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प्रवक्ता पदों की सूचना में गड़बड़ी, विजिलेंस की जांच
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उन्नाव। कालूखेड़ा के सहायता प्राप्त एक इंटर कॉलेज में प्रवक्ता पद पर पदोन्नति न होने और माध्यमिक शिक्षा सचिव को गलत सूचना भेजने पर सहायक शिक्षक ने न्यायालय में याचिका दाखिल कर दी। न्यायालय के आदेश पर सोमवार को पांच सदस्यीय विजलेंस टीम डीआईओएस कार्यालय पहुंची और विद्यालय से संबंधित अभिलेख चेक किए।
मौरावां के कालूखेड़ा स्थित पीएलकेपी इंटर कॉलेज के सहायक शिक्षक चंद्रप्रकाश त्रिवेदी प्रवक्ता के पद पर पदोन्नति चाहते थे। कॉलेज प्रबंधन ने उनकी पदोन्नति न कर दूसरे शिक्षक लालबहादुर श्रीवास्तव को प्रोन्नत कर दिया।
इस पर वह कोर्ट चले गए। पिछले साल माध्यमिक शिक्षा सचिव की ओर से विद्यालय से प्रवक्ताओं की मांगी गई सूचना में प्रबंधतंत्र ने पहले छह, फिर पांच पद लिखकर भेजे। मामला कोर्ट में होने और प्रबंधन की ओर से सही जानकारी न देने पर कोर्ट ने पदों से संबंधित जांच विजलेंस टीम को करने के निर्देश दिए।
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सोमवार को विजलेंस की पांच सदस्यीय टीम डीआईओएस कार्यालय पहुंची और कॉलेज के पद संबंधी अभिलेखों की जांच की। डीआईओएस रविशंकर के कोर्ट में होने से पूरी जांच नहीं हो पाई। प्रभारी डीआईओएस परमात्मा शरण ने बताया कि मामला 1973-74 का है। अभिलेख खंगाले जा रहे हैं। मंगलवार को टीम स्कूल जाकर जांच करेगी।
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मौरावां के कालूखेड़ा स्थित पीएलकेपी इंटर कॉलेज के सहायक शिक्षक चंद्रप्रकाश त्रिवेदी प्रवक्ता के पद पर पदोन्नति चाहते थे। कॉलेज प्रबंधन ने उनकी पदोन्नति न कर दूसरे शिक्षक लालबहादुर श्रीवास्तव को प्रोन्नत कर दिया।
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इस पर वह कोर्ट चले गए। पिछले साल माध्यमिक शिक्षा सचिव की ओर से विद्यालय से प्रवक्ताओं की मांगी गई सूचना में प्रबंधतंत्र ने पहले छह, फिर पांच पद लिखकर भेजे। मामला कोर्ट में होने और प्रबंधन की ओर से सही जानकारी न देने पर कोर्ट ने पदों से संबंधित जांच विजलेंस टीम को करने के निर्देश दिए।
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सोमवार को विजलेंस की पांच सदस्यीय टीम डीआईओएस कार्यालय पहुंची और कॉलेज के पद संबंधी अभिलेखों की जांच की। डीआईओएस रविशंकर के कोर्ट में होने से पूरी जांच नहीं हो पाई। प्रभारी डीआईओएस परमात्मा शरण ने बताया कि मामला 1973-74 का है। अभिलेख खंगाले जा रहे हैं। मंगलवार को टीम स्कूल जाकर जांच करेगी।