाय ई-वाहनों के उपयोग के लिए प्रेरित करना है।
कार्यक्रम के दौरान कमिश्नर एस राजलिंगम ने कहा कि जलवायु परिवर्तन, बढ़ती ईंधन कीमतों और ऊर्जा संकट को देखते हुए इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग समय की आवश्यकता बन गया है। उन्होंने कहा कि वीडीए की यह पहल न केवल पर्यावरण संरक्षण में सहायक होगी, बल्कि कर्मचारियों के लिए आर्थिक रूप से भी फायदेमंद साबित होगी। बढ़ती पेट्रोल और डीजल कीमतों के बीच ई-वाहन कम खर्चीले और सुविधाजनक विकल्प बनकर उभर रहे हैं।
वीडीए उपाध्यक्ष पुर्ण बोरा ने बताया कि इस अभियान के तहत प्रतिदिन करीब 300 से 400 लीटर पेट्रोल और डीजल की बचत होने का अनुमान है। इससे कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी और शहर में प्रदूषण नियंत्रण को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि अभियान के पहले चरण को कर्मचारियों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है, जिसके बाद अतिरिक्त ई-वाहनों का ऑर्डर भी दिया गया है।
उन्होंने बताया कि कर्मचारियों को ई-वाहन खरीदने के लिए विभिन्न ई-वाहन कंपनियों और डीलरों से संस्थागत छूट दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। साथ ही बैंकों और वित्तीय संस्थाओं के सहयोग से आसान और कम ब्याज दर पर ऋण सुविधा उपलब्ध कराने की योजना बनाई गई है। राज्य और केंद्र सरकार द्वारा ई-वाहनों पर दी जा रही सब्सिडी, रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में छूट का लाभ भी कर्मचारियों को मिलेगा।
वीडीए की ओर से मुख्य कार्यालय और विभिन्न जोनल कार्यालयों में ई-वाहन चार्जिंग स्टेशन भी विकसित किए जा रहे हैं, ताकि कर्मचारियों को चार्जिंग संबंधी किसी प्रकार की असुविधा न हो। अधिकारियों का मानना है कि यह अभियान भविष्य में स्वच्छ और हरित परिवहन व्यवस्था को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।