{"_id":"7d43d7f3d6123f99b267e6619b1067c0","slug":"ramjan-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"रमजान की आहट से गुलजार हुए बाजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रमजान की आहट से गुलजार हुए बाजार
ब्यूरो/अमर उजाला, उन्नाव
Updated Fri, 19 Jun 2015 12:38 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उन्नाव। रमजान के पाक महीने की आहट मिलते ही शहर के बाजार गुलजार हो गए। गुरुवार को मुस्लिम भाइयों ने खरीदारी में तेजी ला दी है। शहर के प्रमुख बाजारों में खरीदारी के लिए भीड़ जुटने लगी है। सबसे अधिक खानपान की वस्तुओं की खरीदारी हुई। उधर, रमजान के शुरू होने के बाद भी मुस्लिम क्षेत्रों में पालिका द्वारा साफ-सफाई की व्यवस्था दुरुस्त नहीं करवाई गई।
विज्ञापन
गुरुवार को जैसे ही चांद नजर आया लोगों ने एक दूसरे के गले मिलकर माहे रमजान की मुबारकबाद दी। मस्जिदों में रमजान की नमाज की तैयारियां शुरू होने लगी। वहीं रोजेदार खानपान की वस्तुओं जैसे सिवइयां, खजूर, चिप्स और फल आदि की खरीददारी में जुट गए। दोपहर के सन्नाटे के बाद शाम को बाजारों में रौनक दिखाई दी। पुरुषों के अलावा महिलाओं व बच्चों ने भी खाने-पीने की वस्तुओं की खरीदारी की। वहीं माहे रमजान के शुरू होने के बाद भी नगर पालिका की ओर से शहर के मुस्लिम मोहल्लों में साफ-सफाई की शुुरुआत तक नहीं करवाई है।
विज्ञापन
हालात ये हैं कि शहर की मुख्य मस्जिदों की ओर जाने वाले रास्तों पर भी भीषण गंदगी का अंबार लगा है। शहर के तालिब सरांय, दादा मियां, ईदगाह कालोनी, किला, अनवार नगर, एबी नगर, जेरघूस मोहल्ला, बुद्धनशाह मोहल्ला आदि मुस्लिम इलाकों में गंदगी पसरी हुई है। क्षेत्रीय लोग रमजान शुरू होने की बात कहते हुए कई बार सफाई की मांग भी उठा चुके हैं लेकिन इसके बाद भी नगर पालिका द्वारा इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। अभी तक कई मुस्लिम इलाकों में सफाई का काम नहीं शुरू हुआ है।
विज्ञापन
मस्जिदों को जाने वाले मार्ग पर भी गंदगी फैली है। ऐसे में रोजेदारों को गंदगी के बीच से होकर गुजरने को मजबूर होना पड़ सकता है। रमजान माह से एक दिन पहले ही शहर के मुस्लिम मोहल्लों में पीने के पानी की दिक्कत दिखाई पड़ी। क्षेत्र में लगे नलों पर महिलाओं व बच्चों की लाइनें लगी रहीं। वहीं कुछ स्थानों पर तो लोग सिर्फ पानी आने का इंतजार ही करते रहे।