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Sultanpur News: चार रंगों में बंटेगा कचरा, स्कूल होगा स्वच्छ-सुथरा
Sat, 26 Sep 2026 01:03 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
Updated Sat, 26 Sep 2026 01:03 AM IST
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सुल्तानपुर। स्कूलों में अब कचरा सिर्फ डस्टबिन में डालना ही नहीं, बल्कि उसे सही डिब्बे तक पहुंचाना भी सिखाया जाएगा। परिषदीय व माध्यमिक विद्यालयों में कचरा प्रबंधन के लिए चार रंग के डस्टबिन रखना अनिवार्य किया गया है।
विद्यार्थियों को गीला, सूखा, सेनेटरी और विशेष देखभाल वाले कचरे की पहचान कर अलग-अलग डिब्बों में डालने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। ये गतिविधियां दो अक्तूबर तक चलने वाले ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान का हिस्सा हैं।
हरे डस्टबिन में भोजन के अवशेष, फल-सब्जियों के छिलके आदि गीला कचरा डाला जाएगा। नीले डस्टबिन में कागज, गत्ता, प्लास्टिक, धातु और कांच जैसे सूखे कचरे का निस्तारण होगा। लाल डस्टबिन सेनेटरी अपशिष्ट के लिए और काले डस्टबिन में बैटरी, बल्ब, ट्यूबलाइट व इस्तेमाल की गई दवाओं जैसे विशेष कचरे को रखा जाएगा।
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बीएसए उपेंद्र गुप्ता ने बताया कि अभियान के तहत विद्यालयों में होने वाली गतिविधियों के फोटो और वीडियो पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं। अभियान का समापन दो अक्तूबर को ‘स्वच्छ भारत दिवस’ के रूप में होगा।
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स्वच्छता के साथ रचनात्मकता का रंग
23 सितंबर को पोस्टर व नारा लेखन, 24 को जागरूकता रैली और नुक्कड़ नाटक कराए गए। 26 सितंबर को विद्यालय में पैदा होने वाले कचरे का आकलन कर अपशिष्ट लेखा परीक्षण होगा। इसी दिन परिसर में श्रमदान भी कराया जाएगा। 28 सितंबर को रंगोली व चित्रकला तथा 29 सितंबर को वाद-विवाद और भाषण प्रतियोगिताएं होंगी।
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विद्यार्थियों को गीला, सूखा, सेनेटरी और विशेष देखभाल वाले कचरे की पहचान कर अलग-अलग डिब्बों में डालने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। ये गतिविधियां दो अक्तूबर तक चलने वाले ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान का हिस्सा हैं।
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हरे डस्टबिन में भोजन के अवशेष, फल-सब्जियों के छिलके आदि गीला कचरा डाला जाएगा। नीले डस्टबिन में कागज, गत्ता, प्लास्टिक, धातु और कांच जैसे सूखे कचरे का निस्तारण होगा। लाल डस्टबिन सेनेटरी अपशिष्ट के लिए और काले डस्टबिन में बैटरी, बल्ब, ट्यूबलाइट व इस्तेमाल की गई दवाओं जैसे विशेष कचरे को रखा जाएगा।
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बीएसए उपेंद्र गुप्ता ने बताया कि अभियान के तहत विद्यालयों में होने वाली गतिविधियों के फोटो और वीडियो पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं। अभियान का समापन दो अक्तूबर को ‘स्वच्छ भारत दिवस’ के रूप में होगा।
स्वच्छता के साथ रचनात्मकता का रंग
23 सितंबर को पोस्टर व नारा लेखन, 24 को जागरूकता रैली और नुक्कड़ नाटक कराए गए। 26 सितंबर को विद्यालय में पैदा होने वाले कचरे का आकलन कर अपशिष्ट लेखा परीक्षण होगा। इसी दिन परिसर में श्रमदान भी कराया जाएगा। 28 सितंबर को रंगोली व चित्रकला तथा 29 सितंबर को वाद-विवाद और भाषण प्रतियोगिताएं होंगी।