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चार बंदी दूसरी जेलों में शिफ्ट, बैरकों में सर्च ऑपरेशन
Updated Mon, 05 Feb 2018 02:20 AM IST
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वाराणसी। जिला कारागार की बैरक नंबर तीन से सात मोबाइल बरामद होने के बाद रविवार को चार बंदियों को शिवपुर स्थित सेंट्रल जेल और गाजीपुर, जौनपुर व मिर्जापुर की जेल में शिफ्ट कर दिया गया। साथ ही, जेल की सभी 17 बैरक में सर्च ऑपरेशन चलाकर तलाशी ली गई। जेल के अंदर की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए लोकल इंटेलिजेंस यूनिट को अतिरिक्त मुस्तैदी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला जेल में शनिवार की दोपहर सड़क की ओर से बैरक नंबर तीन की ओर मोबाइल गिरते देख बंदीरक्षक ने जेलर को सूचना दी थी। जेल के भीतर मोबाइल पहुंचने की बात को लेकर बंदीरक्षक और जेलर एक-दूसरे पर ही आरोप लगाने लगे तो बंदियों ने हंगामा शुरू कर दिया। जेलर ने स्थिति अनियंत्रित देख पगली घंटी बजाई तो किसी तरह से स्थिति को नियंत्रित किया गया। इसके बाद बैरक नंबर तीन में निरुद्ध पांच बंदियों के पास से सात मोबाइल बरामद किया गया। मामले को लेकर कैंट थाने में पांच बंदियों और एक अज्ञात के खिलाफ जेलर ने मुकदमा दर्ज कराया है।
जेलर पीके त्रिवेदी ने बताया कि मामले को तूल पकड़ाने में अहम भूमिका बैरक नंबर तीन के बंदी मथुरा सिंह की थी। उसे सेंट्रल जेल शिफ्ट कर दिया गया है। इसके अलावा बैरक नंबर तीन के बंदी अतुल सिंह को गाजीपुर, आबिद सिद्दीकी को मिर्जापुर और राजीव पांडेय उर्फ वकील को जौनपुर जेल में शिफ्ट कर दिया गया है। जेल की सभी बैरकों की तलाशी कराई गई लेकिन कोई भी आपत्तिजनक सामग्री नहीं मिली। एहतियात बरतते हुए बंदीरक्षकों को सतर्कता बरतने के लिए आगाह किया गया है।
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जिला जेल में शनिवार की दोपहर सड़क की ओर से बैरक नंबर तीन की ओर मोबाइल गिरते देख बंदीरक्षक ने जेलर को सूचना दी थी। जेल के भीतर मोबाइल पहुंचने की बात को लेकर बंदीरक्षक और जेलर एक-दूसरे पर ही आरोप लगाने लगे तो बंदियों ने हंगामा शुरू कर दिया। जेलर ने स्थिति अनियंत्रित देख पगली घंटी बजाई तो किसी तरह से स्थिति को नियंत्रित किया गया। इसके बाद बैरक नंबर तीन में निरुद्ध पांच बंदियों के पास से सात मोबाइल बरामद किया गया। मामले को लेकर कैंट थाने में पांच बंदियों और एक अज्ञात के खिलाफ जेलर ने मुकदमा दर्ज कराया है।
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जेलर पीके त्रिवेदी ने बताया कि मामले को तूल पकड़ाने में अहम भूमिका बैरक नंबर तीन के बंदी मथुरा सिंह की थी। उसे सेंट्रल जेल शिफ्ट कर दिया गया है। इसके अलावा बैरक नंबर तीन के बंदी अतुल सिंह को गाजीपुर, आबिद सिद्दीकी को मिर्जापुर और राजीव पांडेय उर्फ वकील को जौनपुर जेल में शिफ्ट कर दिया गया है। जेल की सभी बैरकों की तलाशी कराई गई लेकिन कोई भी आपत्तिजनक सामग्री नहीं मिली। एहतियात बरतते हुए बंदीरक्षकों को सतर्कता बरतने के लिए आगाह किया गया है।
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