Akanksha Dubey: समर सिंह को 14 दिन के लिए जेल भेजा गया, क्या सुलझेगी आकांक्षा दुबे मौत मामले की गुत्थी
भोजपुरी फिल्म अभिनेत्री आकांक्षा दुबे मौत मामले में आरोपी समर सिंह को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। समर सिंह गुरुवार रात गाजियाबाद से गिरफ्तार हुआ था।
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भोजपुरी फिल्म अभिनेत्री आकांक्षा दुबे को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोपी समर सिंह को शनिवार शाम वाराणसी की एक कोर्ट में पेश किया गया। जहां से मजिस्ट्रेट ने समर सिंह 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजा दिया गया।
समर सिंह भारी गहमागहमी के बीच रिमांड मजिस्ट्रेट तृप्ति सिंह की अदालत में पेश किया गया। पुलिस ने समर सिंह को 72 घंटे की कस्टडी रिमांड पर देने का अनुरोध किया। इस पर अदालत ने सारनाथ थाने से संबंधित कोर्ट के समक्ष 10 अप्रैल को प्रार्थना पत्र पेश करने के लिए कहा है। इसके साथ ही अदालत ने समर सिंह की ओर से पेश की गई जमानत अर्जी को खारिज कर दिया।
सारनाथ स्थित एक होटल के कमरे में बीते 26 मार्च को आकांक्षा दुबे का शव फंदे के सहारे लटका मिला था। वह भोजपुरी फिल्म की शूटिंग करने वाराणसी आई थीं। 27 मार्च को आकांक्षा दुबे की मां मधु दुबे की तहरीर के आधार पर सारनाथ थाने में आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में भोजपुरी गायक आजमगढ़ के मेंहनगर निवासी समर सिंह और उसके दोस्त बिलरियागंज क्षेत्र के गद्दोपुर निवासी संजय सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।
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समर सिंह से सात घंटे तक पूछताछ
मुकदमा दर्ज होते ही समर सिंह और संजय सिंह भूमिगत हो गए। छह अप्रैल की रात गाजियाबाद में अपने रिश्तेदार के घर ठहरने गए समर सिंह को पुलिस ने घेराबंदी कर गिरफ्तार किया। इसके बाद उसे गाजियाबाद की अदालत में पेश कर पुलिस ट्रांजिट रिमांड पर सड़क मार्ग से शनिवार की सुबह वाराणसी लेकर आई। लगभग सात घंटे की पूछताछ के बाद पुलिस ने समर सिंह को रिमांड मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया। उधर, संजय सिंह की तलाश में सारनाथ थाने की पुलिस और क्राइम ब्रांच की तीन टीमों की दबिश जारी है।
गिरफ्तारी के बाद फूट-फूट कर रोया था समर सिंह
भोजपुरी अभिनेत्री आकांक्षा दुबे की मौत के मामले में नामजद गायक व अभिनेता समर सिंह उर्फ समरजीत सिंह को पुलिस ने जब गुरुवार रात गिरफ्तार किया तो वो फूट-फूट कर रो पड़ा। हाथ जोड़कर वाराणसी कमिश्नरेट की पुलिस के सामने गिड़गिड़ाया। बोला कि मैं बेकसूर हूं, छोड़ दीजिए। मेरा भविष्य चौपट हो जाएगा, लेकिन पुलिस ने सभी मिन्नतों को अनसुना किया।
समर सिंह ने बताया फरार होने का कारण
एक बार लगा कि वह अपना पक्ष पुलिस के सामने रखे, लेकिन मधु दुबे के आरोपों की वजह से वह हिम्मत नहीं जुटा सका। इसके बाद अपना वाहन लखनऊ में ही छोड़ कर सड़क मार्ग से अपने दोस्त संजय सिंह के साथ गाजियाबाद चला गया। गाजियाबाद के साथ ही दिल्ली, नोएडा और देहरादून में अपने खास करीबियों के यहां ठिकाने बदल-बदल कर रहा।