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‘समाज को शास्त्र सम्मत करना जरूरी’
Updated Sat, 24 Nov 2018 01:59 AM IST
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वाराणसी। छत्तीसगढ़ के पाटेश्वरधाम पीठाधिश्वर राम बालकदास जी महात्यागी महाराज ने कहा कि भारत में हिन्दू राष्ट्र होना चाहिए। हमारा छत्तीसगढ़ का मूल नाम महाकौशल प्रांत था। वह मां कौशल्या की भूमि थी। हिंदू राष्ट्र में छत्तीसगढ़ को फिर से महाकौशल बनाया जाएगा। वर्त्तमान समय में समाज को शास्त्र सम्मत और समाजवीरों को शस्त्र सम्मत करने की आवश्यकता है। आशापुर स्थित मधुवन लॉन में हिंदू जनजागृति समिति की ओर चल रहे उत्तर एवं पूर्वोत्तर भारत हिंदू अधिवेशन के दूसरे दिन के कार्यक्रम में विविध राज्यों से आए संत, महंत, अधिवक्ता आदि शामिल रहे।
इस अवसर पर रामबालक महाराज ने सनातन संस्था द्वारा निर्मित एंड्रॉइड पंचांग का लोकार्पण किया। कुशीनगर जिले से आए भक्ति आंदोलन मंच के महंत रामनयन दास जी महाराज ने कहा कि अनादिकाल से पृथ्वी पर आपत्ति आने पर संतों के द्वारा उसका निराकरण होता रहा है। आज की जो परिस्थिति है उसमें संतों को एकजुट होकर क्रियाशील होने की आवश्यकता है। सुभाष चक्रवर्ती, वासुदेव शर्मा, अनिर्बान नियोगी, निलेश सिंगबाल ने अपने विचार रखे।
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इस अवसर पर रामबालक महाराज ने सनातन संस्था द्वारा निर्मित एंड्रॉइड पंचांग का लोकार्पण किया। कुशीनगर जिले से आए भक्ति आंदोलन मंच के महंत रामनयन दास जी महाराज ने कहा कि अनादिकाल से पृथ्वी पर आपत्ति आने पर संतों के द्वारा उसका निराकरण होता रहा है। आज की जो परिस्थिति है उसमें संतों को एकजुट होकर क्रियाशील होने की आवश्यकता है। सुभाष चक्रवर्ती, वासुदेव शर्मा, अनिर्बान नियोगी, निलेश सिंगबाल ने अपने विचार रखे।
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