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Varanasi News: एआई पर्यटकों को आंकड़े देगा, गाइड बताएगा काशी का जीवंत अहसास

Sun, 27 Sep 2026 01:50 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 27 Sep 2026 01:50 AM IST
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AI will provide data to tourists, while the guide will convey the vibrant essence of Kashi.
विश्व पर्यटन दिवस की पूर्व संध्या पर काशी में आयुर्वेद और एआई पर संगोष्ठी
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संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। विश्व पर्यटन दिवस की पूर्व संध्या पर शनिवार को अंधरापुल स्थित एक होटल में पर्यटन को आयुर्वेद, एआई और विरासत संरक्षण के माध्यम से बढ़ाने पर चर्चा हुई। इंटैक वाराणसी, टूरिस्ट गाइड्स एसोसिएशन वाराणसी एवं टूरिज्म वेलफेयर एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में संगोष्ठी हुई। कार्यक्रम में आधुनिक दौर में पर्यटन के बदलते स्वरूप, स्वास्थ्य एवं कल्याण में आयुर्वेद की भूमिका, एआई के व्यावहारिक प्रभाव, काशी की समृद्ध संगीत परंपरा और धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण पर विशेषज्ञों ने विमर्श किया।
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. नीरज खन्ना ने प्राचीन भारतीय ज्ञान की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने पर्यटन क्षेत्र में टूरिज्म इंटेलिजेंस की आवश्यकता बताते हुए कहा कि किसी भी कार्य को निष्ठा, श्रद्धा और परोपकार की भावना से किया जाना चाहिए, क्योंकि आंतरिक चेतना का सीधा प्रभाव हमारे कर्मों पर पड़ता है। डॉ. खन्ना ने स्वास्थ्य पर्यटन (वेलनेस टूरिज्म) की अपार संभावनाओं पर बल देते हुए कहा कि एक स्वस्थ व्यक्ति ही यात्रा का सच्चा आनंद ले सकता है। इसके लिए सभी प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पौष्टिक एवं सात्विक भोजन की उपलब्धता सुनिश्चित करना अनिवार्य है।
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बीएचयू साउथ कैंपस के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. कौस्तव चटर्जी ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आज एक उपयोगी साधन जरूर है, लेकिन यह मानवीय संवेदनशीलता का विकल्प नहीं बन सकता। सांस्कृतिक सत्र में युवा संगीतकार अनूप मिश्रा ने काशी की संगीत धरोहर और बनारस घराने के ऐतिहासिक अवदान पर विस्तार से विचार रखे। उन्होंने कहा कि आध्यात्मिकता और संगीत काशी के प्राण हैं। वहीं विशिष्ट वक्ता पीएस वेंकटरमन ने ‘देवी त्रिकोण: दक्षिण भारतीय परंपरा’ के तहत कामाख्या, कांचीपुरम और मदुरै से लेकर काशी के विशालाक्षी मंदिर व गौरी दर्शन के आध्यात्मिक रिश्तों को रेखांकित किया।
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राजघाट स्थित वसंता कॉलेज के प्रोफेसर संजीव कुमार ने काशी का नया स्वरूप, आस्था और डिजिटल नवाचार विषय पर विचार रखे। कार्यक्रम में एक विचारोत्तेजक क्विज प्रतियोगिता भी आयोजित की गई, जिसके विजेताओं को वाराणसी टूरिज्म गिल्ड के सुभाष कपूर ने पुरस्कृत किया। संगोष्ठी की शुरुआत इंटैक वाराणसी के संयोजक अशोक कपूर के स्वागत भाषण से हुई। संचालन जैनेंद्र राय ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन नीलेश सिन्हा द्वारा प्रस्तुत किया गया। मौके पर कर्नल संदीप शर्मा, अमित गुप्ता, सुभाष कपूर, राहुल मेहता, अनिल केशरी और अखिलेश कुमार उपस्थित रहे।
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