{"_id":"77678","slug":"Unnao-77678-40","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिक्षक, रसोइया और वार्डन बर्खास्त, एबीएसए को बैड इंट्री ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिक्षक, रसोइया और वार्डन बर्खास्त, एबीएसए को बैड इंट्री
Unnao
Updated Sat, 19 May 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उन्नाव। प्रभारी जिलाधिकारी विवेक ने कस्तूरबा विद्यालय मेें पर्यवेक्षण की कमी को स्वीकारते हुए सभी दोषियों के विरूद्ध कार्रवाई की है। आरोपी शिक्षक हरनारायण और रसोइया अनुराधा की सेवा समाप्त कर दी गई है। प्रभारी डीएम ने बताया कि वार्डेन श्रुति कीर्ति कश्यप ने पूछताछ मेें नकारात्मकता दिखाई और उनके किसी भी सवाल का कोई जवाब नहीं दिया। इस कारण वार्डेन के खिलाफ सेवा समाप्ति की कार्रवाई की गई है। बताया कि करीब दो माह पूर्व वार्डेन ने रसोइया अनुराधा के खिलाफ एबीएसए उमाकांत सिंह से लिखित शिकायत की थी लेकिन एबीएसए ने कोई कार्रवाई नहीं की थी। यदि एबीएसए कार्रवाई करते तो शायद यह घटना न होती। इसके अलावा एबीएसए ने विद्यालय का रुटीन निरीक्षण करने मेें भी लापरवाही बरती। इसके लिए उन्हें कड़ी चेतावनी दी गई और उनके चरित्र पंजिका मेें नकारात्मक टिप्पणी दर्ज की गई। उन्होंने देर शाम प्रेस कांफ्रेंस में इसकी जानकारी दी।
वित्तीय अनियमितता के चलते विद्यालय के अकाउंटेंट सौरभ बाजपेयी के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई है। विद्यालय के दस्तावेज कार्यालय में नहीं पाए गए अकाउंटेंट ने बताया कि सभी रजिस्टर घर पर रखे हुए हैं। जांच में सामने आया कि अकाउंटेंट माह में एक दो बार ही विद्यालय आता है। इस पर उसे चार्ज शीट सौंपी गई है।
प्रभारी जिलाधिकारी विवेक ने बताया कि विद्यालय के निरीक्षण में सबसे ज्यादा लापरवाही जिला समन्वयक मोईन अहमद ने बरती। विद्यालय 1 जुलाई 2011 को शुरू हुआ था लेकिन मोईन अहमद ने विद्यालय का निरीक्षण नहीं किया। आठ माह बीतने के बाद उन्होेंने विद्यालय का पहला निरीक्षण 25 अप्रैल 2012 को किया था। निरीक्षण में घोर लापरवाही बरती गई जिसके कारण विद्यालय में हर एक स्तर पर खामियां व्याप्त हुईं। मोइन अहमद को सर्व शिक्षा अभियान राज्य परियोजना कार्यालय लखनऊ से यहंा संबद्ध किया गया था। उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई और उनके मूल विभाग में वापसी के लिए परियोजना निदेशक को पत्र लिखा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
वित्तीय अनियमितता के चलते विद्यालय के अकाउंटेंट सौरभ बाजपेयी के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई है। विद्यालय के दस्तावेज कार्यालय में नहीं पाए गए अकाउंटेंट ने बताया कि सभी रजिस्टर घर पर रखे हुए हैं। जांच में सामने आया कि अकाउंटेंट माह में एक दो बार ही विद्यालय आता है। इस पर उसे चार्ज शीट सौंपी गई है।
विज्ञापन
प्रभारी जिलाधिकारी विवेक ने बताया कि विद्यालय के निरीक्षण में सबसे ज्यादा लापरवाही जिला समन्वयक मोईन अहमद ने बरती। विद्यालय 1 जुलाई 2011 को शुरू हुआ था लेकिन मोईन अहमद ने विद्यालय का निरीक्षण नहीं किया। आठ माह बीतने के बाद उन्होेंने विद्यालय का पहला निरीक्षण 25 अप्रैल 2012 को किया था। निरीक्षण में घोर लापरवाही बरती गई जिसके कारण विद्यालय में हर एक स्तर पर खामियां व्याप्त हुईं। मोइन अहमद को सर्व शिक्षा अभियान राज्य परियोजना कार्यालय लखनऊ से यहंा संबद्ध किया गया था। उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई और उनके मूल विभाग में वापसी के लिए परियोजना निदेशक को पत्र लिखा गया है।
विज्ञापन