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एंबुलेस के इंतजार में बीमार महिला की मौत
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दुद्धी। तहसील के खोखा गांव में एंबुलेस के न आने से उल्टी दस्त से पीड़ित महिला ने बृहस्पतिवार की तड़के दम तोड़ दिया। वहीं एक व्यक्ति की हालत गंभीर बनी हुई है। गांव के लोगों में आक्रोश है।
खोखा गांव की मानकुंवर(60) बुधवार को तीन बजे उल्टी दस्त से पीड़ित थी। गांव के बितन गुप्ता ने बताया कि महिला तीन दिनों से उल्टी दस्त से पीड़ित थी। हालत बिगड़ने पर मंगलवार की रात्रि 108 नंबर एंबुलेंस को फोन किया गया। चालक से बात हुई तो उसने खोखा गांव आने से साफ मना कर दिया। चालक का कहना था कि सड़क क्षतिग्रस्त है एंबुलेंस नहीं आ सकेगी। उधर वृद्धा उल्टी दस्त से सुस्त होकर दम तोड़ दिया। अभी भी गांव के ही सालिक चेरो (50) उल्टी दस्त से पीड़ित है। उपचार अभाव में सालिक की हालत गंभीर होते जा रही है। गांव में एक भी प्राइवेट चिकित्सक भी नहीं हैं। जिससे ग्रामीण प्राथमिक इलाज करा सके। बालू लदे ओवरलोड ट्रकों के आवाजाही से बहराडोल खोखा मार्ग की हालत खराब हो गई है। सड़क पर एक से डेढ़ फीट गढ्ढे बन गए हैं। इस कारण एंबुलेंस गांव आने में आनाकानी करते हैं। खोखा गांव से 10 किमी पहले बहराडोल तक ही एंबुलेंस आ पाती है। लोगों ने जिला प्रशासन से अबिलंब बहराडोल - खोखा मार्ग को बनाये जाने का मांग की है। साथ ही चिकित्सकीय सुविधा के लिए तत्काल में कैंप लगाकर चिकित्सा सेवा ग्रामीणों को प्रदान करने की गुहार लगाई है।
खोखा गांव की मानकुंवर(60) बुधवार को तीन बजे उल्टी दस्त से पीड़ित थी। गांव के बितन गुप्ता ने बताया कि महिला तीन दिनों से उल्टी दस्त से पीड़ित थी। हालत बिगड़ने पर मंगलवार की रात्रि 108 नंबर एंबुलेंस को फोन किया गया। चालक से बात हुई तो उसने खोखा गांव आने से साफ मना कर दिया। चालक का कहना था कि सड़क क्षतिग्रस्त है एंबुलेंस नहीं आ सकेगी। उधर वृद्धा उल्टी दस्त से सुस्त होकर दम तोड़ दिया। अभी भी गांव के ही सालिक चेरो (50) उल्टी दस्त से पीड़ित है। उपचार अभाव में सालिक की हालत गंभीर होते जा रही है। गांव में एक भी प्राइवेट चिकित्सक भी नहीं हैं। जिससे ग्रामीण प्राथमिक इलाज करा सके। बालू लदे ओवरलोड ट्रकों के आवाजाही से बहराडोल खोखा मार्ग की हालत खराब हो गई है। सड़क पर एक से डेढ़ फीट गढ्ढे बन गए हैं। इस कारण एंबुलेंस गांव आने में आनाकानी करते हैं। खोखा गांव से 10 किमी पहले बहराडोल तक ही एंबुलेंस आ पाती है। लोगों ने जिला प्रशासन से अबिलंब बहराडोल - खोखा मार्ग को बनाये जाने का मांग की है। साथ ही चिकित्सकीय सुविधा के लिए तत्काल में कैंप लगाकर चिकित्सा सेवा ग्रामीणों को प्रदान करने की गुहार लगाई है।
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