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कोल्ड फ्रंट आने की संभावना बढ़ी
Updated Fri, 08 Dec 2017 02:14 AM IST
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वाराणसी। पश्चिमी विक्षोभ के चलते आ रही गर्म हवाओं से मौसम बदल गया है। दिन में धूप खिल रही है और ठंड में भी कमी आई है। वार्म फ्रंट के चलते वृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। वहीं यूनतम तापमान में कोई बदलाव नहीं हुआ है। जबकि बुधवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री और न्यूनतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।
बीएचयू के मौसम विज्ञानी प्रो. एसएन पांडेय ने बताया कि वार्म फ्रंट के चलते मौसम गर्म हुआ है। अब कोल्ड फ्रंट आने की संभावना काफी बढ़ गई है। शुक्रवार या शनिवार से मौसम में फिर बदलाव होगा और ठंड के साथ गलन बढ़ सकती है। अधिकतम और न्यूनतम तापमान में भी बढ़ोत्तरी होने से सुबह शाम ठंड और गलन कम हो गई है। पंडित दीनदयाल अस्पताल के फिजिशियन डॉ. पीके सिंह ने बताया कि यह मौसम सेहत के लिए ठीक नहीं है। ऐसे में सावधानी बरतने की जरूरत है। दिन में हल्की धूप और रात में ठंड से गले में खरास, सर्दी, खांसी के मरीज बढ़ रहे हैँ। उन्होंने बताया कि ऐसे मौसम में पेट की बीमारी भी बढ़ रही है। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. वीके श्रीवास्तव का कहना है कि बच्चों पर ऐसे मौसम में विशेष ध्यान देने की जरूरत है। लापरवाही से निमोनिया, दस्त आदि की शिकायतें बढ़ जाती हैं।
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बीएचयू के मौसम विज्ञानी प्रो. एसएन पांडेय ने बताया कि वार्म फ्रंट के चलते मौसम गर्म हुआ है। अब कोल्ड फ्रंट आने की संभावना काफी बढ़ गई है। शुक्रवार या शनिवार से मौसम में फिर बदलाव होगा और ठंड के साथ गलन बढ़ सकती है। अधिकतम और न्यूनतम तापमान में भी बढ़ोत्तरी होने से सुबह शाम ठंड और गलन कम हो गई है। पंडित दीनदयाल अस्पताल के फिजिशियन डॉ. पीके सिंह ने बताया कि यह मौसम सेहत के लिए ठीक नहीं है। ऐसे में सावधानी बरतने की जरूरत है। दिन में हल्की धूप और रात में ठंड से गले में खरास, सर्दी, खांसी के मरीज बढ़ रहे हैँ। उन्होंने बताया कि ऐसे मौसम में पेट की बीमारी भी बढ़ रही है। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. वीके श्रीवास्तव का कहना है कि बच्चों पर ऐसे मौसम में विशेष ध्यान देने की जरूरत है। लापरवाही से निमोनिया, दस्त आदि की शिकायतें बढ़ जाती हैं।
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