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किसान कानून वापस लेने के लिए राष्ट्रपति को भेजा मांगपत्र
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सोनभद्र। राबर्ट्सगंज तहसील में शनिवार को भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी-लेनिनवादी) एवं किसान महासभा के संयुक्त प्रतिनिधि मंडल सदर एसडीएम से मिला। इस दौरान प्रतिनिधि मंडल ने उपजिलाधिकारी को राष्ट्रपति के नाम संबोधित तीन सूत्री मांगपत्र सौंपा। राष्ट्रपति से केंद्र सरकार द्वारा बनाए गए किसान कानून को समाप्त करने की मांग की। उधर सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर सांसद समेत अन्य जन प्रतिनिधियों के मकानों के आसपास पुलिस भ्रमण करती रही।
प्रतिनिधि मंडल ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा के राष्ट्रव्यापी आह्वान के तहत किसान विरोधी तीन कानून बनने के एक वर्ष पूर्ण होने पर एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेज कर कानून को वापस लेने की मांग की गई है। भाकपा माले के राज्य सचिव कामरेड सुधाकर यादव ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार संविधान और लोकतंत्र के साथ खिलवाड़ कर रही है। किसानों और मजदूरों को समाप्त करने पर अमादा है। लेकिन संगठन ऐसा होने नहीं देगा। मांगपत्र देने में जिला सचिव सुरेश कोल, राजदेव सिंह, प्रेम शंकर भारती, मो. कलीम, जवाहिर खरवार, पप्पू, नाजमा खातून, जुबैदा खां, अमीना आदि मौजूद रहे। उधर जिले में किसान संगठन के आह्वन को देखते हुए पुलिस प्रशसान सतर्क रहा। शनिवार की सुबह से ही उरमौरा में स्थित सांसद पकौड़ी लाल कोल समेत अन्य जनप्रतिनिधियों के आवासों के आसपास सादे पोशाक में पुलिसकर्मी चक्रमण करते रहे। खुफिया एजेंसियों को सूचना मिली थी कुछ लोग जनप्रतिनिधियों के यहां आवास पर भी मांगपत्र देने के लिए जा सकते हैं, इसलिए पुलिस चौकन्ना रही।
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प्रतिनिधि मंडल ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा के राष्ट्रव्यापी आह्वान के तहत किसान विरोधी तीन कानून बनने के एक वर्ष पूर्ण होने पर एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेज कर कानून को वापस लेने की मांग की गई है। भाकपा माले के राज्य सचिव कामरेड सुधाकर यादव ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार संविधान और लोकतंत्र के साथ खिलवाड़ कर रही है। किसानों और मजदूरों को समाप्त करने पर अमादा है। लेकिन संगठन ऐसा होने नहीं देगा। मांगपत्र देने में जिला सचिव सुरेश कोल, राजदेव सिंह, प्रेम शंकर भारती, मो. कलीम, जवाहिर खरवार, पप्पू, नाजमा खातून, जुबैदा खां, अमीना आदि मौजूद रहे। उधर जिले में किसान संगठन के आह्वन को देखते हुए पुलिस प्रशसान सतर्क रहा। शनिवार की सुबह से ही उरमौरा में स्थित सांसद पकौड़ी लाल कोल समेत अन्य जनप्रतिनिधियों के आवासों के आसपास सादे पोशाक में पुलिसकर्मी चक्रमण करते रहे। खुफिया एजेंसियों को सूचना मिली थी कुछ लोग जनप्रतिनिधियों के यहां आवास पर भी मांगपत्र देने के लिए जा सकते हैं, इसलिए पुलिस चौकन्ना रही।
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