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विरोध को धार देने में जुटे कपड़ा कारोबारी
Updated Thu, 13 Jul 2017 02:19 AM IST
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वाराणसी। कपड़ा कारोबार पर पांच प्रतिशत जीएसटी के विरोध में कारोबारियों ने लगातार तीसरे दिन बुधवार को भी बंदी जारी रखी। कपड़ा व्यापारी आंदोलन को और धारदार बनाने में जुट गए हैं। जरी और कलाबत्तू कारोबार भी बंद रहा। बुनकर बिरादराना तंजीम की ओर से घोषित मुर्री बंद दूसरे दिन जारी रहा। पावरलूम और हथकरघे शांत रहे। गुरुवार को दिन में 11 बजे से रानीकुआं में क्रमिक अनशन पर व्यापारी बैठेंगे।
बनारस साड़ी डीलर्स एसोसिएशन और बनारसी व वस्त्र उद्योग एसोसिएशन के सदस्यों व बुनकरों ने मदनपुरा में धरना दिया। मस्जिदों में दूसरे दिन भी दुआख्वानी व कुरान ख्वानी हुआ। तीन दिन की बंदी से कपड़ा व्यवसाय पर 250 करोड़ रुपये से ज्यादा का व्यापार प्रभावित होने की संभावना है। बड़ी बाजार, यूसमानपुरा, हनुमान फाटक छित्तनपुरा, सलारपुरा, मदनपुरा, लोहता में साड़ी की दुकानों के शटर नहीं उठे। चौक क्षेत्र में लक्खी चौतरा, रानी कुंआ, नंदन साहू लेन, सत्ती चौतरा, कुंज गली, ठठेरी बाजार आदि इलाकों में सन्नाटा पसरा रहा।
बनारसी वस्त्र उद्योग एसोसिएशन की बैठक में महामंत्री राजन बहल ने कहा कि सरकार ने जल्द कोई हल नहीं निकाला तो धंधा बंद हो सकता है। देश में कृषि के बाद सबसे बड़ी इंडस्ट्री टेक्सटाइल है। इसके होल सेलर 1.5 करोड़ हैं। इसके पीछे 14 करोड़ लोगों की चेन है। ये सभी 14 तरह के कुटीर उद्योग से जुड़े हैं। बैठक में हरिमोहन शाह, देवेंद्र मोहन पाठक, विजय कपूर, हाजी रहीम, अतीक अंसारी, हाजी जियाउद्दीन, गौतम टंडन, बॉबी ब्रिज, संजय, रविशंकर तिवारी आदि मौजूद रहे।
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प्रशासनिक अधिकारियों से मिले बुनकर
बुनकर बिरादराना तंजीमों के नुमाइंदों ने बुधवार को कमिश्नर, डीएम और एसएसपी से मुलाकात की। अतीक अंसारी ने जीएसटी से हो रही परेशानी से अवगत कराया। अधिकारियों ने उनकी बातों को सरकार तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। इस मौके पर अतीक अंसारी, अनवारुल हक, हाजी ओकास अंसारी, हाजी सलमान शाहिद, मुमताज अहमद, हाजी बाबूलाल, वहीदुद्दीन आदि शामिल रहे। उधर, बजरडीहा में मुर्री बंद का जबरदस्त असर रहा। सरैया और लल्लापुरा में नुक्कड़ सभा कर जीएसटी पर नाराजगी जाहिर की।
हर 10 तारीख को करना होगा आउटवर्ड सप्लाई अपलोड
वाराणसी। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की वाराणसी शाखा तथा ईस्टर्न यूपी एक्सपोर्ट एसोसिएशन के संयुक्त संयोजन में एमएसएमई सभागार में टैली फॉर जीएसटी विषयक कार्यशाला हुई। टैली सॉफ्टवेयर के रीजनल प्रमुख अवनीश श्रीवास्तव ने बताया कि उद्यमी को ऑउटवर्ड सप्लाई पहली बार 10 सितंबर तक उसके बाद हर माह 10 तारीख तक जीएसटी पोर्टल पर अपलोड करना होगा। साथ ही बताया कि एचएसएन कोड यदि बिल पर नहीं होगा तो वह अधूरा माना जाएगा। बताया कि पार्टी से एडवांस पेमेंट को डिक्लेअर करना होगा। जीएसटी में उसे सेल माना जाएगा। उसका भी एक बिल जनरेट होगा। मुख्य अतिथि आईआईए के डिविजनल चैयरमेन आरके चौधरी रहे। कार्यक्रम का संयोजन आईआईए वाराणसी के चैयरमेन राजेश भाटिया ने किया। इस मौके पर प्रकाश ईस्टर्न यूपी एक्सपोर्ट एसोसिएशन (यूपीया) के पूर्व अध्यक्ष राजीव अग्रवाल, वीके वर्मा, राजेश कुमार वर्मा, मुकुल साह, प्रेम मिश्रा, शशिरंजन, रतन सिंह, अनुपम देवा, मनीष कटारिया, संजीव जयपुरिया आदि उद्यमी रहे।
अधिकारियों ने जताया रोष
वाराणसी। जीएसटी लागू होने के बाद भी कैडर रिव्यू न होने से अधिकारी आक्रोशित हैं। बुधवार को भी चेतगंज स्थित वाणिज्य कर कार्यालय पर प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। उत्तर प्रदेश वाणिज्य कर सेवा संघ के महासचिव बृजेश कुमार दीपांकर ने बताया कि एक राष्ट्र, एक कर, एक पदनाम, एक वेतन की मांग की जा रही है लेकिन सरकार तवज्जो नहीं दे रही।
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बनारस साड़ी डीलर्स एसोसिएशन और बनारसी व वस्त्र उद्योग एसोसिएशन के सदस्यों व बुनकरों ने मदनपुरा में धरना दिया। मस्जिदों में दूसरे दिन भी दुआख्वानी व कुरान ख्वानी हुआ। तीन दिन की बंदी से कपड़ा व्यवसाय पर 250 करोड़ रुपये से ज्यादा का व्यापार प्रभावित होने की संभावना है। बड़ी बाजार, यूसमानपुरा, हनुमान फाटक छित्तनपुरा, सलारपुरा, मदनपुरा, लोहता में साड़ी की दुकानों के शटर नहीं उठे। चौक क्षेत्र में लक्खी चौतरा, रानी कुंआ, नंदन साहू लेन, सत्ती चौतरा, कुंज गली, ठठेरी बाजार आदि इलाकों में सन्नाटा पसरा रहा।
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बनारसी वस्त्र उद्योग एसोसिएशन की बैठक में महामंत्री राजन बहल ने कहा कि सरकार ने जल्द कोई हल नहीं निकाला तो धंधा बंद हो सकता है। देश में कृषि के बाद सबसे बड़ी इंडस्ट्री टेक्सटाइल है। इसके होल सेलर 1.5 करोड़ हैं। इसके पीछे 14 करोड़ लोगों की चेन है। ये सभी 14 तरह के कुटीर उद्योग से जुड़े हैं। बैठक में हरिमोहन शाह, देवेंद्र मोहन पाठक, विजय कपूर, हाजी रहीम, अतीक अंसारी, हाजी जियाउद्दीन, गौतम टंडन, बॉबी ब्रिज, संजय, रविशंकर तिवारी आदि मौजूद रहे।
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प्रशासनिक अधिकारियों से मिले बुनकर
बुनकर बिरादराना तंजीमों के नुमाइंदों ने बुधवार को कमिश्नर, डीएम और एसएसपी से मुलाकात की। अतीक अंसारी ने जीएसटी से हो रही परेशानी से अवगत कराया। अधिकारियों ने उनकी बातों को सरकार तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। इस मौके पर अतीक अंसारी, अनवारुल हक, हाजी ओकास अंसारी, हाजी सलमान शाहिद, मुमताज अहमद, हाजी बाबूलाल, वहीदुद्दीन आदि शामिल रहे। उधर, बजरडीहा में मुर्री बंद का जबरदस्त असर रहा। सरैया और लल्लापुरा में नुक्कड़ सभा कर जीएसटी पर नाराजगी जाहिर की।
हर 10 तारीख को करना होगा आउटवर्ड सप्लाई अपलोड
वाराणसी। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की वाराणसी शाखा तथा ईस्टर्न यूपी एक्सपोर्ट एसोसिएशन के संयुक्त संयोजन में एमएसएमई सभागार में टैली फॉर जीएसटी विषयक कार्यशाला हुई। टैली सॉफ्टवेयर के रीजनल प्रमुख अवनीश श्रीवास्तव ने बताया कि उद्यमी को ऑउटवर्ड सप्लाई पहली बार 10 सितंबर तक उसके बाद हर माह 10 तारीख तक जीएसटी पोर्टल पर अपलोड करना होगा। साथ ही बताया कि एचएसएन कोड यदि बिल पर नहीं होगा तो वह अधूरा माना जाएगा। बताया कि पार्टी से एडवांस पेमेंट को डिक्लेअर करना होगा। जीएसटी में उसे सेल माना जाएगा। उसका भी एक बिल जनरेट होगा। मुख्य अतिथि आईआईए के डिविजनल चैयरमेन आरके चौधरी रहे। कार्यक्रम का संयोजन आईआईए वाराणसी के चैयरमेन राजेश भाटिया ने किया। इस मौके पर प्रकाश ईस्टर्न यूपी एक्सपोर्ट एसोसिएशन (यूपीया) के पूर्व अध्यक्ष राजीव अग्रवाल, वीके वर्मा, राजेश कुमार वर्मा, मुकुल साह, प्रेम मिश्रा, शशिरंजन, रतन सिंह, अनुपम देवा, मनीष कटारिया, संजीव जयपुरिया आदि उद्यमी रहे।
अधिकारियों ने जताया रोष
वाराणसी। जीएसटी लागू होने के बाद भी कैडर रिव्यू न होने से अधिकारी आक्रोशित हैं। बुधवार को भी चेतगंज स्थित वाणिज्य कर कार्यालय पर प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। उत्तर प्रदेश वाणिज्य कर सेवा संघ के महासचिव बृजेश कुमार दीपांकर ने बताया कि एक राष्ट्र, एक कर, एक पदनाम, एक वेतन की मांग की जा रही है लेकिन सरकार तवज्जो नहीं दे रही।