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तीन बालकों की डूबकर मौत
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सीतापुर। तंबौर थाना क्षेत्र में एक खेत के गहरे खड्ड में भरे पानी के अंदर गिरने से तीन बालकों की डूबकर मौत हो गई। तीनों बालक सड़क की ओर घूमने जा रहे थे। शव मिलने के बाद परिवार के लोगों ने अंतिम संस्कार कर दिया है। तहसील प्रशासन ने पीड़ित परिवारों को आर्थिक मदद का आश्वासन दिया है। पुलिस भी मौके पर पहुंच गई थी।
तंबौर थाना क्षेत्र के इस्माइलपुर के मजरा सिरहाना गांव निवासी अंकित (10) पुत्र नंदलाल, दिलीप (15) पुत्र विजयपाल व दिनेश (14) पुत्र हरिनाम शनिवार को धान रोपाई करने गए थे। शाम करीब छह बजे तीनों धान रोपाई कर वापस घर पहुंचे। इसके बाद तीनों बालक कपड़े पहनकर बाजार की ओर घूमने निकले। मगर देर शाम तक तीनों घर नहीं लौटे। इस पर परिवार वालों ने तीनों की तलाश शुरू कर दी।
गांव के अलावा आसपास के क्षेत्र में लोगों ने तीनों की खूब तलाश की, लेकिन उनका कहीं पता नहीं चला। सड़क पर ये लोग ढूंढते हुए लौट रहे थे। तभी गांव के करीब ही रेउसा मार्ग की ओर रकीब के खेत में मिट्टी निकालकर बनाए गए 10 फिट गहरे खड्ड में एक शव टार्च की रोशनी में उतराता हुआ दिखाई दिया। जिसके बाद लोगों ने शव को बाहर निकाला।
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साथ ही दूसरे बालकों की तलाश शुरू की। इसी खड्ड से कुछ देर बाद दो अन्य बालकों के शव निकाले गए। शव निकालने के बाद पुलिस को सूचना दी गई। उधर तीनों बालकों की डूबने से मौत की खबर पाकर गांव में कोहराम मच गया। पूरे गांव में मातम छा गया।
खबर पाकर एसडीएम लहरपुर रामदरस राम व एसओ अमित सिंह भदौरिया मौके पर पहुंचे। उन्होंने जांच पड़ताल कर तीनों बालकों के परिवारीजनों को हर संभव सरकारी मदद का आश्वासन दिया। परिवार वालों की मांग पर पुलिस ने तीनों बालकों के शव उन्हें सौंप दिए। जिसके बाद रविवार को तीनों का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
बेटे की डूबने से मौके से नंदलाल के घर का चिराग बुझ गया। तंबौर इलाके में गहरे खड्ड में भरे पानी में डूबने से मृत अंकित के परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल है। दरअसल अंकित अपने मां-बाप की इकलौती संतान था। जिससे नंदलाल के घर का चिराग बुझ गया। इतना ही नहीं मृतक दिनेश भी अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। हालांकि उसके बहनें भी हैं।
पानी में डूबने से मृत अंकित, दिलीप व दिनेश न सिर्फ आपस में दोस्त थे, बल्कि तीनों चचेरे भाई भी थे। ग्रामीणों के मुताबिक अंकित, दिलीप व दिनेश तीनों के बाबा आपस में सगे भाई थी। जिससे तीनों का कुनबा एक ही है। इसके साथ ही इन तीनों बच्चों में आपस में दोस्ती भी थी। घटना से पूर्व तीनों एकसाथ ही धान की रोपाई कर वापस घर लौटे थे।
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तंबौर थाना क्षेत्र के इस्माइलपुर के मजरा सिरहाना गांव निवासी अंकित (10) पुत्र नंदलाल, दिलीप (15) पुत्र विजयपाल व दिनेश (14) पुत्र हरिनाम शनिवार को धान रोपाई करने गए थे। शाम करीब छह बजे तीनों धान रोपाई कर वापस घर पहुंचे। इसके बाद तीनों बालक कपड़े पहनकर बाजार की ओर घूमने निकले। मगर देर शाम तक तीनों घर नहीं लौटे। इस पर परिवार वालों ने तीनों की तलाश शुरू कर दी।
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गांव के अलावा आसपास के क्षेत्र में लोगों ने तीनों की खूब तलाश की, लेकिन उनका कहीं पता नहीं चला। सड़क पर ये लोग ढूंढते हुए लौट रहे थे। तभी गांव के करीब ही रेउसा मार्ग की ओर रकीब के खेत में मिट्टी निकालकर बनाए गए 10 फिट गहरे खड्ड में एक शव टार्च की रोशनी में उतराता हुआ दिखाई दिया। जिसके बाद लोगों ने शव को बाहर निकाला।
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साथ ही दूसरे बालकों की तलाश शुरू की। इसी खड्ड से कुछ देर बाद दो अन्य बालकों के शव निकाले गए। शव निकालने के बाद पुलिस को सूचना दी गई। उधर तीनों बालकों की डूबने से मौत की खबर पाकर गांव में कोहराम मच गया। पूरे गांव में मातम छा गया।
खबर पाकर एसडीएम लहरपुर रामदरस राम व एसओ अमित सिंह भदौरिया मौके पर पहुंचे। उन्होंने जांच पड़ताल कर तीनों बालकों के परिवारीजनों को हर संभव सरकारी मदद का आश्वासन दिया। परिवार वालों की मांग पर पुलिस ने तीनों बालकों के शव उन्हें सौंप दिए। जिसके बाद रविवार को तीनों का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
बेटे की डूबने से मौके से नंदलाल के घर का चिराग बुझ गया। तंबौर इलाके में गहरे खड्ड में भरे पानी में डूबने से मृत अंकित के परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल है। दरअसल अंकित अपने मां-बाप की इकलौती संतान था। जिससे नंदलाल के घर का चिराग बुझ गया। इतना ही नहीं मृतक दिनेश भी अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। हालांकि उसके बहनें भी हैं।
पानी में डूबने से मृत अंकित, दिलीप व दिनेश न सिर्फ आपस में दोस्त थे, बल्कि तीनों चचेरे भाई भी थे। ग्रामीणों के मुताबिक अंकित, दिलीप व दिनेश तीनों के बाबा आपस में सगे भाई थी। जिससे तीनों का कुनबा एक ही है। इसके साथ ही इन तीनों बच्चों में आपस में दोस्ती भी थी। घटना से पूर्व तीनों एकसाथ ही धान की रोपाई कर वापस घर लौटे थे।