बभनियाव गांव तीसरे दिन भी खुदाई जारी, मिले 1700 साल पुराने गुप्तकालीन फर्श और ईटों की दीवार
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वाराणसी के राजातालाब के बभनियाव गांव में चल रही खुदाई में हर दिन जमीन से अहम पुरावशेषों के दबे होने की जानकारियां मिल रही हैं। बुधवार से चल रही खुदाई में अब तक भट्टी, मिट्टी के बर्तन, देवी-देवताओं की मूर्तियां, शिवलिंग आदि के अवशेष मिलने के बाद अब शुक्रवार को यहां बीएचयू की टीम को गुप्तकालीन फर्श और ईटों की दीवार मिली हैं। ये फर्श और दीवार करीब 1700 साल पहले की बताई जा रही है जबकि सही उम्र के बारे में जांच के बाद ही पता चल सकेगा।
बभनियाव गांव में जहां दो दिन खुदाई कराई गई, उससे कुछ दूरी पर एक दूसरी साइट पर शुक्रवार की खुदाई हुई। प्राचीन इतिहास विभागाध्यक्ष प्रो. ओएन सिंह के निर्देशन में प्रो. अशोक सिंह, प्रो.एके दूबे आदि टीम के सदस्य यहां लगे रहे।
किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए खुदाई स्थल को घेराकर काम कराया जा रहा है। बुधवार को मिली भट्टी की साफ-सफाई गुरुवार को कराई गई तो उसके गहरा होने की जानकारी मिली है। इसके अलावा यहां गुप्तकालीन खिलौने, मिट्टी के बर्तन, देवी-देवताओं की मूर्तियां मिली थी।
पहले से चल रही खुदाई के पास ही एक अन्य जगह पर खुदाई शुरू हुई तो दोपहर बाद यहां फर्श मिला। प्रो. अशोक सिंह ने बताया कि शुक्रवार को मिले गुप्तकालीन फर्श, ईटों की दीवार मिली हैं। कार्बन डेटिंग के बाद सही उम्र की जानकारी मिलेगी।