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Sonebhadra News: 24 घंटे में 2.2 डिग्री सेल्सियस चढ़ा पारा, सीजन की रही सबसे गर्म रात
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सोनांचल में हीट वेव और तापमान में वृद्धि का अलर्ट जारी किया गया है। पिछले 24 घंटे में अधिकतम तापमान में 2.2 डिग्री सेल्सियस की बढ़त दर्ज की गई। शनिवार को तापमान 42.2 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री रहा। यह इस सीजन का सबसे अधिक न्यूनतम तापमान है। इसके चलते रात भी काफी गर्म रही। उमस से लोग बेहाल रहे। कूलर-पंखा भी राहत नहीं दे पाए।
सोनांचल में बीते 10 दिन से तापमान में चढ़ाव-उतार लगा हुआ है। मौसम विज्ञान केंद्र चुर्क के प्रेक्षक राजन सिंह के मुताबिक शुक्रवार को जिले में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ था। इसके मुकाबले शनिवार को अधिकतम तापमान 42.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। बीते 24 घंटे में अधिकतम तापमान में 2.2 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज हुई है। न्यूनतम पारा भी इस सीजन के सबसे अधिक तापमान में रिकॉर्ड हुआ।
वहीं दो दिन पहले यानी बृहस्पतिवार को जिले का न्यूनतम तापमान 24.8 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 41.4 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड हुआ था। इस तरह से बीते 48 घंटे में न्यूनतम तापमान में तीन डिग्री सेल्सियस की बढ़ोत्तरी हुई है। शनिवार को दोपहर में तल्ख धूप निकलने तथा उमस से लोगों का हाल बेहाल रहा। बिजली गुल होने के साथ ही लोग पसीने से लथपथ हो जा रहे थे। उमस की वजह से कूलर व पंखे बेअसर साबित हुए।
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मजदूरों के काम का समय बदलें, पर्याप्त रहे छाया-पानी की व्यवस्था
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण व सिंचाई विभाग की संयुक्त बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। एडीएम सहदेव कुमार मिश्र ने हीट वेव से बचाव की तैयारियों की समीक्षा की। बाढ़-सूखा से राहत की कार्य योजना पर भी चर्चा की गई।
एडीएम ने हीट वेव के मद्देनजर सभी विभागों को समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए। सभी विभाग में शीतल जल व छाया की व्यवस्था की जाए। मजदूरों के काम का समय बदला जाए। श्रम विभाग, जल संस्थान, नगर पालिका को भी निर्देश जारी किया गया कि उनके यहां से गठित टीम मंडी परिसरों व दुकानों में कटे हुए फलों पर रोक लगाएं। सभी मतदान केंद्रों में हीट वेव के पोस्टर लगवाए जाएं। बैठक में उपस्थित सिंचाई, स्वास्थ्य, पशु चिकित्सा, बिजली सहित अन्य विभागों को बाढ़ से बचाव के लिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए गए। लेखपाल, आंगनबाड़ी, आशा के माध्यम से लोगों को मौसम की स्थिति से निरंतर अवगत कराया जाए।
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सोनांचल में बीते 10 दिन से तापमान में चढ़ाव-उतार लगा हुआ है। मौसम विज्ञान केंद्र चुर्क के प्रेक्षक राजन सिंह के मुताबिक शुक्रवार को जिले में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ था। इसके मुकाबले शनिवार को अधिकतम तापमान 42.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। बीते 24 घंटे में अधिकतम तापमान में 2.2 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज हुई है। न्यूनतम पारा भी इस सीजन के सबसे अधिक तापमान में रिकॉर्ड हुआ।
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वहीं दो दिन पहले यानी बृहस्पतिवार को जिले का न्यूनतम तापमान 24.8 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 41.4 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड हुआ था। इस तरह से बीते 48 घंटे में न्यूनतम तापमान में तीन डिग्री सेल्सियस की बढ़ोत्तरी हुई है। शनिवार को दोपहर में तल्ख धूप निकलने तथा उमस से लोगों का हाल बेहाल रहा। बिजली गुल होने के साथ ही लोग पसीने से लथपथ हो जा रहे थे। उमस की वजह से कूलर व पंखे बेअसर साबित हुए।
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मजदूरों के काम का समय बदलें, पर्याप्त रहे छाया-पानी की व्यवस्था
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण व सिंचाई विभाग की संयुक्त बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। एडीएम सहदेव कुमार मिश्र ने हीट वेव से बचाव की तैयारियों की समीक्षा की। बाढ़-सूखा से राहत की कार्य योजना पर भी चर्चा की गई।
एडीएम ने हीट वेव के मद्देनजर सभी विभागों को समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए। सभी विभाग में शीतल जल व छाया की व्यवस्था की जाए। मजदूरों के काम का समय बदला जाए। श्रम विभाग, जल संस्थान, नगर पालिका को भी निर्देश जारी किया गया कि उनके यहां से गठित टीम मंडी परिसरों व दुकानों में कटे हुए फलों पर रोक लगाएं। सभी मतदान केंद्रों में हीट वेव के पोस्टर लगवाए जाएं। बैठक में उपस्थित सिंचाई, स्वास्थ्य, पशु चिकित्सा, बिजली सहित अन्य विभागों को बाढ़ से बचाव के लिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए गए। लेखपाल, आंगनबाड़ी, आशा के माध्यम से लोगों को मौसम की स्थिति से निरंतर अवगत कराया जाए।