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Sitapur News: पौधे लगाए, फोटो खिंचवाई, पनपेंगे भगवान भरोसे
Fri, 04 Aug 2023 11:33 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Fri, 04 Aug 2023 11:33 PM IST
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महोली/सीतापुर। शासन की ओर से पौधरोपण पर भारी-भरकम बजट खर्च किया जा रहा है। लापरवाही से पौधरोपण अभियान अपने मकसद से भटकता नजर आ रहा है। पौधरोपण करते हुए जिम्मेदारों ने फोटो खिंचवाई लेकिन लगाने के बाद देखभाल करना भूल गए। वहीं कुछ पौधे रोपे जाने के राह ताकते हुए सूख रहे हैं।
महोली क्षेत्र के वन रेंज कार्यालय की ओर से ग्राम पंचायत कैमहरा के चौफरा गांव में तीन हेक्टेयर भूमि पर 7500 पौधे लगाए गए। मैदान की झाड़ियों के किनारे भारी संख्या में लावारिस पड़े पौधे सूख रहे हैं। जिनका कोई पुरसाहाल नहीं है।
वहीं देखरेख के अभाव में अधिकांश पौधे गायब हो चुके हैं या फिर उनकी सुरक्षा के बंदोबस्त न किए जाने से जानवरों ने नष्ट कर दिए हैं। महोली कस्बे में हाईवे के दोनों तरफ पौधे मानक के विपरीत कम ऊंचाई वाले लगाए गए हैं। जिनकी सुरक्षा का भी कोई बंदोबस्त नहीं किया गया है। विभागीय सूत्रों की माने तो पौधारोपण के साथ ही उसकी सुरक्षा के लिए आवंटित धन भी विभाग ने ले लिया है।
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इसके बावजूद पौधों की सुरक्षा नहीं की जा रही हैं। महोली वन रेंज में अधिकांश पौधे लावारिस हालत में इधर-उधर डाल दिए गए हैं। जबकि कागजों पर वृहद पौधरोपण दिखा कर विभागीय अफसर अपनी पीठ थपथपा रहे हैं। विभाग एक तरफ कह रहा है कि पौधरोपण के साथ उसकी नियमित देखरेख व सुरक्षा भी आवश्यक है। दूसरी ओर यह फार्मूला उनके ही लगाए गए पौधों पर लागू होता नही दिखाई दे रहा है।
देखरेख के लिए सुरक्षा श्रमिक तैनात
चौफरा गांव में तीन हेक्टेयर भूमि पर 7500 पौधे लगाए गए हैं। देखरेख के लिए सुरक्षा श्रमिक तैनात है। कहीं पर भी अगर पौधे नष्ट होते हैं तो वहां पुनः पौधे रोपित किए जाएंगे।
- कल्पेश्वर नाथ भार्गव, वन क्षेत्राधिकारी
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महोली क्षेत्र के वन रेंज कार्यालय की ओर से ग्राम पंचायत कैमहरा के चौफरा गांव में तीन हेक्टेयर भूमि पर 7500 पौधे लगाए गए। मैदान की झाड़ियों के किनारे भारी संख्या में लावारिस पड़े पौधे सूख रहे हैं। जिनका कोई पुरसाहाल नहीं है।
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वहीं देखरेख के अभाव में अधिकांश पौधे गायब हो चुके हैं या फिर उनकी सुरक्षा के बंदोबस्त न किए जाने से जानवरों ने नष्ट कर दिए हैं। महोली कस्बे में हाईवे के दोनों तरफ पौधे मानक के विपरीत कम ऊंचाई वाले लगाए गए हैं। जिनकी सुरक्षा का भी कोई बंदोबस्त नहीं किया गया है। विभागीय सूत्रों की माने तो पौधारोपण के साथ ही उसकी सुरक्षा के लिए आवंटित धन भी विभाग ने ले लिया है।
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इसके बावजूद पौधों की सुरक्षा नहीं की जा रही हैं। महोली वन रेंज में अधिकांश पौधे लावारिस हालत में इधर-उधर डाल दिए गए हैं। जबकि कागजों पर वृहद पौधरोपण दिखा कर विभागीय अफसर अपनी पीठ थपथपा रहे हैं। विभाग एक तरफ कह रहा है कि पौधरोपण के साथ उसकी नियमित देखरेख व सुरक्षा भी आवश्यक है। दूसरी ओर यह फार्मूला उनके ही लगाए गए पौधों पर लागू होता नही दिखाई दे रहा है।
देखरेख के लिए सुरक्षा श्रमिक तैनात
चौफरा गांव में तीन हेक्टेयर भूमि पर 7500 पौधे लगाए गए हैं। देखरेख के लिए सुरक्षा श्रमिक तैनात है। कहीं पर भी अगर पौधे नष्ट होते हैं तो वहां पुनः पौधे रोपित किए जाएंगे।
- कल्पेश्वर नाथ भार्गव, वन क्षेत्राधिकारी