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5.60 लाख नौनिहाल पिएंगे पोलियो की दवा
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वाराणसी। पल्स पोलियो उन्मूलन के उद्देश्य से जिले में सघन पल्स पोलियो अभियान की शुरूआत 10 मार्च से किया जा रहा है। 18 मार्च तक चलने वाले अभियान के तहत जिले में पांच साल तक के 5.60 लाख बच्चाें को पोलियो की दवा पिलाई जाएगी। इसमें छूटे बच्चों को 18 मार्च को एक और मौका दिया जाएगा।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की ओर से चलाए जा रहे पल्स पोलियो उन्मूलन के कार्यक्रम के तहत जिले में रविवार से शुरू हो रहे अभियान को लेकर अलग-अलग टीमों का गठन किया जा चुका है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. बीएस राय ने बताया कि 10 मार्च को अभियान के पहले दिन बूथ स्तर और 11 से 15 मार्च तक घर-घर जाकर बच्चों को दवा पिलाई जाएगी। जिले में 1900 बूथ बनाए गए हैं और घर-घर भ्रमण के लिए 1265 टीम गठित की गई है। बताया कि 340 बूथ पर्यवेक्षक, 45 मोबाइल टीम मानीटरिंग करेगी। वर्ष 2011 में पोलियो का अंतिम मरीज पश्चिम बंगाल और गुजरात में मिला था। इस पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से सरकार द्वारा पल्स पोलियो कार्यक्रम की शुरूआत की गई थी, जो हर साल 10 मार्च को मनाया जा रहा है। 27 मार्च 2014 को विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भारत को पोलियो मुक्त देश घोषित कर दिया था।
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राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की ओर से चलाए जा रहे पल्स पोलियो उन्मूलन के कार्यक्रम के तहत जिले में रविवार से शुरू हो रहे अभियान को लेकर अलग-अलग टीमों का गठन किया जा चुका है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. बीएस राय ने बताया कि 10 मार्च को अभियान के पहले दिन बूथ स्तर और 11 से 15 मार्च तक घर-घर जाकर बच्चों को दवा पिलाई जाएगी। जिले में 1900 बूथ बनाए गए हैं और घर-घर भ्रमण के लिए 1265 टीम गठित की गई है। बताया कि 340 बूथ पर्यवेक्षक, 45 मोबाइल टीम मानीटरिंग करेगी। वर्ष 2011 में पोलियो का अंतिम मरीज पश्चिम बंगाल और गुजरात में मिला था। इस पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से सरकार द्वारा पल्स पोलियो कार्यक्रम की शुरूआत की गई थी, जो हर साल 10 मार्च को मनाया जा रहा है। 27 मार्च 2014 को विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भारत को पोलियो मुक्त देश घोषित कर दिया था।
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