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सोनेलाल ने दिया था व्यवस्था परिवर्तन का नारा
Updated Fri, 24 Aug 2018 12:24 AM IST
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सोनभद्र। अपना दल एस कार्यकर्ताओं ने गुरुवार का दिन क्रांति दिवस के रूप में मनाया। इसमें 23 अगस्त 1999 को इलाहाबाद के पीडी टंडन पार्क में हुए लाठीचार्ज की निंदा की गई। कार्यकर्ताओं ने पार्टी के संस्थापक डॉ. सोनेलाल पटेल को श्रद्धा सुमन अर्पित किया और उनके पद चिह्नों पर चलने का संकल्प लिया।
मुख्य अतिथि राष्ट्रीय सचिव व्यापार प्रकोष्ठ ज्यूत नारायण पटेल ने कहा कि 23 अगस्त 1999 को इलाहाबाद के पीडी टंडन पार्क में डॉ. सोनेलाल पटेल सहित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ पुलिसिया तांडव हुआ। आजाद भारत में किसी राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ ऐसी घटना नहीं हुई। मुख्य वक्ता प्रदेश सचिव शिव प्रसाद विश्वकर्मा ने कहा कि घटना से मर्माहत होकर सोनेलाल ने व्यवस्था परिवर्तन और दूसरी आजादी का नारा दिया था, क्यों कि इतिहास गवाह है कि आजादी के पहले जलियांवाला बाग हत्याकांड हुआ फिर उसके बाद 23 अगस्त 1999 का कांड हुआ। इसे कभी नहीं भुलाया जा सकता। प्रदेश सचिव सुमंत सिंह मौर्य ने कहाकि आज का दिन भारत के इतिहास में 90 फीसदी आबादी के लिए बहुत ही दुखदपूर्ण है। हम संविधान को मानने वाले लोग 23 अगस्त 1999 को इलाहाबाद में शांतिपूर्वक सभा कर रहे थे, फिर भी बर्बरतापूर्वक पुलिसिया तांडव कराया गया। जिलाध्यक्ष सत्यनारायण पटेल ने कहा कि कार्यकर्ता डॉ. सोनेलाल के पदचिह्नों पर चलकर उनके दूसरी आजादी के सपने को साकार करें। संचालन राजकुमार बौद्घ ने किया। यहां आनंद पटेल दयालू, अनिल पांडेय, हरि प्रसाद धांगर, अंजनी पटेल, उदित रवानी, सुरेंद्र पटेल, राम सुरेश कुशवाहा, फूल सिंह, मान सिंह गोड़, रामधनी कोल, सुरजीत पटेल, शकुंतला गुप्ता, मीनू चौबे, नागेश्वर गौड़ आदि रहे।
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मुख्य अतिथि राष्ट्रीय सचिव व्यापार प्रकोष्ठ ज्यूत नारायण पटेल ने कहा कि 23 अगस्त 1999 को इलाहाबाद के पीडी टंडन पार्क में डॉ. सोनेलाल पटेल सहित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ पुलिसिया तांडव हुआ। आजाद भारत में किसी राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ ऐसी घटना नहीं हुई। मुख्य वक्ता प्रदेश सचिव शिव प्रसाद विश्वकर्मा ने कहा कि घटना से मर्माहत होकर सोनेलाल ने व्यवस्था परिवर्तन और दूसरी आजादी का नारा दिया था, क्यों कि इतिहास गवाह है कि आजादी के पहले जलियांवाला बाग हत्याकांड हुआ फिर उसके बाद 23 अगस्त 1999 का कांड हुआ। इसे कभी नहीं भुलाया जा सकता। प्रदेश सचिव सुमंत सिंह मौर्य ने कहाकि आज का दिन भारत के इतिहास में 90 फीसदी आबादी के लिए बहुत ही दुखदपूर्ण है। हम संविधान को मानने वाले लोग 23 अगस्त 1999 को इलाहाबाद में शांतिपूर्वक सभा कर रहे थे, फिर भी बर्बरतापूर्वक पुलिसिया तांडव कराया गया। जिलाध्यक्ष सत्यनारायण पटेल ने कहा कि कार्यकर्ता डॉ. सोनेलाल के पदचिह्नों पर चलकर उनके दूसरी आजादी के सपने को साकार करें। संचालन राजकुमार बौद्घ ने किया। यहां आनंद पटेल दयालू, अनिल पांडेय, हरि प्रसाद धांगर, अंजनी पटेल, उदित रवानी, सुरेंद्र पटेल, राम सुरेश कुशवाहा, फूल सिंह, मान सिंह गोड़, रामधनी कोल, सुरजीत पटेल, शकुंतला गुप्ता, मीनू चौबे, नागेश्वर गौड़ आदि रहे।
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