{"_id":"6a63b6a5ad8050f70e038ffa","slug":"bypass-at-vishwanath-dham-direct-access-to-gate-no-4-from-manikarnika-gali-and-ganga-dwar-varanasi-news-c-20-vns1056-1479386-2026-07-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Varanasi News: विश्वनाथ धाम में बाईपास... मणिकर्णिका गली और गंगा द्वार से सीधे पहुंचेंगे गेट नंबर चार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Varanasi News: विश्वनाथ धाम में बाईपास... मणिकर्णिका गली और गंगा द्वार से सीधे पहुंचेंगे गेट नंबर चार
विज्ञापन
वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में सावन के दौरान बाबा के भक्तों को गंगा द्वार से गेट नंबर चार तक बिना रोक-टोक आने-जाने के लिए बाईपास मार्ग की सुविधा मिलेगी। इस रास्ते की मदद से श्रद्धालु मणिकर्णिका गली से भी मंदिर कॉरिडोर के अहिल्याबाई चौक तक पहुंच सकेंगे। भारत माता मंदिर के पास बने फूड प्लाजा में नाश्ता करने के बाद वे सीधे शंकराचार्य चौक होते हुए मंदिर परिसर से बाहर निकल सकेंगे। इस मार्ग पर मोबाइल लेकर आने-जाने पर भी कोई रोक नहीं होगी।
अब तक दर्शन कर बाहर निकलने वाले श्रद्धालुओं को गंगा द्वार जाने से तो नहीं रोका जाता था, लेकिन वापस शंकराचार्य चौक की ओर आने के लिए उन्हें लाइन में लगना पड़ता था या मणिकर्णिका गली की ओर से बाहर निकलना पड़ता था। हालांकि इस बाईपास मार्ग का उपयोग करने वाले श्रद्धालुओं को मुख्य मंदिर में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। दर्शन के लिए उन्हें निर्धारित कतार में ही लगना होगा। मंडलायुक्त की अध्यक्षता में हुई मंदिर सुरक्षा समिति की बैठक में इस मार्ग को मंजूरी दी गई है।
शुक्रवार को श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के एसडीएम शंभू शरण ने मंदिर कॉरिडोर का निरीक्षण कर नई व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने कर्मचारियों और सुरक्षाकर्मियों को आवश्यक तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए साइनेज बोर्ड लगाए जाएं, जिन पर स्पष्ट रूप से लिखा हो कि यह गेट नंबर चार तक सीधे पहुंचने का मार्ग है। निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने दर्शन कराने वाले एक कथित दलाल को भी पकड़ लिया। आरोप है कि स्थानीय दुकानदारों की मिलीभगत से उसने एक परिवार को दर्शन कराने की जिम्मेदारी ली थी। शंकराचार्य चौक पहुंचने से पहले उसे रोककर पूछताछ की गई और बाद में पुलिस को सौंप दिया गया। वहां से उसे चौक थाने ले जाया गया।
विज्ञापन
छह-छह लेन की बैरिकेडिंग तैयार
सावन से पहले मंदिर परिसर में रेलिंग और बैरिकेडिंग का कार्य पूरा कर लिया गया है। छह से आठ लेन की जिगजैग कतारों से होकर श्रद्धालु बाबा के दरबार तक पहुंचेंगे। सावन से पहले मंदिर कॉरिडोर का चप्पा-चप्पा साफ-सुथरा रहे, इसके लिए पुख्ता तैयारियां की जा रही हैं। एसडीएम शंभू शरण ने निरीक्षण के दौरान सभी बाथरूम और गैलरियों को साफ रखने के निर्देश दिए। गुटखा खाने वाले दुकानदारों को फटकार लगाते हुए कार्रवाई की चेतावनी दी। शौचालयों में खराब पड़े नलों को तत्काल बदलने तथा पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही अन्न क्षेत्र तक श्रद्धालुओं की आवाजाही सुचारु बनाए रखने के भी निर्देश दिए। शंभू शरण ने कहा कि सावन से पहले मंदिर परिसर में किसी भी प्रकार की गंदगी नहीं रहने दी जाएगी। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि मंदिर परिसर में प्लास्टिक का उपयोग न करें और कहीं भी कूड़ा न फैलाएं।
विज्ञापन
अब तक दर्शन कर बाहर निकलने वाले श्रद्धालुओं को गंगा द्वार जाने से तो नहीं रोका जाता था, लेकिन वापस शंकराचार्य चौक की ओर आने के लिए उन्हें लाइन में लगना पड़ता था या मणिकर्णिका गली की ओर से बाहर निकलना पड़ता था। हालांकि इस बाईपास मार्ग का उपयोग करने वाले श्रद्धालुओं को मुख्य मंदिर में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। दर्शन के लिए उन्हें निर्धारित कतार में ही लगना होगा। मंडलायुक्त की अध्यक्षता में हुई मंदिर सुरक्षा समिति की बैठक में इस मार्ग को मंजूरी दी गई है।
विज्ञापन
शुक्रवार को श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के एसडीएम शंभू शरण ने मंदिर कॉरिडोर का निरीक्षण कर नई व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने कर्मचारियों और सुरक्षाकर्मियों को आवश्यक तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए साइनेज बोर्ड लगाए जाएं, जिन पर स्पष्ट रूप से लिखा हो कि यह गेट नंबर चार तक सीधे पहुंचने का मार्ग है। निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने दर्शन कराने वाले एक कथित दलाल को भी पकड़ लिया। आरोप है कि स्थानीय दुकानदारों की मिलीभगत से उसने एक परिवार को दर्शन कराने की जिम्मेदारी ली थी। शंकराचार्य चौक पहुंचने से पहले उसे रोककर पूछताछ की गई और बाद में पुलिस को सौंप दिया गया। वहां से उसे चौक थाने ले जाया गया।
विज्ञापन
छह-छह लेन की बैरिकेडिंग तैयार
सावन से पहले मंदिर परिसर में रेलिंग और बैरिकेडिंग का कार्य पूरा कर लिया गया है। छह से आठ लेन की जिगजैग कतारों से होकर श्रद्धालु बाबा के दरबार तक पहुंचेंगे। सावन से पहले मंदिर कॉरिडोर का चप्पा-चप्पा साफ-सुथरा रहे, इसके लिए पुख्ता तैयारियां की जा रही हैं। एसडीएम शंभू शरण ने निरीक्षण के दौरान सभी बाथरूम और गैलरियों को साफ रखने के निर्देश दिए। गुटखा खाने वाले दुकानदारों को फटकार लगाते हुए कार्रवाई की चेतावनी दी। शौचालयों में खराब पड़े नलों को तत्काल बदलने तथा पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही अन्न क्षेत्र तक श्रद्धालुओं की आवाजाही सुचारु बनाए रखने के भी निर्देश दिए। शंभू शरण ने कहा कि सावन से पहले मंदिर परिसर में किसी भी प्रकार की गंदगी नहीं रहने दी जाएगी। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि मंदिर परिसर में प्लास्टिक का उपयोग न करें और कहीं भी कूड़ा न फैलाएं।