महाशिवरात्रि 2022: श्रद्धालुओं के लिए 44 घंटे तक जागेंगे बाबा विश्वनाथ, कल सुबह 3:30 बजे से कर सकेंगे दर्शन
काशी विश्वनाथ मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने बताया कि मंगलवार को महाशिवरात्रि के दिन भोर में मंगला आरती 2:15 बजे शुरू होगी और 3:15 बजे समाप्त होगी।
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महाशिवरात्रि पर बाबा विश्वनाथ अपने भक्तों को बिना विश्राम दर्शन देंगे। शिव की नगरी में महाशिवरात्रि की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। बाबा विश्वनाथ के मंदिर में भक्त पूरी रात बाबा का दर्शन कर सकेंगे। बाबा अपने भक्तों को लगातार 44 घंटे तक दर्शन देंगे।
इस दौरान बाबा के चार पहर की आरती भी उतारी जाएगी। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के पट महाशिवरात्रि पर एक मार्च को भोर में खुलेंगे और दो मार्च की रात में शयन आरती के बाद ही बंद होंगे। बीच-बीच में आरती के दौरान श्रद्धालु बाबा का झांकी दर्शन करते रहेंगे।
गंगातट से बाबा दरबार तक लगेगी आस्थावानों की कतार
28 फरवरी की रात से ही बाबा दरबार में आस्थावानों की कतार गंगातट से बाबा दरबार तक लग जाएगी। मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने बताया कि मंगलवार को महाशिवरात्रि के दिन भोर में मंगला आरती 2:15 बजे शुरू होगी और 3:15 बजे समाप्त होगी।
3:30 बजे से दर्शन के लिए मंदिर के पट खोल दिए जाएंगे। मध्याह्न भोग आरती दोपहर 12 बजे से 12:30 बजे तक चलेगी। बाबा के पहले प्रहर की आरती 10:50 बजे से शुरू होकर रात 12:30 बजे तक चलेगी। दूसरे पहर की आरती एक और दो मार्च की मध्य रात्रि 1:20 बजे शुरू होगी और 2:30 बजे तक चलेगी।
तीसरे पहर की आरती दो मार्च की भोर में तीन बजे से 4:25 बजे तक होगी और चौथे पहर की आरती सुबह पांच बजे से शुरू होगी और 6:15 बजे समाप्त होगी। चारों पहर की आरती के दौरान भक्तों को बाबा विश्वनाथ के झांकी दर्शन मिलेंगे।