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पति ने चेहरे और सिर पर प्रहार कर की पत्नी की हत्या
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वाराणसी। शिवपुर थाना अंतर्गत भगतपुर में रविवार दोपहर अनिल मौर्या ने सिर और चेहरे पर लकड़ी के फट्टे से प्रहार कर पत्नी बबली मौर्या (36) की हत्या कर दी। इसके बाद निर्वस्त्र होकर पत्नी के शव के पास बैठा रहा। बबली के भाई गुल्लू की सूचना पर पहुंची शिवपुर पुलिस उसे दीनदयाल अस्पताल ले गई और बबली का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
गुल्लू की तहरीर पर अनिल पर शिवपुर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। हत्या की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया यही सामने आया है कि अनिल की मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी और वह अवसाद से ग्रस्त था। भगतपुर की 70 वर्षीय हीरामनी देवी ने पुलिस को बताया कि दोपहर में उसके बेटे अनिल का साला सामने घाट क्षेत्र निवासी गुल्लू और उसकी पत्नी घर आए थे। गुल्लू ने अनिल और बबली के बारे में हीरामनी से पूछा तो उसने बताया कि दोनों प्रथम तल स्थित अपने कमरे में है। गुल्लू ऊपर गया तो बबली निढाल पड़ी हुई थी और बगल में अनिल बिना कपड़ों के बैठा था। बबली के सिर और चेहरे से खून बह रहा था।
आशंका जताई गई है कि बबली का गला दबाने के बाद लकड़ी के फट्टे से ताबड़तोड़ वार कर अनिल ने उसकी हत्या कर दी। गुल्लू करीब 4:45 बजे शिवपुर थाने पहुंचा तो पुलिस अनिल के घर गई। थानाध्यक्ष शिवपुर ने बताया कि महिला की हत्या कैसे की गई है, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही इसका खुलासा होगा।
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हीरामनी ने बताया कि होली के बाद से अनिल घर से बाहर नहीं निकला था। इसके पहले वह साल भर से भीख मांग रहा था। अनिल की हरकतें बेहद अजीबोगरीब थीं। बबली उसकी तीसरी पत्नी थी और उससे आठ साल पहले शादी की थी। उनकी दो बच्चियां हैं। पहले की दोनों पत्नियां अनिल को छोड़ कर चली गई थीं। हीरामनी ने बताया कि वह दूसरों के घरों में चौका बर्तन का काम करती है। वहां से बचा हुआ खाना लेकर आती थी तो अनिल, बबली और दोनों बच्चे खाते थे। अनिल अक्सर खाना छीन लेता था। अनिल और बबली रोजाना उसे मारते थे, इस वजह से वह कोशिश करती थी कि दोनों सो जाएं, तभी वह घर जाए। पुलिस पहुंची तो पूरे घर में गंदगी मिली और दुर्गंध आ रही थी। आसपास के लोगों से अनिल का कोई सरोकार नहीं था। हीरामनी ने कहा कि बेटा गिरफ्तार हो गया और बहू मर गई। अब दोनों मासूम बच्चों का पालन-पोषण कैसे होगा, समझ में नहीं आ रहा है।
जिले में बीते पांच दिन में यह तीसरी वारदात है जब रिश्ते कलंकित हुए। बबली की हत्या से पहले 12 अप्रैल की रात बड़ी गैबी क्षेत्र में सफाई कर्मी विजय डोम के सीने में चाकू घोंप कर हत्या उसके मौसेरे भाई सुनील डोम ने कर दी थी। 10 अप्रैल को दौलतपुर निवासी चंदन सिंह की गोली मार कर हत्या किए जाने का मामला सामने आया। चंदन की हत्या का आरोप उसके साले मृत्युंजय सिंह, साली शिल्पी सहित दो अन्य लोगों पर हैं।
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गुल्लू की तहरीर पर अनिल पर शिवपुर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। हत्या की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया यही सामने आया है कि अनिल की मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी और वह अवसाद से ग्रस्त था। भगतपुर की 70 वर्षीय हीरामनी देवी ने पुलिस को बताया कि दोपहर में उसके बेटे अनिल का साला सामने घाट क्षेत्र निवासी गुल्लू और उसकी पत्नी घर आए थे। गुल्लू ने अनिल और बबली के बारे में हीरामनी से पूछा तो उसने बताया कि दोनों प्रथम तल स्थित अपने कमरे में है। गुल्लू ऊपर गया तो बबली निढाल पड़ी हुई थी और बगल में अनिल बिना कपड़ों के बैठा था। बबली के सिर और चेहरे से खून बह रहा था।
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आशंका जताई गई है कि बबली का गला दबाने के बाद लकड़ी के फट्टे से ताबड़तोड़ वार कर अनिल ने उसकी हत्या कर दी। गुल्लू करीब 4:45 बजे शिवपुर थाने पहुंचा तो पुलिस अनिल के घर गई। थानाध्यक्ष शिवपुर ने बताया कि महिला की हत्या कैसे की गई है, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही इसका खुलासा होगा।
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हीरामनी ने बताया कि होली के बाद से अनिल घर से बाहर नहीं निकला था। इसके पहले वह साल भर से भीख मांग रहा था। अनिल की हरकतें बेहद अजीबोगरीब थीं। बबली उसकी तीसरी पत्नी थी और उससे आठ साल पहले शादी की थी। उनकी दो बच्चियां हैं। पहले की दोनों पत्नियां अनिल को छोड़ कर चली गई थीं। हीरामनी ने बताया कि वह दूसरों के घरों में चौका बर्तन का काम करती है। वहां से बचा हुआ खाना लेकर आती थी तो अनिल, बबली और दोनों बच्चे खाते थे। अनिल अक्सर खाना छीन लेता था। अनिल और बबली रोजाना उसे मारते थे, इस वजह से वह कोशिश करती थी कि दोनों सो जाएं, तभी वह घर जाए। पुलिस पहुंची तो पूरे घर में गंदगी मिली और दुर्गंध आ रही थी। आसपास के लोगों से अनिल का कोई सरोकार नहीं था। हीरामनी ने कहा कि बेटा गिरफ्तार हो गया और बहू मर गई। अब दोनों मासूम बच्चों का पालन-पोषण कैसे होगा, समझ में नहीं आ रहा है।
जिले में बीते पांच दिन में यह तीसरी वारदात है जब रिश्ते कलंकित हुए। बबली की हत्या से पहले 12 अप्रैल की रात बड़ी गैबी क्षेत्र में सफाई कर्मी विजय डोम के सीने में चाकू घोंप कर हत्या उसके मौसेरे भाई सुनील डोम ने कर दी थी। 10 अप्रैल को दौलतपुर निवासी चंदन सिंह की गोली मार कर हत्या किए जाने का मामला सामने आया। चंदन की हत्या का आरोप उसके साले मृत्युंजय सिंह, साली शिल्पी सहित दो अन्य लोगों पर हैं।