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कोटेदारों ने उत्पीड़न पर जताया रोष

Fri, 07 Sep 2018 01:52 AM IST
Updated Fri, 07 Sep 2018 01:52 AM IST
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कोटेदारों ने उत्पीड़न पर जताया रोष
भदोही। आल इंडिया फेयर प्राइस शाप डीलर फेडरेशन की बैठक बुधवार तहसील स्थित मंदिर पर हुई। बैठक में सदस्यों ने प्रशासन पर उत्पीड़न का आरोप लगाया। लोगों ने कहा कि प्रशासन एक ही शिकायत पर कई कई बार जांच कराती है। क्लीन चिट मिलने के बाद भी शिकायतकर्ता से पिंड नहीं छूटता। ब्लाक अध्यक्ष प्रवीन कुमार त्रिपाठी ने कहा कि शिकायत गलत होने पर शिकायतकर्ता के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। वक्ताओं ने कहा कि कोटेदारो के खिलाफ शिकायत आम हो गया है। कुछ लोग गांवों में कोटेदारों पर दबाव बनाने के लिए शिकायत करते हैं। अपवाद छोड़कर कोटेदार पाक साफ ही निकले हैं लेकिन दोबारा शिकायत होने पर प्रशासन फिर से जांच कराता है। इससे कोटेदारों का उत्पीड़न होता है। बैठक में तय किया गया कि इन्हीं समस्याओं को लेकर कोटेदार 21 सितंबर से खाद्यान्न नहीं उठाएंगे। उसके पूर्व 19 सितंबर को सरकार से न्याय के लिए लोकतांत्रिक ढंग से नई दिल्ली में सांसद भवन का घेराव किया जाएगा। लोगों से कार्यक्रम में भागीदारी की अपील की गई। मांग की गई कि फर्जी शिकायतों पर कोटेदारों पर हुए मुकदमे वापस लिए जाएं। दूसरे राज्यों की भांति यूपी में भी 250 रु प्रति कुंतल लाभांश दिया जाएगा। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के प्रावधानों को लागू करने की मांग के अलावा कोटेदारों के परिवारों के भरण पोषण के लिए 30 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाए। बैठक में रमेश कुमार, मनीष राय, गोरख जायसवाल, अनिल दूबे, जिलाध्यक्ष गिरजा शंकर तिवारी, रमेश चंद्र, सुरेश चंद्र बिंद, विनोद कुमार, आंनद सिंह, हंसराज मौर्य आदि रहे।
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