{"_id":"5c4442aabdec224dab5ff23d","slug":"chicks-born-to-egg-by-machine-this-is-made-by-student","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"यूपीः एमए के छात्र ने बनाई मशीन, जिसके जरिये अंडों से पैदा किए जा सकते हैं चूजे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपीः एमए के छात्र ने बनाई मशीन, जिसके जरिये अंडों से पैदा किए जा सकते हैं चूजे
Sun, 20 Jan 2019 03:13 PM IST
दुष्यंत शर्मा
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sun, 20 Jan 2019 03:13 PM IST
विज्ञापन
एमए के छात्र मो मुश्फिक खान
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आदमी के अंदर हुनर और कुछ नया करने का जुनून हो तो वह कुछ भी कर सकता है। उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के एक एमए के छात्र ने खुद से अंडे सेंकने वाली मशीन का निर्माण किया है जिसमें अंडों को जरूरी तापमान देकर चूजे पैदा किए जा सकते हैं। मशीन बनाने के बाद उनका प्रयोग भी सफल रहा और दो दिन पहले अंडों से 25 चूजे पैदा भी हो गए, जो पूरी तरह से स्वस्थ हैं।
नगर के पश्चिम तरफ निवासी तनवीर हयात खान के बेटे मो मुश्फिक खान काशी नरेश राजकीय महाविद्यालय ज्ञानपुर में एमए तृतीय वर्ष के छात्र हैं। बागवानी के साथ वे जानवरों से अथाह प्रेम रखते हैं।
उन्होंने बताया कि उनके दिमाग में आया कि जब कोई मुर्गी अंडों पर कुछ दिनों तक बैठकर उन्हें जरूरी तापमान देकर चूजे पैदा कर सकती है तो यह तो मनुष्य भी कर सकता है और यह व्यवसाय का अच्छा साधन भी हो सकता है।
विज्ञापन
इसके बाद उन्होंने यह मशीन बनाने की ठानी। इसके लिए इंटरनेट पर छानबीन कर मशीन तैयार की। हाल ही में उसमें 30 अंडे रखे, जिनमें से 21 दिन बाद 25 चूजे पैदा हो गए और वे पूरी तरह से आम चूजों की तरह हैं।
विज्ञापन
नगर के पश्चिम तरफ निवासी तनवीर हयात खान के बेटे मो मुश्फिक खान काशी नरेश राजकीय महाविद्यालय ज्ञानपुर में एमए तृतीय वर्ष के छात्र हैं। बागवानी के साथ वे जानवरों से अथाह प्रेम रखते हैं।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि उनके दिमाग में आया कि जब कोई मुर्गी अंडों पर कुछ दिनों तक बैठकर उन्हें जरूरी तापमान देकर चूजे पैदा कर सकती है तो यह तो मनुष्य भी कर सकता है और यह व्यवसाय का अच्छा साधन भी हो सकता है।
विज्ञापन
इसके बाद उन्होंने यह मशीन बनाने की ठानी। इसके लिए इंटरनेट पर छानबीन कर मशीन तैयार की। हाल ही में उसमें 30 अंडे रखे, जिनमें से 21 दिन बाद 25 चूजे पैदा हो गए और वे पूरी तरह से आम चूजों की तरह हैं।
चूजे
- फोटो : अमर उजाला
मुश्फिक ने बताया कि हस्तनिर्मित मशीन में उन्होंने तापमान और आद्रता कंट्रोल करने की स्वचालित व्यवस्था की है। तापमान 36.5 से कम होने पर मशीन चल पड़ती है तथा 38 डिग्री होते ही बंद हो जाती है।
इसके अलावा बताया कि अंडों को हर तरफ से एक समान तापमान देने के लिए उन्हें अलटना पलटना पड़ता है। यह मशीन मध्यम दर्जे, विकलांगों अथवा व्यावसायिक सोच रखने वालों के लिए लाभप्रद है जिससे वे व्यवसाय कर कम से कम लागत में अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं।
उनकी 70 अंडे की मशीन की लागत एक हजार रुपये आई है। मशीन की उपजता 95 प्रतिशत है। बेटे द्वारा मशीन बनाने से घरवालों में खुशी है। पिता तनवीर हयात कहते हैं बेटा वैज्ञानिक सोच का है और साथ ही इसे बनाने में उसने किसी की मदद नहीं ली। इसलिए हम सबको इसकी खुशी है।
इसके अलावा बताया कि अंडों को हर तरफ से एक समान तापमान देने के लिए उन्हें अलटना पलटना पड़ता है। यह मशीन मध्यम दर्जे, विकलांगों अथवा व्यावसायिक सोच रखने वालों के लिए लाभप्रद है जिससे वे व्यवसाय कर कम से कम लागत में अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं।
उनकी 70 अंडे की मशीन की लागत एक हजार रुपये आई है। मशीन की उपजता 95 प्रतिशत है। बेटे द्वारा मशीन बनाने से घरवालों में खुशी है। पिता तनवीर हयात कहते हैं बेटा वैज्ञानिक सोच का है और साथ ही इसे बनाने में उसने किसी की मदद नहीं ली। इसलिए हम सबको इसकी खुशी है।