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आश्वासन पर कोल कर्मियों की हड़ताल स्थगित
Updated Sun, 15 Apr 2018 11:12 PM IST
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सिगरौली। कामर्शियल माइनिंग के विरोध में कोल इंडिया में 16 अप्रैल को होने वाली हड़ताल केंद्र सरकार व श्रम महासंघों के बीच चली तीन दौर की वार्ता एवं कई बिंदुओं पर द्विपक्षीय सहमति बनने के बाद स्थगित हो गई है। वार्ता के दौरान कोयला सचिव ने महासंघों को आश्वस्त किया है कि विशेष प्रावधान अधिनियम से सार्वजनिक कोयला संस्थानों के हितों पर कोई दुष्प्रभाव नहीं पड़ेगा। यह जानकारी कोयला मजदूर सभा (एटक) के महामंत्री अशोक कुमार दूबे ने दी है। एटक कार्यालय के सभागार में रविवार को हुई वार्ता के दौरान उन्होंने यह जानकारी दी। बताया कि कोल इंडिया के सेंट्रल ट्रेड यूनियन बीएमएस, सीटू, एचएमएस और एटक के प्रतिनिधियों के साथ कोयला मंत्री एवं कोयला सचिव से हड़ताल के मुद्दों पर चर्चा हुई। इस दौरान यूनियन के प्रतिनिधियों ने कामर्शियल माइनिंग से मजदूरों और कोल इंडिया पर होने वाले असर पर विस्तृृृृृृृृत चर्चा हुई। भारत सरकार एवं श्रमिक संगठनों के बीच प्रमुख बिंदुओं पर सहमति के बाद बीएमएस एवं एचएमएस ने हस्ताक्षर किया। जबकि सीटू एवं एटक ने मौखिक सहमति दी है। कोयला सचिव ने कहा कि सरकार सीआईएल तथा खान मजदूरों के हितों की रक्षा के प्रति सजग है और पिछले कुछ वर्षों से मजदूराें के हित में कई निर्णय भी लिए गए हैं। इस मौके परं संयुक्त सचिव एनके सुधांशु, कोल इंडिया के चेयरमैन गोपाल सिंह, सीआईएल के निदेशक कार्मिक आरपी श्रीवास्तव, बीएमएस के डा. बीके राय, वाईएन सिंह बधेल, एचएमएस के नाथूलाल पांडेय शामिल रहे।
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