फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   China and neighboring countries behind Manipur violence

Varanasi News: मणिपुर हिंसा के पीछे चीन और पड़ोसी देशों का हाथ

Tue, 01 Aug 2023 01:35 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 01 Aug 2023 01:35 AM IST
विज्ञापन
China and neighboring countries behind Manipur violence
श्रीकाशी सुमेरु पीठाधीश्वर स्वामी नरेंद्रानंद सरस्वती ने कहा कि मणिपुर पिछले तीन महीने से जल रहा है। इसके पीछे चीन और पड़ोसी देशों की भूमिका है। पूर्व की सरकारों ने वहां की जमीनों को अफीम की खेती का केंद्र बनाया। सरकार ने अध्यादेश लाकर उस पर रोक लगाई। उसके बाद से ही वहां खून खराबा चल रहा है। हम सभी शांति पाठ के माध्यम से वहां जल्द ही अमन,चैन ,शांति की कामना करते हैं।
विज्ञापन

वह सोमवार को अस्सी स्थित सुमेरुपीठ में संतों के चिंतन शिविर को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान मणिपुर हिंसा, ज्ञानवापी के साथ ही देश के विकास पर चर्चा हुई। चिंतन शिविर में संतों ने शांति पाठ किया। इसके बाद भंडारे का आयोजन किया गया। स्वामी नरेंद्रानंद सरस्वती ने कहा कि मुस्लिम पक्ष जान रहा है कि अगर एएसआई की जांच हो जाएगी तो दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा। यह जो ज्ञानवापी है इसका उल्लेख शिवपुराण और अन्य पुराणों में आता है। मंदिर के अंदर त्रिशूल, डमरू, कमल का चित्र मिला है। मां शृंगार गौरी स्थापित हैं। उन्होंने कहा कि वह हिंदुओं का स्थान था। साढ़े तीन सौ वर्ष पूर्व उसे तोड़ा गया और अब उसका हिसाब चुकता करने का समय आ गया है। उन्होंने कहा कि हमें न्यायालय पर भरोसा है और जल्द ही भव्य भगवान शिव का मंदिर बनकर रहेगा। विपक्षी पार्टियों के गठबंधन पर कहा कि यह सभी केरल और कश्मीर जैसे मुद्दों पर मौन हो जाते हैं। कर्नाटक के मुद्दे पर सभी 26 दल के नेता नहीं बोल रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed