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बातचीत विफल,
अमर उजाला ब्यूरो (सोनभद्र)
Updated Thu, 11 Feb 2016 12:08 AM IST
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क्तिनगर। राजकिशन बस्ती के रहवासियों और जनप्रतिनिधियों के विरोध के बाद
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राजकिशन बस्ती उजाड़ने की कार्रवाई बुधवार को स्थगित कर दी गई। अब रविवार
को विधायक की मौजूदगी में इस मामले का हल निकालने का प्रयास किया जाएगा।
एनसीएल खड़िया परियोजना में बन रहे नए कोल हैंडलिंग प्लांट (सीएचपी) की जद में आने वाले राजकिशन बस्ती के 87 परिवारों को उजाड़ने के लिए एनसीएल प्रबंधन ने चिह्नित किया है। बीते दिनों एनसीएल के भू-संपदा अधिकारी ने संबंधितों को नोटिस जारी किया था।
नोटिस की मियाद पांच फरवरी को समाप्त होने के बाद बुधवार दोपहर थाने में त्रिपक्षीय वार्ता आयोजित की गई। दुद्धी तहसीलदार जितेंद्र सिंह की मौजूदगी में एनसीएल प्रबंधन के अधिकारियों के साथ बस्ती के रहवासियों और जनता के नुमाइंदों ने अपना पक्ष रखा।
उनको बसने के लिए जगह के साथ मुआवजा दिया जाए। इसके विपरीत तहसीलदार और प्रबंधन के अधिकारियों का कहना था कि सभी लोग नियम विरुद्व बसे हैं। इसलिए बसने के लिए जगह और मुआवजा नहीं दिया जा सकता। इसी बीच विधायक रूबी प्रसाद का फोन तहसीलदार के पास आ गया।
विधायक को तहसीलदार ने व्यवस्था का हवाला देकर समझाने की कोशिश किया लेकिन बात नहीं बनी। वार्ता के दौरान एनसीएल खड़िया के वरिष्ठ कार्मिक अधिकारी दिलीप सिंह,आदि रहे।
एनसीएल खड़िया परियोजना में बन रहे नए कोल हैंडलिंग प्लांट (सीएचपी) की जद में आने वाले राजकिशन बस्ती के 87 परिवारों को उजाड़ने के लिए एनसीएल प्रबंधन ने चिह्नित किया है। बीते दिनों एनसीएल के भू-संपदा अधिकारी ने संबंधितों को नोटिस जारी किया था।
नोटिस की मियाद पांच फरवरी को समाप्त होने के बाद बुधवार दोपहर थाने में त्रिपक्षीय वार्ता आयोजित की गई। दुद्धी तहसीलदार जितेंद्र सिंह की मौजूदगी में एनसीएल प्रबंधन के अधिकारियों के साथ बस्ती के रहवासियों और जनता के नुमाइंदों ने अपना पक्ष रखा।
उनको बसने के लिए जगह के साथ मुआवजा दिया जाए। इसके विपरीत तहसीलदार और प्रबंधन के अधिकारियों का कहना था कि सभी लोग नियम विरुद्व बसे हैं। इसलिए बसने के लिए जगह और मुआवजा नहीं दिया जा सकता। इसी बीच विधायक रूबी प्रसाद का फोन तहसीलदार के पास आ गया।
विधायक को तहसीलदार ने व्यवस्था का हवाला देकर समझाने की कोशिश किया लेकिन बात नहीं बनी। वार्ता के दौरान एनसीएल खड़िया के वरिष्ठ कार्मिक अधिकारी दिलीप सिंह,आदि रहे।