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भरतनाट्यम, कथक से कलाकारों ने जीता दिल
Updated Sun, 29 Jul 2018 02:12 AM IST
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वाराणसी। बीएचयू में शनिवार से दो दिवसीय नेशनल क्लॉसिकल डांस फेस्टिवल का रंगारंग कार्यक्रमों के साथ शुभारंभ हुआ। आयोजन को लेकर मंच कला परिसर में हैदराबाद, तिरुपति, सूर्यपट, ककिनाडा आदि जगहों से आए कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से दक्षिण भारत की झलक प्रदर्शित की। भरतनाट्यम, कथक, कच्चीपुड़ी आदि की प्रस्तुति से जहां कलाकारों ने दर्शकों का दिल जीत लिया, वहीं हर प्रस्तुति पर तालियों के साथ लोगों ने उत्साह बढ़ाया। रविवार को भी यहां नृत्यों की प्रस्तुति होगी।
मंच कला संकाय के पंडित ओंकारनाथ ठाकुर प्रेक्षागृह में चलने वाले उत्सव में दो दिन में करीब 200 से अधिक कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे। काशी तेलगु समिति के तत्वावधान में होने वाले आयोजन के बारे में कार्यक्रम संयोजक नवीन कुमार ने बताया कि इसका उद्देश्य शास्त्रीय नृत्यों को बढ़ावा देना है। पहले दिन ककिनाडा से आए पिल्ली दुर्गाराव गारू ने कथक नृत्य प्रस्तुत किया तो विशाखापटनम से आई कुसुम कनाका ने शिवतांडव नृत्य की प्रस्तुति कर माहौल को भक्तिमय बना दिया। उत्सव में प्रो. राजेश शाह, डॉ. देवेंद्र पिल्लई गारू, एम विजय दुर्गा येल्ला सहित अन्य कलाकारों की प्रस्तुतियां देखने को मिलेंगी।
चार साल की संजना बनी आकर्षण का केंद्र
उत्सव में वैसे तो कई कलाकार अपनी प्रस्तुतियां दे रहे हैं लेकिन इन सबके बीच विशाखापटनम की चार साल की संजना आकर्षण का केंद्र रही। सुक प्राणनाथम, मुसिका वाहन बोल पर नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति की।
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मंच कला संकाय के पंडित ओंकारनाथ ठाकुर प्रेक्षागृह में चलने वाले उत्सव में दो दिन में करीब 200 से अधिक कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे। काशी तेलगु समिति के तत्वावधान में होने वाले आयोजन के बारे में कार्यक्रम संयोजक नवीन कुमार ने बताया कि इसका उद्देश्य शास्त्रीय नृत्यों को बढ़ावा देना है। पहले दिन ककिनाडा से आए पिल्ली दुर्गाराव गारू ने कथक नृत्य प्रस्तुत किया तो विशाखापटनम से आई कुसुम कनाका ने शिवतांडव नृत्य की प्रस्तुति कर माहौल को भक्तिमय बना दिया। उत्सव में प्रो. राजेश शाह, डॉ. देवेंद्र पिल्लई गारू, एम विजय दुर्गा येल्ला सहित अन्य कलाकारों की प्रस्तुतियां देखने को मिलेंगी।
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चार साल की संजना बनी आकर्षण का केंद्र
उत्सव में वैसे तो कई कलाकार अपनी प्रस्तुतियां दे रहे हैं लेकिन इन सबके बीच विशाखापटनम की चार साल की संजना आकर्षण का केंद्र रही। सुक प्राणनाथम, मुसिका वाहन बोल पर नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति की।
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