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गांवों को आवंटित धन की हो सकेगी सीधी निगरानी
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अमेठी। ग्राम पंचायतों को आवंटित होने वाले धन को भेजने के लिए पंचायती राज विभाग की बैंक पर निर्भरता तकरीबन समाप्त हो गई है। राज्य वित्त व 14वें वित्त के बाद विभाग ने स्वच्छ भारत मिशन के लिए आवंटित धन ग्राम पंचायतों के खाते में ट्रांसफर करने के लिए पब्लिक फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम का सहारा लेगा।
गांवों में होने वाले विभिन्न विकास कार्यों को कराने के लिए ग्राम पंचायतों को किए जाने वाले धनावंटन के लिए पंचायती राज विभाग अब तक बैंक का सहारा लेता था। बैंकों की लापरवाही की वजह से अक्सर ग्राम पंचायतों को भेजा जाने वाला धन समय पर अंतरित नहीं हो पाता था।
साथ ही विभाग को भी यह जानकारी हासिल करने के लिए बैंक पर आश्रित रहना पड़ता था कि ग्राम पंचायतों को आवंटित अलग-अलग मद के अकाउंट में कितना धन शेष है। इस परेशानी से बचने के लिए विभाग ने पिछले दिनों धन अंतरित करने की नई प्रणाली पब्लिक फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम का सहारा लिया था।
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इस सिस्टम से धन अंतरित होते ही कन्फर्म हो जाता है कि किन ग्राम पंचायतों के खाते में धन पहुंच गया। साथ ही विभाग संबंधित गांवों के अकाउंट में शेष राशि की भी सीधी जानकारी ले सकता है। पिछले दिनों राज्य वित्त व 14वें वित्त के खातों में धन अंतरण के लिए विभाग ने इसी प्रणाली का सहारा लिया।
दोनों खातों में अंतरण के सफल प्रयोग के बाद विभाग ने स्वच्छ भारत मिशन के मद में आने वाले धन को भी इसी प्रणाली से अंतरित करने का फैसला किया है।
स्वच्छ भारत मिशन के जिला समन्वयक आरपी सिंह ने बताया कि पीएफएमएस प्रणाली से धन अंतरित करने की व्यवस्था को लागू करने के लिए मैपिंग हो रही है। 682 ग्राम पंचायतों मेें से 658 में मैपिंग का कार्य पूरा हो चुका है। शेष 24 में मैपिंग कार्य पूरा होते ही स्वच्छ भारत मिशन योजना के मद में आवंटित धन इसी प्रणाली से अंतरित किया जाएगा।
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गांवों में होने वाले विभिन्न विकास कार्यों को कराने के लिए ग्राम पंचायतों को किए जाने वाले धनावंटन के लिए पंचायती राज विभाग अब तक बैंक का सहारा लेता था। बैंकों की लापरवाही की वजह से अक्सर ग्राम पंचायतों को भेजा जाने वाला धन समय पर अंतरित नहीं हो पाता था।
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साथ ही विभाग को भी यह जानकारी हासिल करने के लिए बैंक पर आश्रित रहना पड़ता था कि ग्राम पंचायतों को आवंटित अलग-अलग मद के अकाउंट में कितना धन शेष है। इस परेशानी से बचने के लिए विभाग ने पिछले दिनों धन अंतरित करने की नई प्रणाली पब्लिक फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम का सहारा लिया था।
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इस सिस्टम से धन अंतरित होते ही कन्फर्म हो जाता है कि किन ग्राम पंचायतों के खाते में धन पहुंच गया। साथ ही विभाग संबंधित गांवों के अकाउंट में शेष राशि की भी सीधी जानकारी ले सकता है। पिछले दिनों राज्य वित्त व 14वें वित्त के खातों में धन अंतरण के लिए विभाग ने इसी प्रणाली का सहारा लिया।
दोनों खातों में अंतरण के सफल प्रयोग के बाद विभाग ने स्वच्छ भारत मिशन के मद में आने वाले धन को भी इसी प्रणाली से अंतरित करने का फैसला किया है।
स्वच्छ भारत मिशन के जिला समन्वयक आरपी सिंह ने बताया कि पीएफएमएस प्रणाली से धन अंतरित करने की व्यवस्था को लागू करने के लिए मैपिंग हो रही है। 682 ग्राम पंचायतों मेें से 658 में मैपिंग का कार्य पूरा हो चुका है। शेष 24 में मैपिंग कार्य पूरा होते ही स्वच्छ भारत मिशन योजना के मद में आवंटित धन इसी प्रणाली से अंतरित किया जाएगा।