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मुस्लिम बुद्धिजीवियों की अपील, सादगी से मनाएं ईद

Wed, 12 May 2021 01:07 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 12 May 2021 01:07 AM IST
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Appeal to Muslim intellectuals, celebrate Eid with simplicity
वाराणसी। रमजान माह अंतिम दौर में है। ईद भी नजदीक है। कोरोना के चलते पिछले की तरह इस बार भी बाजार बंद हैं। कई लोगों पर रोजगार का भी संकट खड़ा हो गया है। वहीं, बढ़ रहे संक्रमण को देख मुस्लिम समाज के बुद्धिजीवियों ने लोगों से गुजारिश कर कोविड गाइडलाइन का पालन करने को कहा है। साथ ही कहा कि फिजूल खर्ची से बचें। त्योहार को बहुत ही सादगी और एहतराम के साथ मनाएं। प्रशासन का सहयोग करें और घर पर रहकर नमाज अदा करें। इसे अल्लाह की मर्जी समझकर सबकी सेहत के लिए दुआएं करें।
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कुछ दिन बाद ईदुलफितर है। इसमें सामूहिक रूप से नमाज पढ़ने का महत्व है, लेकिन इस वबा की फितरत इसके खिलाफ है। ये सामूहिकता में ही ज्यादा फैलती है। ऐसे में आग्रह है कि जिलाधिकारी के दिशानिर्देशों का पालन करें। इसे अल्लाह की मर्जी समझ कर सबकी सेहत के लिए रब के हुजूर में गिड़गिड़ा कर दुआएं मांगे। रमजान में कई अपने वबा का शिकार होकर दुनिया से रुखसत हुए हैं। अब और नहीं।
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- एस एम यासीन, संयुक्त सचिव, अंजुमन इंतेजामिया मस्जिद वाराणसी
आपदा काल चल रहा है। कोरोना से अनगिनत लोग अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं। ऐसे में ईद के मौके पर बेफिजूल खर्च से बचें और सादगी से त्योहार मनाएं। जिला प्रशासन की गाइडलाइन का पालन कर ईद की नमाज घरों पर ही अदा करें। निर्धारित दूरी का पालन कर एक दूसरे को बधाई दें। हर हाल में मास्क लगाएं। सैनिटाइजर और साबुन से लगातार हाथों को धोते रहे।
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- डॉ. मोहम्मद आरिफ, इतिहासकार एवं प्राचार्य, डीआर महिला महाविद्यालय, वाराणसी
ईद भाईचारे को बढ़ावा देने वाला त्योहार है। सभी इसे आपस में मिलकर मनाते हैं। सुख शांति और बरकत के लिए दुआ मांगते हैं। आज पूरी दुनिया कोविड-19 महामारी से जूझ रही है। मुस्लिमों के लिए भी यह लाजमी यह कि वह ईद सादगी और सरकार द्वारा तय गाइडलाइन का पालन कर घर में ही मनाएं। साथ ही आसपास देखे कि कोई परिवार भूखा और बीमार तो नहीं है। अगर ऐसा है तो उसकी मदद करे। इंशा अल्लाह इस महामारी से जल्द निजात मिलेगी।
- प्रो. मोहम्मद आरिफ, पूर्व विभागाध्यक्ष राजनीतिक शास्त्र, महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ
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