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Unnao News: छह घंटे रुक-रुक कर हुई बारिश... लुढ़का पारा, खेती में कहीं मुस्कान तो कहीं नुकसान

Thu, 30 Nov 2023 11:44 PM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, उन्नाव
संवाद न्यूज एजेंसी, उन्नाव Updated Thu, 30 Nov 2023 11:44 PM IST
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It rained intermittently for six hours... the mercury dropped, there was a smile in farming and there was loss in some places.
फोटो नंबर-6. 7. 8. 9. 10. 11
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जिले में कुल 11.5 एमएम हुई बारिश, सदर और सफीपुर में सबसे ज्यादा
जलभराव से शहरियों को हुई मुसीबत, कई इलाकों में घंटों गुल रही बिजली
संवाद न्यूज एजेंसी
उन्नाव। जिले में बुधवार रात से गुरुवार सुबह तक रुक-रुक कर छह घंटे बारिश हुई। औसत वर्षा 11.5 मिली मीटर रिकार्ड की गई। बारिश से शहरी जनजीवन प्रभावित हुआ। वहीं एक सप्ताह के भीतर बोई गई गेहूं की फसल के लिए नुकसानदेय है। कटी पड़ी धान की फसल भीगने से किसानों को नुकसान हुआ है।
बारिश से शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति भी प्रभावित रही। अधिकतम और न्यूनतम तापमान में एक-एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। बुधवार रात एक से सुबह तीन बजे तक और गुरुवार सुबह 10 से 12 बजे तक तेज बारिश से शहर में कई क्षेत्रों में जलभराव होने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
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शहर के सिविल लाइंस, पूरन नगर, दरोगाबाग, एबी नगर सहित मुख्य मार्ग पर भी कई जगह जलभराव होने से लोगों को जलभराव के बीच से होकर निकलना पड़ा। नगर पालिका स्वास्थ्य निरीक्षक ने दावा किया कि सभी नाली-नालों की सफाई लगभग हो चुकी है। सफाई देते हुए बताया कि बारिश के बाद पानी निकलने में कुछ समय तो लगता ही है।
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एक सप्ताह में बोई की गेहूं की फसल चौपट
बारिश कुछ फसलों के लिए नकुसानदेय तो कुछ के लिए लाभदायक साबित हुई। जिन किसानों ने गेहूं की बुआई 10 दिन पहले कर ली थी और बीज अंकुरित हो गया है उसके लिए यह बारिश लाभदायक साबित होगी। किसानों को पहली सिंचाई नहीं करनी पड़ेगी। वहीं, जिन गेहूं की बुआई एक सप्ताह के अंदर हुई है की धान की फसल अभी भी खेत में है उसे बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है।
जिम्मेदार बोले
जिला कृषि अधिकारी केके मिश्रा ने बताया कि अगर एक दो दिनों में मौसम साफ नहीं होता और धान की कटी हुई फसल सूख नहीं पाती तो दाना खराब हो सकता है। हालांकि सब्जी की फसलों के लिए इतनी बारिश में कोई नुकसान नहीं होगा। अभी फूल न होने से सरसों की फसल को कोई नुकसान नहीं हुआ है।

जगह-जगह फाल्ट से बाधित रही बिजली बिजली आपूर्ति
बारिश के दौरान फाल्टों की भरमार से बिजली आपूर्ति भी प्रभावित रही। आर्दश नगर, शेखपुर, हिरन नगर में बिजली की आवाजाही रात में बारिश शुरू होते ही चालू हो गई। कई जगह पेड़ की टहनियां गिरने और जंफर टूटने से बिजली आपूर्ति ठप हो गई।
रात में बारिश शुरू होते ही कुंदन रोड उपकेंद्र से कब्बाखेड़ा उपकेंद्र को आने वाली 33 केवी बिजली लाइन में फाल्ट होने से बिजली आपूर्ति दो घंटे प्रभावित हुई। सुबह दस बजे कब्बाखेड़ा उपकेंद्र में लगे 10 एमवीए के पॉवर ट्रांसफार्मर के कनेक्टर में पानी जाने से स्पार्किंग होने लगी।
इससे सिविल लाइंस, कचहरी, कल्याणी, पुलिस लाइन पूरन नगर सहित करीब आधे शहर की बिजली दो घंटे गुल रही। वहीं पुलिस लाइन फीडर क्षेत्र में सपा आफीसर्स कॉलोनी और चौराहा के पास तार टूटने से बिजली आपूर्ति छह घंटे प्रभावित रही।
तहसीलों में हुई बारिश
सदर-3 मिली मीटर
सफीपुर-3 मिली मीटर
बीघापुर-2 मिली मीटर
पुरवा-2 मिली मीटर
हसनगंज-1 मिली मीटर
बांगरमऊ-0.5 मिली मीटर
कटी पड़ी धान की फसल को नुकसान

असोहा/हसनगंज। बारिश से खेत में कटी पड़ी धान की फसल भीग गई है। इससे उपज को नुकसान होने का खतरा बढ़ गया है। किसान रमेश, राजू रावत, भीखा, राम पाल, कृष्णपाल गौतम, विनोद , शिव नाथ आदि किसानों ने बताया की बारिश की वजह से धान की फसल में नुकसान हुआ है। खेत से पड़ी धान की फसल न हटने से रवि की फसल बुआई में भी देरी होगी। इससे पैदावार भी कम हो जाएगी।

पुरवा। बेमौसम बारिश से कहीं किसानों के चेहरे पर मुस्कान है तो कहीं नुकसान भी है। किसान डॉ. गोवर्धन लाल पटेल ने बताया कि पानी गिरने से गेहूं की फसल पिछड़ जाएगी। साथ ही पैदावार भी प्रभावित होगा। जिन किसानों ने गेहूं की फसल बोने के लिए पलेवा कर रखी है उन खेत में फसल बोने के लिए पिछड़ जाएगी।
आलू, चना और मटर की फसल को फायदा होगा। वहीं अरहर की फसल में जो कीड़े लग रहे थे, पानी गिरने से साफ हो जाएंगे। बंशीलाल लोधी ने कहा कि धान की फसल कटी पड़ी होने पर नुकसान है। दौलत लौधी ने कहा कि जिन किसानों ने एक दो दिन पहले गेहूं की फसल बोई थी उनके बीज सड़ जाएंगे।


राजकीय कृषि एंव बीज भंडारण प्रभारी शिवकुमार ने बताया कि जो किसान गेहूं के फसल की बुआई नहीं कर सके वह पिछड़ जाएंगे। सरसों, चना, मटर और आलू की फसल को फायदा होगा।
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