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Unnao News: 35 सीट की बस में बैठाईं 131 सवारी, रास्ते में ब्रेक फेल, दो बार टायर फटा
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नवाबगंज। झांसी से गोरखपुर जा रही प्राइवेट स्लीपर बस के चालक ने 35 सीट वाली बस में प्रति सवारी एक हजार रुपये किराया लेकर 131 यात्रियों को बैठा लिया। रास्ते में पहले उरई में ब्रेक फेल हो गया। दो घंटे बाद बनी और शाम चार बजे जैसे ही जाजमऊ पार किया चालक ने 80-90 की रफ्तार में बस दौड़ाई और आगे का बायां टायर फट गया। चालक ने स्टेपनी लगाई और शाम छह बजे नवाबगंज पहुंचते ही फिर वही टायर फट गया। इसके बाद चालक ने बस आगे ले जाने से इन्कार किया तो यात्रियों ने हंगामा शुरू कर दिया। घंटों बाद भी कोई हल नहीं निकला तो भूखे-प्यासे यात्री रोडवेज बसों से निकल गए। पुलिस ने बस को कब्जे में लिया है।
अलग-अलग प्रांतों से यात्री ट्रेन से बृहस्पतिवार सुबह सचखंड एक्सप्रेस ट्रेन से झांसी रेलवे स्टेशन पहुंचे थे। यात्री दिलीप वर्मा ने बताया कि जब पता चला कि ट्रेन आगे नहीं जाएगी तो वह अपने छह साथियों के साथ स्टेशन से निकले और रोडवेज बस स्टेशन के लिए ऑटो किया। लेकिन चालक ने उन्हें व अन्य यात्रियों को झांसा देकर प्राइवेट ट्रैवल कंपनी के अड्डे पर उतार दिया। यात्रियों का आरोप है कि जब उन्होंने रोडवेज बस से जाने की बात कही तो ट्रैवल ट्रैवल कंपनी के कर्मचारियों ने गाली-गलौज की और जबरन बैठाया। प्रति यात्री 1000 रुपये किराया लिया और टिकट के नाम पर एक कागज की पर्ची पर यात्री संख्या और किराया की रकम लिखकर थमा थी। आगे चलकर दूसरी बस में शिफ्ट करने का झांसा देकर ग्वालियर निवासी चालक महावीर सिंह ने एक सीट पर छह से सात लोगों को बैठाया।
यात्रियों ने बताया कि उरई पहुंचने पर बस का ब्रेक फेल हो गया, ठीक कराने में करीब दो घंटे लगे। मरम्मत के बाद बस चली तो कानपुर में जाजमऊ में पुल से उतरते समय ढाल पर बस का आगे का बाएं तरफ का टायर तेज धमाके के साथ फट गया। यात्रियों के मुताबिक उस वक्त बस की रफ्तार करीब 80 थी। अनियंत्रित होने से सवारियां एक-दूसरे के ऊपर गिरीं और चीख-पुकार मच गई। करीब 15 यात्री कानपुर से ही दूसरी बस से चले गए। चालक ने टायर बदला और बस लेकर चला लेकिन करीब पच्चीस किलोमीटर चलन के बाद जैसे ही नवाबगंज कस्बा पहुंचे वही टायर फिर फट गया। चालक के आगे जाने से इन्कार पर यात्रियों ने हंगामा किया। परेशान यात्रियों ने चालक पर दबाव बनाने के लिए पुलिस बुलाई और दूसरी बस से गोरखपुर भेजने को कहा। चालक ने मना किया तो यात्रियों ने झांसी से नवाबगंज तक का किराया काटकर बाकी पैसा वापस करने को कहा, लेकिन चालक टाल-मटोल करता था। यहां पुलिस का रवैया भी ढुलमुल देख रात करीब 9:30 बजे सभी यात्री बिना किराया वापस लिए दूसरी बसों से चले गए।
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अजगैन कोतवाली प्रभारी सुरेश सिंह ने बताया कि बस को कब्जे में लिया गया है। आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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अलग-अलग प्रांतों से यात्री ट्रेन से बृहस्पतिवार सुबह सचखंड एक्सप्रेस ट्रेन से झांसी रेलवे स्टेशन पहुंचे थे। यात्री दिलीप वर्मा ने बताया कि जब पता चला कि ट्रेन आगे नहीं जाएगी तो वह अपने छह साथियों के साथ स्टेशन से निकले और रोडवेज बस स्टेशन के लिए ऑटो किया। लेकिन चालक ने उन्हें व अन्य यात्रियों को झांसा देकर प्राइवेट ट्रैवल कंपनी के अड्डे पर उतार दिया। यात्रियों का आरोप है कि जब उन्होंने रोडवेज बस से जाने की बात कही तो ट्रैवल ट्रैवल कंपनी के कर्मचारियों ने गाली-गलौज की और जबरन बैठाया। प्रति यात्री 1000 रुपये किराया लिया और टिकट के नाम पर एक कागज की पर्ची पर यात्री संख्या और किराया की रकम लिखकर थमा थी। आगे चलकर दूसरी बस में शिफ्ट करने का झांसा देकर ग्वालियर निवासी चालक महावीर सिंह ने एक सीट पर छह से सात लोगों को बैठाया।
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यात्रियों ने बताया कि उरई पहुंचने पर बस का ब्रेक फेल हो गया, ठीक कराने में करीब दो घंटे लगे। मरम्मत के बाद बस चली तो कानपुर में जाजमऊ में पुल से उतरते समय ढाल पर बस का आगे का बाएं तरफ का टायर तेज धमाके के साथ फट गया। यात्रियों के मुताबिक उस वक्त बस की रफ्तार करीब 80 थी। अनियंत्रित होने से सवारियां एक-दूसरे के ऊपर गिरीं और चीख-पुकार मच गई। करीब 15 यात्री कानपुर से ही दूसरी बस से चले गए। चालक ने टायर बदला और बस लेकर चला लेकिन करीब पच्चीस किलोमीटर चलन के बाद जैसे ही नवाबगंज कस्बा पहुंचे वही टायर फिर फट गया। चालक के आगे जाने से इन्कार पर यात्रियों ने हंगामा किया। परेशान यात्रियों ने चालक पर दबाव बनाने के लिए पुलिस बुलाई और दूसरी बस से गोरखपुर भेजने को कहा। चालक ने मना किया तो यात्रियों ने झांसी से नवाबगंज तक का किराया काटकर बाकी पैसा वापस करने को कहा, लेकिन चालक टाल-मटोल करता था। यहां पुलिस का रवैया भी ढुलमुल देख रात करीब 9:30 बजे सभी यात्री बिना किराया वापस लिए दूसरी बसों से चले गए।
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अजगैन कोतवाली प्रभारी सुरेश सिंह ने बताया कि बस को कब्जे में लिया गया है। आगे की कार्रवाई की जाएगी।