{"_id":"975f2b441c0353dc61d677fd6417b9d8","slug":"the-first-unit-started-producing-anpara-d-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अनपरा डी की पहली इकाई से उत्पादन शुरू ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अनपरा डी की पहली इकाई से उत्पादन शुरू
अमर उजाला ब्यूरो। सोनभद्र
Updated Fri, 08 May 2015 10:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बहुप्रतीक्षित एक हजार मेगावाट वाली अनपरा डी की पांच सौ मेगावाट क्षमता की पहली इकाई से आखिरकार शुक्रवार की देर रात उत्पादन शुरू हो गया। गत 31 मार्च को सीएम अखिलेश यादव के हाथों लोकार्पण के बाद से ही इसे नियमित रूप से उत्पादन पर लाने की कवायद जारी थी। फिलहाल इसे करीब पचास मेगावाट का लोड दिया गया है। दस दिन के भीतर इसे पूर्ण लोड पर आने की उम्मीद जताई जा रही है। सीजीएम इं. त्रिभुवन तिवारी ने इसका श्रेय भेल के साथ ही परियोजना के अभियंताओं को दिया है।
निर्माण के शुरुआती दौर से ही लेटलतीफी की मार झेल रही अनपरा डी की जिस पहली इकाई को वर्ष 2011 के अंत तक लोड पर आ जाना था। वह इकाई गत दिसंबर के अंत में जाकर लाइटअप हो पाई। इसके बाद इसे उत्पादन पर लाने की प्रक्रिया शुरू की गई। गत 31 मार्च को सीएम अखिलेश यादव के हाथों लोकार्पण के समय करीब दो घंटे के लिए इसे उत्पादन पर भी ले लिया गया, लेकिन कुछ काम बाकी रहने के कारण भेल की ओर से इसे फिर से अनुरक्षण कार्य पर ले लिया गया।
गत गुरुवार की शाम तक इस इकाई को उत्पादन पर आ जाना था लेकिन यहां शाम चार के करीब आए अंधड़ ने सारी कवायदों को ब्रेक करके रख दिया। रात दस बजे से एक बार फिर से इकाई को उत्पादन पर लेने की कवायद शुरू कर दी गई। आखिरकार अभियंताओं की मेहनत रंग लाई और रात 08.07 बजे इसे सिंक्रोनाइज कर 30 मेगावाट के उत्पादन पर ले लिया गया।
विज्ञापन
सीजीएम इं. त्रिभुवन तिवारी ने इकाई को लोड पर आने की पुष्टि करते हुए बताया कि दस दिनों के भीतर इकाई को पूर्ण क्षमता से लोड पर ले लिया जाएगा। इससे तपिश के चलते भीषण कटौती झेल रहे सूबे को बड़ी राहत की उम्मीद है। बता दें कि परियोजना के निर्माण का काम भेल की ओर से कराया जा रहा है। देर के चलते जहां परियोजना की लागत दो हजार करोड़ से अधिक बढ़ गई। वहीं इसको लेकर भेल पर करोड़ों रुपये की पेनाल्टी भी लगाई गई थी।
विज्ञापन
निर्माण के शुरुआती दौर से ही लेटलतीफी की मार झेल रही अनपरा डी की जिस पहली इकाई को वर्ष 2011 के अंत तक लोड पर आ जाना था। वह इकाई गत दिसंबर के अंत में जाकर लाइटअप हो पाई। इसके बाद इसे उत्पादन पर लाने की प्रक्रिया शुरू की गई। गत 31 मार्च को सीएम अखिलेश यादव के हाथों लोकार्पण के समय करीब दो घंटे के लिए इसे उत्पादन पर भी ले लिया गया, लेकिन कुछ काम बाकी रहने के कारण भेल की ओर से इसे फिर से अनुरक्षण कार्य पर ले लिया गया।
विज्ञापन
गत गुरुवार की शाम तक इस इकाई को उत्पादन पर आ जाना था लेकिन यहां शाम चार के करीब आए अंधड़ ने सारी कवायदों को ब्रेक करके रख दिया। रात दस बजे से एक बार फिर से इकाई को उत्पादन पर लेने की कवायद शुरू कर दी गई। आखिरकार अभियंताओं की मेहनत रंग लाई और रात 08.07 बजे इसे सिंक्रोनाइज कर 30 मेगावाट के उत्पादन पर ले लिया गया।
विज्ञापन
सीजीएम इं. त्रिभुवन तिवारी ने इकाई को लोड पर आने की पुष्टि करते हुए बताया कि दस दिनों के भीतर इकाई को पूर्ण क्षमता से लोड पर ले लिया जाएगा। इससे तपिश के चलते भीषण कटौती झेल रहे सूबे को बड़ी राहत की उम्मीद है। बता दें कि परियोजना के निर्माण का काम भेल की ओर से कराया जा रहा है। देर के चलते जहां परियोजना की लागत दो हजार करोड़ से अधिक बढ़ गई। वहीं इसको लेकर भेल पर करोड़ों रुपये की पेनाल्टी भी लगाई गई थी।