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नौकरी दिलाने के नाम पर दो से नौ लाख की ठगी
Updated Mon, 09 Apr 2018 12:08 AM IST
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उत्तर प्रदेश विद्युत वितरण विभाग में नौकरी दिलाने के नाम पर दो लोगों से नौ लाख रुपये के ठगी के मामले में पुलिस ने रविवार को मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर चालान कर दिया।
फिरोजाबाद निवासी हेमलता शर्मा पत्नी विगनेश शर्मा ने बताया कि फिरोजाबाद के ही विवेक शर्मा पुत्र अमर सिंह शर्मा जो उनका दूर का रिश्तेदार है। उन्हें डेढ़ वर्ष पूर्व झांसा दिया था कि विद्युत वितरण विभाग में वैकेंसी आयी है तथा उसकी पकड़ उत्तर प्रदेश विद्युत वितरण विभाग के बड़े अधिकारियों से है। किसी की नौकरी लगानी होगी तो सुविधा शुल्क देकर लगाई जा सकती है। वह उसके झांसे में आ गईं। उन्होंने अपने पुत्र गुलशन शर्मा की नौकरी लगाने के नाम पर तय रकम साढ़े चार लाख रुपये विवेक शर्मा को दे दिया। इसके अलावा अपने परिचित औराई निवासी मंजू देवी पत्नी स्व. संतोष परिहार से भी उनकी पुत्री आंकाक्षा परिहार की नौकरी लगाने के नाम पर साढ़े चार लाख रुपये दिला दिया। शुरूआत में बायोडाटा व शिक्षा से संबंधित सभी कागजात उसने दोनों लोगों से ले लिया। इसके बाद डाक से फर्जी नियुक्ति पत्र भी उनके आवासों पर भेजवा दिया।
छह अप्रैल 2018 को वह फिरोजाबाद से अभ्यर्थियों के साथ नौकरी दिलाने के लिए अनपरा पहुंची। जालसाज ने कहा कि लखनऊ से आदेश आते ही शनिवार को इंटरव्यू कराया जायेगा। शनिवार को जब इंटरव्यू नहीं हुआ तो उन्होंने उससे पूछताछ शुरू की तो विवेक ने उन्हें इधर-उधर की बात बताते हुए सोमवार को इंटरव्यू कराने की बात कही। इसी दौरान उन्हें विवेक की बातों पर शक हुआ। जब वह होटल से बाहर गया तो उसके बैग की तलाशी ली गयी तो पाया कि जो कागजात फार्म भरने के दौरान दिया गया था, वह उसके बैग में ही था।
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विद्युत वितरण विभाग के अधिशासी अभियंता खंड अनपरा के नाम की मुहर भी बरामद हुई। हेमलता व मंजू के परिजनों ने विवेक को पकड़कर अनपरा थाने ले आये, जहां पुलिस के प्रथम दृष्टया जांच में फर्जीवाड़े का मामला प्रकाश में आते ही मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
वर्जन
आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। विवेचना की जा रही है। संभावना है अभी जांच में और मामले आ सकते हैं। यदि ऐसा हुआ तो और मुकदमें दर्ज किए जाएंगे।
राहुल कुमार मिश्रा, क्षेत्राधिकारी पिपरी
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फिरोजाबाद निवासी हेमलता शर्मा पत्नी विगनेश शर्मा ने बताया कि फिरोजाबाद के ही विवेक शर्मा पुत्र अमर सिंह शर्मा जो उनका दूर का रिश्तेदार है। उन्हें डेढ़ वर्ष पूर्व झांसा दिया था कि विद्युत वितरण विभाग में वैकेंसी आयी है तथा उसकी पकड़ उत्तर प्रदेश विद्युत वितरण विभाग के बड़े अधिकारियों से है। किसी की नौकरी लगानी होगी तो सुविधा शुल्क देकर लगाई जा सकती है। वह उसके झांसे में आ गईं। उन्होंने अपने पुत्र गुलशन शर्मा की नौकरी लगाने के नाम पर तय रकम साढ़े चार लाख रुपये विवेक शर्मा को दे दिया। इसके अलावा अपने परिचित औराई निवासी मंजू देवी पत्नी स्व. संतोष परिहार से भी उनकी पुत्री आंकाक्षा परिहार की नौकरी लगाने के नाम पर साढ़े चार लाख रुपये दिला दिया। शुरूआत में बायोडाटा व शिक्षा से संबंधित सभी कागजात उसने दोनों लोगों से ले लिया। इसके बाद डाक से फर्जी नियुक्ति पत्र भी उनके आवासों पर भेजवा दिया।
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छह अप्रैल 2018 को वह फिरोजाबाद से अभ्यर्थियों के साथ नौकरी दिलाने के लिए अनपरा पहुंची। जालसाज ने कहा कि लखनऊ से आदेश आते ही शनिवार को इंटरव्यू कराया जायेगा। शनिवार को जब इंटरव्यू नहीं हुआ तो उन्होंने उससे पूछताछ शुरू की तो विवेक ने उन्हें इधर-उधर की बात बताते हुए सोमवार को इंटरव्यू कराने की बात कही। इसी दौरान उन्हें विवेक की बातों पर शक हुआ। जब वह होटल से बाहर गया तो उसके बैग की तलाशी ली गयी तो पाया कि जो कागजात फार्म भरने के दौरान दिया गया था, वह उसके बैग में ही था।
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विद्युत वितरण विभाग के अधिशासी अभियंता खंड अनपरा के नाम की मुहर भी बरामद हुई। हेमलता व मंजू के परिजनों ने विवेक को पकड़कर अनपरा थाने ले आये, जहां पुलिस के प्रथम दृष्टया जांच में फर्जीवाड़े का मामला प्रकाश में आते ही मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
वर्जन
आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। विवेचना की जा रही है। संभावना है अभी जांच में और मामले आ सकते हैं। यदि ऐसा हुआ तो और मुकदमें दर्ज किए जाएंगे।
राहुल कुमार मिश्रा, क्षेत्राधिकारी पिपरी