{"_id":"5a7622834f1c1ba3268b828a","slug":"171517691523-varanasi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"हद दर्जे की लापरवाही, महज एक फीट नीचे बिछा दी पाइप लाइन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हद दर्जे की लापरवाही, महज एक फीट नीचे बिछा दी पाइप लाइन
Updated Sun, 04 Feb 2018 02:36 AM IST
विज्ञापन
वाराणसी। जेएनएनयूआरएम की पेयजल परियोजना के लापरवाही की भेंट चढ़ने के बावजूद कार्यदायी संस्थाओं की मनमानी का सिलसिला थम नहीं रहा है। मंडलायुक्त कार्यालय में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक के बाद नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना निरीक्षण के लिए जब वरुणापार स्थित अशोक नगर और अशोक विहार कॉलोनी पहुंचे तो वहां का हाल देख हैरान रह गए। सड़क किनारे बिछाई गई पाइप लाइन के ऊपर डाली गई गिट्टी हटवाकर देखी तो हद दर्जे की लापरवाही सामने आई।
जमीन से महज एक फीट के नीचे पाइप लाइन बिछी पाई गई। जबकि, न्यूनतम पांच से आठ फीट गहराई होनी चाहिए। यह ब्रांच पाइप लाइन ‘अमृत’ योजना के तहत अभी पिछले साल ही बिछाई गई है। अमृत के तहत वरुणा पार इलाके में मेन पाइप लाइन से घरों तक कनेक्शन के लिए पेयजल और सीवेज की ब्रांच पाइप लाइन बिछाने का काम कराया जा रहा है। अशोक नगर और अशोक विहार कॉलोनी में मानक के विपरीत पाइप लाइन बिछी देख नगर विकास मंत्री ने जल निगम के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई। कार्यप्रणाली बदलने की दो टूक चेतावनी दी। गौरतलब है कि अमृत योजना के तहत ब्रांच पाइप लाइन बिछने के बाद वरुणापार इलाके में 50028 पेयजल कनेक्शन दिए जाने हैं। अब तक महज 4030 कनेक्शन दिए जा पाए हैं। इसके अलावा, 50260 सीवेज कनेक्शन करना है। इसमें भी अब तक 17800 कनेक्शन जोड़े जा सके हैं।
विज्ञापन
जमीन से महज एक फीट के नीचे पाइप लाइन बिछी पाई गई। जबकि, न्यूनतम पांच से आठ फीट गहराई होनी चाहिए। यह ब्रांच पाइप लाइन ‘अमृत’ योजना के तहत अभी पिछले साल ही बिछाई गई है। अमृत के तहत वरुणा पार इलाके में मेन पाइप लाइन से घरों तक कनेक्शन के लिए पेयजल और सीवेज की ब्रांच पाइप लाइन बिछाने का काम कराया जा रहा है। अशोक नगर और अशोक विहार कॉलोनी में मानक के विपरीत पाइप लाइन बिछी देख नगर विकास मंत्री ने जल निगम के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई। कार्यप्रणाली बदलने की दो टूक चेतावनी दी। गौरतलब है कि अमृत योजना के तहत ब्रांच पाइप लाइन बिछने के बाद वरुणापार इलाके में 50028 पेयजल कनेक्शन दिए जाने हैं। अब तक महज 4030 कनेक्शन दिए जा पाए हैं। इसके अलावा, 50260 सीवेज कनेक्शन करना है। इसमें भी अब तक 17800 कनेक्शन जोड़े जा सके हैं।
विज्ञापन