{"_id":"66294385b1fcc9df8c0d8ad4","slug":"farmer-dies-due-to-lightning-ten-burnt-sonbhadra-news-c-194-1-svns1040-112249-2024-04-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sonebhadra News: बिजली की चपेट में आने से किसान की मौत, दस झुलसे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sonebhadra News: बिजली की चपेट में आने से किसान की मौत, दस झुलसे
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोतवाली क्षेत्र के अलग-अलग स्थानों पर मंगलवार की शाम आंधी तूफान के दौरान बिजली गिरी। इसकी चपेट में आने से किसान की मौत हो गई। वहीं 10 लोग अचेत हो गए। उनका नजदीकी अस्पतालों में उपचार कराया गया।
लोहांडी गांव निवासी भोला यादव (52), जगनारायण (45), बाबूलाल (50) गांव के सिवान में मवेशी चरा रहे थे। इसी दौरान तेज आंधी तूफान के बीच बिजली गिरने से तीनों गिर पड़े। भोला यादव को सिर में गंभीर चोट आई। परिजन उसे घोरावल सीएचसी ले गए जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, लेकिन रास्ते में ही भोला की मौत हो गई। वहीं जगनारायण और बाबूलाल का निजी अस्पताल में उपचार कराया गया। घोरावल से जिला अस्पताल तक रास्ते में कई स्थानों पर पेड़ और खंभे गिरे थे। आवागमन बाधित होने के नाते जिला अस्पताल पहुंचने में तीन घंटे का समय लग गया। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय से उपचार होता तो उसकी जान बच सकती थी।
उधर, बंधा गांव में बिजली गिरने से शादी समारोह में एक पंडाल के नीचे मौजूद मंगरी (60) पत्नी मन्नू, ऊषा (21) पुत्री रामानुज, शिवानी (5) पुत्री अमरनाथ, संदीप (26) पुत्र लक्ष्मीनारायण, अनीता (10) पुत्री संतोष, नागेंद्र (17) पुत्र सूरज, पूजा (14) पुत्री अमरनाथ, हीरावती (50) पत्नी नखड़ू अचेत हो गए। सभी को सीएचसी में भर्ती कराया गया। उपचार के बाद डॉक्टरों ने सभी की हालात खतरे से बाहर बताया। बुधवार सुबह पुलिस ने भोला यादव के शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
लोहांडी गांव निवासी भोला यादव (52), जगनारायण (45), बाबूलाल (50) गांव के सिवान में मवेशी चरा रहे थे। इसी दौरान तेज आंधी तूफान के बीच बिजली गिरने से तीनों गिर पड़े। भोला यादव को सिर में गंभीर चोट आई। परिजन उसे घोरावल सीएचसी ले गए जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, लेकिन रास्ते में ही भोला की मौत हो गई। वहीं जगनारायण और बाबूलाल का निजी अस्पताल में उपचार कराया गया। घोरावल से जिला अस्पताल तक रास्ते में कई स्थानों पर पेड़ और खंभे गिरे थे। आवागमन बाधित होने के नाते जिला अस्पताल पहुंचने में तीन घंटे का समय लग गया। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय से उपचार होता तो उसकी जान बच सकती थी।
विज्ञापन
उधर, बंधा गांव में बिजली गिरने से शादी समारोह में एक पंडाल के नीचे मौजूद मंगरी (60) पत्नी मन्नू, ऊषा (21) पुत्री रामानुज, शिवानी (5) पुत्री अमरनाथ, संदीप (26) पुत्र लक्ष्मीनारायण, अनीता (10) पुत्री संतोष, नागेंद्र (17) पुत्र सूरज, पूजा (14) पुत्री अमरनाथ, हीरावती (50) पत्नी नखड़ू अचेत हो गए। सभी को सीएचसी में भर्ती कराया गया। उपचार के बाद डॉक्टरों ने सभी की हालात खतरे से बाहर बताया। बुधवार सुबह पुलिस ने भोला यादव के शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया।
विज्ञापन