सोनभद्र/घोरावल। मिर्जापुर के गैपुरा थाना क्षेत्र के बिरौरा निवासी राजेंद्र कुमार द्विवेदी से शादी के बाद दहेज उत्पीड़न का आरोप सामने आया है। पीड़िता ज्योति ने पति, सास और ससुर पर कार या 15 लाख रुपये नकद की मांग करने, मारपीट और प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने तीनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मंदहा गांव निवासी विजयानंद चौबे ने अपनी बेटी ज्योति की शादी 11 मार्च को राजेंद्र कुमार द्विवेदी से की थी। अगले दिन ज्योति विदा होकर ससुराल गई। 15 मार्च को वह मिर्जापुर के भरुहना चौराहे के पास विंध्यवासिनी कॉलोनी स्थित मकान पर पहुंची। आरोप है कि वहां पहुंचने के बाद ही उसे कम दहेज लाने के ताने दिए जाने लगे और उसके जेवरात में भी कमियां निकाली जाने लगीं। पीड़िता के मुताबिक, उसके पिता ने शादी में 15 लाख रुपये नकद और 20 लाख रुपये के जेवरात दिए थे। शादी की व्यवस्था पर भी करीब 20 लाख रुपये खर्च किए गए थे। उसके ससुर कृषि विभाग में कर्मचारी के पद से कुछ साल पहले सेवानिवृत्त हुए थे और उन्हें करीब 50 हजार रुपये पेंशन मिलती है। पीड़िता का आरोप है कि पति के लखनऊ में कनिष्ठ अभियंता के पद पर कार्यरत होने के बावजूद उससे अच्छी कार या 15 लाख रुपये नकद की मांग की जाने लगी। ज्योति के मुताबिक, मांग पूरी करने में असमर्थता जताने पर 16 मार्च को उसके साथ मारपीट की गई। इसके बाद पति लखनऊ चले गए। 19 मार्च को लौटने पर फिर दहेज की मांग करते हुए उसकी पिटाई की गई। आरोप है कि 26 मार्च को बेरहमी से मारपीट की गई, जिससे उसकी आंख पर गंभीर चोट आई। इसके बावजूद घर पर ही दवा दी जाती रही। हालत बिगड़ने पर 30 या 31 मार्च को उसे डॉक्टर के पास ले जाया गया। पीड़िता का आरोप है कि उसे मायके में बात करने से भी रोका जाता था। कुछ दिन बाद जब वह अपने तैनाती वाले विद्यालय पहुंची तो सहयोगी शिक्षक के मोबाइल से बड़ी बहन को घटना की जानकारी दी। बहन के माध्यम से पिता को जानकारी मिली। इसके बाद 19 अप्रैल को विजयानंद चौबे विंध्यवासिनी कॉलोनी स्थित ससुराल पहुंचे। आरोप है कि उनके साथ भी अभद्र व्यवहार किया गया और दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर ज्योति को उनके साथ मायके भेज दिया गया। पीड़िता के मुताबिक, उसके जेवर और अन्य सामान ससुराल में ही रख लिए गए। रॉबर्ट्सगंज कोतवाली प्रभारी बृजेश सिंह के मुताबिक, पति राजेंद्र कुमार द्विवेदी, सास आशा देवी और ससुर राजेश द्विवेदी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।