{"_id":"6765afca095bbc8afd003d4d","slug":"hearing-of-shubhmani-murder-case-now-on-23-december-unnao-news-c-221-1-sknp1055-124319-2024-12-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Unnao News: शुभममणि हत्याकांड की सुनवाई अब 23 दिसंबर को","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Unnao News: शुभममणि हत्याकांड की सुनवाई अब 23 दिसंबर को
विज्ञापन
उन्नाव। शुक्लागंज के पत्रकार शुभममणि त्रिपाठी की गोली मारकर हुई हत्या के मुकदमे की अगली तारीख गैंगस्टर न्यायालय ने 23 दिसंबर नियत की है। पांच स्वतंत्र गवाह समेत 15 लोगों के पहले ही बयान दर्ज किए जा चुके हैं। वर्तमान समय में न्यायालय में सीआरपीसी की धारा 313 के तहत मुल्जिमों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। हत्याकांड में शामिल सभी आरोपितों पर पुलिस ने बाद में गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई की थी। दो आरोपियों को छोड़ बाकी सभी आरोपी हाईकोर्ट से जमानत पर हैं।
गंगाघाट कोतवाली के मोहल्ला ब्रह्मनगर निवासी पत्रकार शुभममणि त्रिपाठी की 19 जून 2020 को सहजनी मोड़ पर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मृतक के भाई ऋषभमणि ने दिव्या अवस्थी, उसके पति कन्हैया अवस्थी, देवर राघवेंद्र अवस्थी, विकास दीक्षित, मोनू लुटेरा, कपिल कटारिया, कौशल किशोर उर्फ अपराधी बाबा, शहनवाज बिहारी, स्वरूप चंद शर्मा, अतुल दुबे पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज की थी। विवेचना में पुलिस ने पांच आरोपी संतोष बाजपेई, शूटर्स रिजवान काना, टीपू सुल्तान, शानू गांधी व अब्दुल बारी का नाम बढ़ाया था, जबकि आरोपी अतुल दुबे का नाम हटाया था।
विवेचना तत्कालीन एसएचओ सतीश गौतम और बाद में अरविंद सिंह ने की थी। सभी आरोपियों के खिलाफ 20 सितंबर 2020 को न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की गई थी। पुलिस ने सभी पर गैंगस्टर भी लगाया था। दोनों मुकदमों की सुनवाई गैंगस्टर न्यायालय में विचाराधीन है। आरोपियों के बयान दर्ज होने के बाद सफाई साक्ष्य का मौका दिया जाएगा। न्यायालय में पक्ष और विपक्ष के अधिवक्ताओं की बहस होगी। आरोपी कन्हैया अवस्थी की पिछले दिनों मौत हो चुकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
गंगाघाट कोतवाली के मोहल्ला ब्रह्मनगर निवासी पत्रकार शुभममणि त्रिपाठी की 19 जून 2020 को सहजनी मोड़ पर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मृतक के भाई ऋषभमणि ने दिव्या अवस्थी, उसके पति कन्हैया अवस्थी, देवर राघवेंद्र अवस्थी, विकास दीक्षित, मोनू लुटेरा, कपिल कटारिया, कौशल किशोर उर्फ अपराधी बाबा, शहनवाज बिहारी, स्वरूप चंद शर्मा, अतुल दुबे पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज की थी। विवेचना में पुलिस ने पांच आरोपी संतोष बाजपेई, शूटर्स रिजवान काना, टीपू सुल्तान, शानू गांधी व अब्दुल बारी का नाम बढ़ाया था, जबकि आरोपी अतुल दुबे का नाम हटाया था।
विज्ञापन
विवेचना तत्कालीन एसएचओ सतीश गौतम और बाद में अरविंद सिंह ने की थी। सभी आरोपियों के खिलाफ 20 सितंबर 2020 को न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की गई थी। पुलिस ने सभी पर गैंगस्टर भी लगाया था। दोनों मुकदमों की सुनवाई गैंगस्टर न्यायालय में विचाराधीन है। आरोपियों के बयान दर्ज होने के बाद सफाई साक्ष्य का मौका दिया जाएगा। न्यायालय में पक्ष और विपक्ष के अधिवक्ताओं की बहस होगी। आरोपी कन्हैया अवस्थी की पिछले दिनों मौत हो चुकी है।
विज्ञापन