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Sonebhadra News: मई में बिजली खपत का नया रिकॉर्ड, 542 मिलियन यूनिट पहुंची
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सोनभद्र। तापमान चढ़ने के साथ ही बिजली की मांग और खपत में भी इजाफा हुआ है। सोमवार की रात सूबे में बिजली की खपत ने नया रिकाॅर्ड बनाया। पीक ऑवर में बिजली की खपत 542 मिलियन यूनिट तक पहुंच गई। यह इस सीजन में अब तक ही सबसे अधिक खपत है। इससे पहले 29 अप्रैल को 512 मिलियन यूनिट की खपत दर्ज की गई थी। उधर, बिजली की मांग ने भी 26 हजार मेगावाट का आंकड़ा पार कर लिया। रात साढ़े सात से आठ बजे के बीच अधिकतम और न्यूनतम मांग सर्वाधिक स्तर पर रही।
इस बार मई के पहले सप्ताह में तापमान 40 डिग्री के पार बना है। भीषण गर्मी से बचने के लिए लोग एसी, कूलर, फ्रिज जैसे उपकरणों का अधिक उपयोग कर रहे हैं। इसके चलते बिजली की मांग और खपत में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। सोमवार की रात बिजली की खपत 542 मिलियन यूनिट दर्ज की गई। मई में यह खपत पिछले पांच वर्षों में सर्वाधिक है।
वर्ष 2023-24 में एक दिन में बिजली की अधिकतम खपत 579 मिलियन यूनिट की थी। यह स्तर भी सितंबर में पहुंचा था, जबकि वर्ष 2022-23 में अगस्त में अधिकतम 547 मिलियन यूनिट की खपत दर्ज हुई थी। इस बार मई की शुरुआत में ही खपत के साढ़े पांच एमयू के करीब पहुंचने से बिजली निगम की चिंता बढ़ गई है। जून, जुलाई में यह खपत छह सौ एमयू के आंकड़ा भी पार करने की संभावना है। एक दिन में औसतन 469 एमयू बिजली की खपत हो रही है।
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पांच दिन में 2166 मेगावाट बढ़ी बिजली की मांग
सोनभद्र। सूबे में बिजली की अधिकतम मांग पिछले पांच दिनों में 2166 मेगावाट बढ़ी है। वहीं न्यूनतम स्तर में भी करीब 29 सौ मेगावाट का इजाफा दर्ज किया गया है। गत दो मई को पीक ऑवर में रात 8.36 बजे बिजली की अधिकतम मांग 24143 मेगावाट की थी। इसे छह मई की रात 8.01 बजे 26309 मेगावाट दर्ज किया गया। वहीं दो मई को न्यूनतम मांग 16347 मेगावाट से बढ़कर छह मई को 19230 मेगावाट तक पहुंच गई। यह स्तर रात साढ़े सात बजे दर्ज किया गया। बता दें कि उप्र राज्य उत्पादन निगम की परियोजनाओं से 4850-4900 मेगावाट तक ही बिजली का उत्पादन हो रहा है, जबकि राज्य में स्थापित निजी क्षेत्र की परियोजनाओं से 7200 मेगावाट तक बिजली मिल रही है। शेष मांग पूरी करने के लिए निगम को सेंट्रल पूल से बिजली लेनी पड़ रही है।
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इस बार मई के पहले सप्ताह में तापमान 40 डिग्री के पार बना है। भीषण गर्मी से बचने के लिए लोग एसी, कूलर, फ्रिज जैसे उपकरणों का अधिक उपयोग कर रहे हैं। इसके चलते बिजली की मांग और खपत में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। सोमवार की रात बिजली की खपत 542 मिलियन यूनिट दर्ज की गई। मई में यह खपत पिछले पांच वर्षों में सर्वाधिक है।
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वर्ष 2023-24 में एक दिन में बिजली की अधिकतम खपत 579 मिलियन यूनिट की थी। यह स्तर भी सितंबर में पहुंचा था, जबकि वर्ष 2022-23 में अगस्त में अधिकतम 547 मिलियन यूनिट की खपत दर्ज हुई थी। इस बार मई की शुरुआत में ही खपत के साढ़े पांच एमयू के करीब पहुंचने से बिजली निगम की चिंता बढ़ गई है। जून, जुलाई में यह खपत छह सौ एमयू के आंकड़ा भी पार करने की संभावना है। एक दिन में औसतन 469 एमयू बिजली की खपत हो रही है।
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पांच दिन में 2166 मेगावाट बढ़ी बिजली की मांग
सोनभद्र। सूबे में बिजली की अधिकतम मांग पिछले पांच दिनों में 2166 मेगावाट बढ़ी है। वहीं न्यूनतम स्तर में भी करीब 29 सौ मेगावाट का इजाफा दर्ज किया गया है। गत दो मई को पीक ऑवर में रात 8.36 बजे बिजली की अधिकतम मांग 24143 मेगावाट की थी। इसे छह मई की रात 8.01 बजे 26309 मेगावाट दर्ज किया गया। वहीं दो मई को न्यूनतम मांग 16347 मेगावाट से बढ़कर छह मई को 19230 मेगावाट तक पहुंच गई। यह स्तर रात साढ़े सात बजे दर्ज किया गया। बता दें कि उप्र राज्य उत्पादन निगम की परियोजनाओं से 4850-4900 मेगावाट तक ही बिजली का उत्पादन हो रहा है, जबकि राज्य में स्थापित निजी क्षेत्र की परियोजनाओं से 7200 मेगावाट तक बिजली मिल रही है। शेष मांग पूरी करने के लिए निगम को सेंट्रल पूल से बिजली लेनी पड़ रही है।