UP: जमीन से कब्जा हटाने की कोशिश पर भड़के आदिवासी, लगाया उत्पीड़न का आरोप; कोतवाली पहुंच किया हंगामा
Sonbhadra News: मारपीट और जमीन से हटाने का आरोप लगाते हुए आदिवासी समाज के सैकड़ों लोग सदर कोतवाली पहुंच गए। यहां प्रदर्शन लगे। वहीं, पुलिस अधिकारियों से सभी को समझाकर मामला शांत कराया।
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UP News: वन विभाग की तरफ से सदर तहसील के कुछ हिस्सों में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई और कुछ आदिवासियों का शांतिभंग की आशंका में किए गए कथित चालान के मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस मसले को लेकर रविवार को सैकड़ों आदिवासी सदर कोतवाली धमक पड़े।
अचानक से बड़ी संख्या में आदिवासी समुदाय के लोगों के पहुंचने का कारण पुलिस के अफसर कुछ समझ पाते, इससे पहले अगुवाई कर रहे शंभूनाथ गोंड ने कुछ पुलिसकर्मियों पर सादे वेश में पहुंचकर घर से लाने, उसकी पिटाई करने और गलत तरीके से चालान करने का आरोप लगाकर एकबारगी पुलिस के सामने असहज स्थिति पैदा कर दी। प्रकरण 18 फरवरी का बताया जा रहा है।
शंभूनाथ का दावा था कि उस दिन सादी वर्दी में कुछ लोग पहुंचे और उसे लाकर चालान कर दिया गया। दावा किया कि उसके साथ एक नहीं कई बार मारपीट आ गई। चालान के बाद कचहरी जाकर जमानत करानी पड़ी। आदिवासियों में गुस्सा इस बात का था उनके साथ मारपीट क्यों की गई? मारपीट किस मामले में क्यों की गई? इसका सटीक जवाब नहीं मिल सका।
नाराजगी जता रहे लोग सिर्फ मारपीट का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। कुछ देर बाद जब स्थिति सामान्य हुई तब पता चला कि असल मसला वन विभाग की जमीनों पर की जा रही जोतकोड़ से बेदखल किए जाने का है।
इसी बात को लेकर सोनभद्र के साथ ही मिर्जापुर चंदौली के भी ढेरों ग्रामीण पहुंचे हुए थे। पहले एसडीएम से मिलने की तैयारी थी। जब उन्हें यह पता चला कि रविवार को मुलाकात नहीं हो पाएगी तब सदर कोतवाली पर धमक पड़े। अचानक से बड़ी संख्या में आदिवासियों के पहुंचने के मामले ने वहां मौजूद हर किसी को भौंचक कर दिया। देर तक यहां पहुंचने का असल कारण जानने की कोशिश होती रही।
प्रभारी निरीक्षक रामस्वरूप वर्मा ने बताया कि आदिवासियों को डर था कि वन विभाग की जिन जमीनों पर उनका कब्जा है, उससे उन्हें बेदखल कर दिया जाएगा। इसी मसले को लेकर वह अफसरों से मिलने के लिए पहुंचे हुए थे। रविवार का दिन होने के कारण अफसर नहीं मिले तो अगुवाई कर रहे लोग उन्हें लेकर कोतवाली पहुंच गए। सभी को समझा-बुझाकर वापस कर दिया गया।