NET: 3488 अभ्यर्थियों ने छोड़ी राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा, 6 पॉइंट पर चेकिंग; 5 साल बाद ऑफलाइन हुई परीक्षा
Varanasi News: प्रश्नपत्र हल करने के लिए इस बार एनटीए ने परीक्षार्थियों की पेन को स्वीकृति नहीं दी। उनकी पेन जमा करवा ली गई और परीक्षा देने के लिए एनटीए ने परीक्षार्थियों को पेन वितरित की। उसी पेन से छात्र-छात्राओं ने ओमएमआर शीट भरी।
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नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की ओर से आयोजित यूजीसी की राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (नेट) दोनों पालियों में 3488 अभ्यर्थियों ने छोड़ दी। सुबह की पाली में 1786 और शाम की पाली में 1702 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। अभ्यर्थियों की 6 पॉइंट पर चेकिंग की गई। इस दौरान जेब में पड़े सिक्के निकलवा दिए गए।
घड़ी और अंगूठी तक उतरवा दिए। पेन के साथ किसी अभ्यर्थी को प्रवेश नहीं दिया गया। कहा गया कि परीक्षा कक्ष में ही पेन मिल जाएगी। कलावा तक तोड़वा दिया गया। सेंटर पर सिर्फ मोबाइल फोन जमा करने की सुविधा दी गई। यूजीसी नेट का आयोजन पांच साल बाद यानी 2018 के बाद ऑफलाइन कराया गया।
भीषण गर्मी को देखते हुए परीक्षा केंद्रों पर टेंट आदि की व्यवस्था कराने का निर्देश दिया गया था, लेकिन कई केंद्रों पर टेंट नहीं दिखे। अभिभावक धूप और गर्मी से बचने के लिए जहां-तहां छांव देखकर बैठे नजर आए। हालांकि परीक्षा केंद्रों पर पानी के इंतजाम किए गए थे।
विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसरों की नियुक्ति, जूनियर रिसर्च फेलोशिप और पीएचडी में प्रवेश के लिए यूजीसी की राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा मंगलवार को जिले के 18 केंद्रों पर कराई गई। सीबीएसई के विद्यालयों को प्रमुख रूप से परीक्षा केंद्र बनाया गया था।
बदली व्यवस्था में ऑफलाइन परीक्षा से संतुष्ट दिखे परीक्षार्थी
सुबह 9:30 से 12:30 बजे तक हुई पहली पाली में 11911 और दोपहर 3:00 से 6:00 बजे तक दूसरी पाली की परीक्षा के लिए 11349 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। मगर, पहली पाली में 10125 और दूसरी पाली में 9647 अभ्यर्थियों ने ही परीक्षा दी। हर परीक्षा केंद्र पर औसतन 12 से 15 फीसदी परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। लोकल थानों की पुलिस ने परीक्षा केंद्रों पर तैनात रहकर परीक्षा करवाई।
सुबह की पाली में कुछ परीक्षार्थियों के केंद्र पर निर्धारित समय से थोड़ा विलंब से पहुंचने के कारण परीक्षा छूटने की नौबत आ गई। मगर, उनके अनुरोध के बाद एनटीए ने स्वीकृति दे दी। प्रश्नपत्र हल करने के लिए इस बार एनटीए ने परीक्षार्थियों की पेन को स्वीकृति नहीं दी।
उनकी पेन जमा करवा ली गई और परीक्षा देने के लिए एनटीए ने परीक्षार्थियों को पेन वितरित की। परीक्षा देकर निकले कई परीक्षार्थियों ने प्रश्नपत्र को पिछले वर्ष के मुकाबले कठिन तो बताया, लेकिन साथ ही परीक्षा कराने के ऑफलाइन तरीके से संतुष्ट नजर आए।
परीक्षा के बाद लगा जाम
परीक्षा छूटने के बाद शाम को छह बजे शहर की सड़कों पर जाम लग गया। जिले में प्रधानमंत्री का कार्यक्रम होने के कारण कई इलाकों में यातायात का रूट डायवर्ट किया गया था। इससे कुछ परीक्षार्थियों को सवारी के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। बाहर के जिलों से आए परीक्षार्थियों को रेलवे और बस स्टेशन तक पहुंचने में मुश्किलों का सामना करना पड़ा।
अभ्यर्थी बोले
ओएमआर शीट पर परीक्षा कराना ठीक लगा। मुख्य प्रश्नपत्र सरल था। सामान्य जानकारी आधारित प्रथम खंड कुछ कठिन लगा। - स्वास्तिका पांडेय
सेंटर पर सुविधाएं ठीक थीं। इस बार दूसरा अटेंप्ट था, पिछली बार से प्रश्न पत्र कठिन लगा। - छगनलाल।