{"_id":"59481f8c4f1c1bda338b46f1","slug":"111497898892-varanasi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"परिवार सहित आत्मदाह की चेतावनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
परिवार सहित आत्मदाह की चेतावनी
Updated Tue, 20 Jun 2017 12:31 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
मिर्जापुर। योगी सरकार के एंटी रोमियो स्क्वायड और महिला सुरक्षा के दावे सब धरे के धरे रह गए। आज एक मां अपनी12 वर्षीय बेटी के साथ छेड़खानी करने वाले दबंगो के खिलाफ मामला दर्ज कराने के लिए थाने से लेकर जिले के आला अधिकारियों के यहाँ चक्कर काट रही है। कहीं सुनवाई न होने से परेसान अब महिला ने परिवार सहित जिगना थाने में आत्मदाह की धमकी दी है। मामला जिगना थाना क्षेत्र के बघेड़ा कला गांव का है।
महिला की 12 वर्षीय बेटी के साथ एक जून को पड़ोस के रहने वाले संतोष, पवन और राकेश ने छेड़खानी की और कपड़े भी फाड़ दिए गए । शोर मचाने पर मौके पर पहुंची उसकी दादी दबंगों से लड़की को बचा कर घर ले आयी। दबंगों की करतूत से परेशान महिला अपनी बेटी को लेकर जिगना थाने में शिकायत करने पहुंची लेकिन थानेदार ने उसकी बात सुनने के बजाय भगा दिया। उसके बाद बेटी के साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची। वहां भी उसकी सुनवाई नहीं हुई। महिला के अनुसार पुलिस अधीक्षक आशीष तिवारी से उसने मदद की गुहार लगाई और इस बाबत कई पत्र भेजे। इसके बावजूद मुकदमा दर्ज नहीं हुआ। थानों और अधिकरियों के यहाँ चक्कर लगाते-लगाते परेशान महिला ने आज पुलिस अधीक्षक को पत्र दे कर पीड़ित बेटी को तीन दिन के अंदर न्याय दिलाने की गुहार एक बार फिर लगाई है। मुकदमा नहीं दर्ज किए जाने पर उसने अपनी बेटी और परिजनों के साथ आत्मदाह करने की चेतावनी दी है। थानाध्यक्ष यूपी सिंह यादव का कहना है कि आपसी विवाद का मामला है। इससे पहले भी दोनों पक्षों में लड़ाई हो चुकी है। दोनों पक्षों ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एसपी आशीष तिवारी का कहना है कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जांच की जा रही है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
महिला की 12 वर्षीय बेटी के साथ एक जून को पड़ोस के रहने वाले संतोष, पवन और राकेश ने छेड़खानी की और कपड़े भी फाड़ दिए गए । शोर मचाने पर मौके पर पहुंची उसकी दादी दबंगों से लड़की को बचा कर घर ले आयी। दबंगों की करतूत से परेशान महिला अपनी बेटी को लेकर जिगना थाने में शिकायत करने पहुंची लेकिन थानेदार ने उसकी बात सुनने के बजाय भगा दिया। उसके बाद बेटी के साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची। वहां भी उसकी सुनवाई नहीं हुई। महिला के अनुसार पुलिस अधीक्षक आशीष तिवारी से उसने मदद की गुहार लगाई और इस बाबत कई पत्र भेजे। इसके बावजूद मुकदमा दर्ज नहीं हुआ। थानों और अधिकरियों के यहाँ चक्कर लगाते-लगाते परेशान महिला ने आज पुलिस अधीक्षक को पत्र दे कर पीड़ित बेटी को तीन दिन के अंदर न्याय दिलाने की गुहार एक बार फिर लगाई है। मुकदमा नहीं दर्ज किए जाने पर उसने अपनी बेटी और परिजनों के साथ आत्मदाह करने की चेतावनी दी है। थानाध्यक्ष यूपी सिंह यादव का कहना है कि आपसी विवाद का मामला है। इससे पहले भी दोनों पक्षों में लड़ाई हो चुकी है। दोनों पक्षों ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एसपी आशीष तिवारी का कहना है कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जांच की जा रही है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन