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...तो पूर्व मंत्री गायत्री को बचाने में लगी है पुलिस
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वाराणसी। लखनऊ जेल में निरुद्ध पूर्व मंत्री गायत्री प्रसाद प्रजापति के खिलाफ रंगदारी मांगने के आरोप में 30 जून 2018 को दशाश्वमेध थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया था, लेकिन साल बाद भी पुलिस की कार्रवाई कागजों तक ही सीमित है। यह आरोप लगाते हुए जंगमबाड़ी निवासी फर्नीचर व्यवसायी अरविंद तिवारी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेज कर न्याय की गुहार लगाई है।
फर्नीचर व्यवसायी के अनुसार, पुलिस की कार्रवाई की गति से ऐसा प्रतीत हो रहा है जैसे गायत्री को बचाने की कोशिश की जा रही है। अरविंद ने कहा है कि गायत्री प्रजापति ने जेल से उन्हें कॉल कर सोनभद्र के बालू खनन के टेंडर का कमीशन मांगा था। कमीशन न देने पर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी गई थी, जबकि उनकी खदान चालू ही नहीं हुई थी। मामले में दशाश्वमेध थाने में रंगदारी मांगने का मुकदमा दर्ज कर दो लोगों को लखनऊ से गिरफ्तार किया गया था।
इस बीच एक विवेचक ने गायत्री को क्लीन चिट देने का प्रयास किया। एसएसपी की जानकारी में यह मामला आया तो उन्होंने जांच क्राइम ब्रांच को सौंप दी थी। तब से आज तक गायत्री को वारंट बी के जरिये बनारस की अदालत में पेश नहीं किया जा सका है। दर्ज मुकदमे को लेकर क्या कार्रवाई की गई, इस संबंध में पुलिस से कोई जानकारी नहीं मिल पा रही है। फर्नीचर व्यापारी ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया है कि गायत्री के खिलाफ दशाश्वमेध थाने में दर्ज मुकदमे पर ध्यान देकर प्रभावी कार्रवाई कराकर उन्हें न्याय दिलाएं।
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फर्नीचर व्यवसायी के अनुसार, पुलिस की कार्रवाई की गति से ऐसा प्रतीत हो रहा है जैसे गायत्री को बचाने की कोशिश की जा रही है। अरविंद ने कहा है कि गायत्री प्रजापति ने जेल से उन्हें कॉल कर सोनभद्र के बालू खनन के टेंडर का कमीशन मांगा था। कमीशन न देने पर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी गई थी, जबकि उनकी खदान चालू ही नहीं हुई थी। मामले में दशाश्वमेध थाने में रंगदारी मांगने का मुकदमा दर्ज कर दो लोगों को लखनऊ से गिरफ्तार किया गया था।
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इस बीच एक विवेचक ने गायत्री को क्लीन चिट देने का प्रयास किया। एसएसपी की जानकारी में यह मामला आया तो उन्होंने जांच क्राइम ब्रांच को सौंप दी थी। तब से आज तक गायत्री को वारंट बी के जरिये बनारस की अदालत में पेश नहीं किया जा सका है। दर्ज मुकदमे को लेकर क्या कार्रवाई की गई, इस संबंध में पुलिस से कोई जानकारी नहीं मिल पा रही है। फर्नीचर व्यापारी ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया है कि गायत्री के खिलाफ दशाश्वमेध थाने में दर्ज मुकदमे पर ध्यान देकर प्रभावी कार्रवाई कराकर उन्हें न्याय दिलाएं।
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