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धूमधाम से मनाई गई बैसाखी
Amarujala Bureau
Updated Wed, 13 Apr 2016 10:46 PM IST
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जिले भर में बैसाखी की धूम
- फोटो : अमर उजाला
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सिखों का प्रमुख त्यौहार बैसाखी बुधवार को धूमधाम से मनाया गया। पंजाबी कॉलोनी स्थित गुरुनानक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में विविध आयोजन हुए। स्कूली बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए। ज्ञानी ने सबद कीर्तन कर गुरु गोविंद सिंह के जीवन पर प्रकाश डाला। गुरुद्वारे में लोगों ने लंगर भी छका।
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बैसाखी त्यौहार को लेकर गुरुद्वारे में बीते 10 अप्रैल से श्री अखंड पाठ साहिब का शुभारंभ हुआ था। अखंड पाठ का समापन मंगलवार को हो गया। बुधवार को पंजाबी कॉलोनी स्थित गुरुनानक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में बैसाखी पर्व पर कार्यक्रम आयोजित हुआ।
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ज्ञानी कुलदीप सिंह के जत्थे ने गुरुवाणी का गायन किया। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को बैसाखी का महत्व बताया। कहा कि एक समय आक्रमणकारी हिंदुओं को जबरदस्ती धर्म परिवर्तन को विवश कर रहे थे। तब सिखों के नवें गुरु तेग बहादुर ने अपना बलिदान दिया था। 13 अप्रैल 1699 के दिन एक सम्मेलन कर पंज प्यारे तैयार किए गए। उन्हें शिष्य का दर्जा दिया गया। गुरु गोविंद सिंह ने कहा ;सूरा सो पहचानिए जो लड़े दीन के हेत, पुर्जा-पुर्जा कट मरे कबहूं न छोड़े खेत;। सरदार इंद्रजीत सिंह ने कहा कि गुरुजी जैसा महान योद्धा, संत व सिपाही आज तक नहीं हुआ।
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