{"_id":"5e63d9698ebc3eebb84441c8","slug":"one-and-a-half-bigha-crop-submerged-as-purvanchal-expressway-becomes-tied-sultanpur-news-lko512621797","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का बन्धा बनने से डेढ़ सौ बीघा फसल डूबी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का बन्धा बनने से डेढ़ सौ बीघा फसल डूबी
विज्ञापन
सुल्तानपुर। जिले से गुजरे पूर्वाचल एक्सप्रेस-वे का बन्धा बनने से बारिश का पानी बल्दीराय ब्लॉक के दो गांवों के किसानों के खेतों में घुस गया है। 50 किसानों की करीब डेढ़ बीघा फसल पानी के चपेट में आने से डूब गई है।
गेहूं, मसूर, राई, सरसों की फसल डूब जाने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। बंधा का मुहाना बंद हो जाने से किसानों के खेतों में भरा पानी नहीं निकल पा रहा है। इससे किसानों की गाढ़ी कमाई पर पानी फिर गया है। बल्दीराय क्षेत्र में तेज हवा से कई घरों के टीन शेड व छप्पर गिर गए हैं।
कई पेड़ जमीन से उखड़कर गिर गए हैं। भवानीगढ़ गांव में शुक्रवार की रात में तेज हवा के साथ हुई बारिश के दौरान पशुशाला पर पेड़ गिर जाने से एक गाय की मौत हो गई है।
विज्ञापन
बल्दीराय तहसील क्षेत्र में निर्माणाधीन पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे में मिट्टी की पटाई का कार्य चल रहा है। एक्सप्रेस-वे की पटाई के लिए लगी जेसीबी को ले जाने के लिए बंधा बनाया गया है। दो दिनों के दौरान हुई बारिश का पानी बन्धा का मुहाना दक्षिणी तरफ बंद होने से इकट्ठा हो गया है।
इससे कुवांसी व हलियापुर गांव के 50 किसानों की करीब डेढ़ सौ बीघा फसल डूब गई है। बन्धा का मुहाना बंद होने से बारिश का जमा पानी गोमती नदीज में नहीं जा पा रहा है। इसका खामियाजा इन दो गांवों के किसानों को भुगतना पड़ा है। किसानों के खेतों में बोई गई गेहूं, मसूर, राई, सरसों की फसल डूब जाने से किसान परेशान हैं।
जिले के पिछले दो दिनों के दौरान हुई बारिश ने जमकर कहर ढाया है। शुक्रवार की रात में जिले के पश्चिमी इलाकों में और शहर समेत पूर्वी इलाकों में शनिवार को भोर में हुई बारिश से रबी की फसलें बर्बाद हो गई हैं। बारिश के दौरान तेज हवा चलने से गेंहू समेत अन्य फसलें खेत में गिर गई हैं। बारिश से किसान मायूस हो गए हैं। मौसम विभाग के मुताबिक 24 घंटे के दौरान 34 मिलीमीटर बारिश हुई है।
किसानों को मौसम की मार झेलनी पड़ रही है। शुक्रवार की रात में जिले के पश्चिमी क्षेत्र में तेज हवा के साथ बारिश हुई है। शहर समेत पूर्वी इलाके में शनिवार को भोर में तेज बारिश हुई है। बारिश के दौरान तेज हवा चलने से फसलों में भारी नुकसान हुआ है।
गेहूं, जौ, मटर, राई, सरसो की फसल जमीन पर गिर गई है। तेज हवा की चपेट में आने से अगेती दलहनी-तिलहनी फसलों में भारी नुकसान हुआ है। रबी की फसलों में हुए नुकसान से किसानों की चिंता बढ़ गई है। मौसम विभाग के मुताबिक 24 घंटे के दौरान 33.0 मिमी. रिकॉर्ड की गई है। शनिवार को सुबह के समय धूप निकल आने से लोग को कुछ रहत मिल गई। दिन भर तेज धूप रहने से लोगों ने अपने दैनिक कार्य निपटाए।
मौसम विभाग के मुताबिक अगले 24 घंटे में पूर्वी उत्तर प्रदेश में आसमान में हल्के से मध्यम बादल छाए रहने और कहीं-कहीं पर हल्की बूंदाबांदी होने की संभावना है। हवा सामान्य से तेज गति से पूर्वी चलेगी।
विज्ञापन
गेहूं, मसूर, राई, सरसों की फसल डूब जाने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। बंधा का मुहाना बंद हो जाने से किसानों के खेतों में भरा पानी नहीं निकल पा रहा है। इससे किसानों की गाढ़ी कमाई पर पानी फिर गया है। बल्दीराय क्षेत्र में तेज हवा से कई घरों के टीन शेड व छप्पर गिर गए हैं।
विज्ञापन
कई पेड़ जमीन से उखड़कर गिर गए हैं। भवानीगढ़ गांव में शुक्रवार की रात में तेज हवा के साथ हुई बारिश के दौरान पशुशाला पर पेड़ गिर जाने से एक गाय की मौत हो गई है।
विज्ञापन
बल्दीराय तहसील क्षेत्र में निर्माणाधीन पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे में मिट्टी की पटाई का कार्य चल रहा है। एक्सप्रेस-वे की पटाई के लिए लगी जेसीबी को ले जाने के लिए बंधा बनाया गया है। दो दिनों के दौरान हुई बारिश का पानी बन्धा का मुहाना दक्षिणी तरफ बंद होने से इकट्ठा हो गया है।
इससे कुवांसी व हलियापुर गांव के 50 किसानों की करीब डेढ़ सौ बीघा फसल डूब गई है। बन्धा का मुहाना बंद होने से बारिश का जमा पानी गोमती नदीज में नहीं जा पा रहा है। इसका खामियाजा इन दो गांवों के किसानों को भुगतना पड़ा है। किसानों के खेतों में बोई गई गेहूं, मसूर, राई, सरसों की फसल डूब जाने से किसान परेशान हैं।
जिले के पिछले दो दिनों के दौरान हुई बारिश ने जमकर कहर ढाया है। शुक्रवार की रात में जिले के पश्चिमी इलाकों में और शहर समेत पूर्वी इलाकों में शनिवार को भोर में हुई बारिश से रबी की फसलें बर्बाद हो गई हैं। बारिश के दौरान तेज हवा चलने से गेंहू समेत अन्य फसलें खेत में गिर गई हैं। बारिश से किसान मायूस हो गए हैं। मौसम विभाग के मुताबिक 24 घंटे के दौरान 34 मिलीमीटर बारिश हुई है।
किसानों को मौसम की मार झेलनी पड़ रही है। शुक्रवार की रात में जिले के पश्चिमी क्षेत्र में तेज हवा के साथ बारिश हुई है। शहर समेत पूर्वी इलाके में शनिवार को भोर में तेज बारिश हुई है। बारिश के दौरान तेज हवा चलने से फसलों में भारी नुकसान हुआ है।
गेहूं, जौ, मटर, राई, सरसो की फसल जमीन पर गिर गई है। तेज हवा की चपेट में आने से अगेती दलहनी-तिलहनी फसलों में भारी नुकसान हुआ है। रबी की फसलों में हुए नुकसान से किसानों की चिंता बढ़ गई है। मौसम विभाग के मुताबिक 24 घंटे के दौरान 33.0 मिमी. रिकॉर्ड की गई है। शनिवार को सुबह के समय धूप निकल आने से लोग को कुछ रहत मिल गई। दिन भर तेज धूप रहने से लोगों ने अपने दैनिक कार्य निपटाए।
मौसम विभाग के मुताबिक अगले 24 घंटे में पूर्वी उत्तर प्रदेश में आसमान में हल्के से मध्यम बादल छाए रहने और कहीं-कहीं पर हल्की बूंदाबांदी होने की संभावना है। हवा सामान्य से तेज गति से पूर्वी चलेगी।