फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sitapur News ›   people trapped in homes during flood

108 गांव बने टापू, घरों में फंसे लोग

Thu, 28 Jul 2016 10:44 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Thu, 28 Jul 2016 10:44 PM IST
विज्ञापन
people trapped in homes during flood
river - फोटो : amar ujala

पहाड़ों पर हो रही बारिश के कारण बैराजों से लाखों क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। इस पानी की वजह से गांजर में बाढ़ का संकट गहराता जा    रहा है। संपर्क मार्गों पर पानी भरने से लोग गांवों में फंसे हैं। घरों में भी ढाई से तीन फीट तक पानी भरा है।

विज्ञापन


इससे बाढ़ पीड़ितों के सामने संकट और गहरा गया है। कोनी गांव का मुख्यालय से संपर्क टूट गया है, जबकि पचीसा गांव पहले से ही अलग-थलग पड़ा है। गुरुवार को घाघरा व शारदा बैराजों से एक बार फिर सवा दो लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जिससे संकट टलता नजर नहीं आ रहा है।
विज्ञापन


रेउसा क्षेत्र के कोनी, गोड़ियनपुरवा, रामलाल पुरवा, मरेली, ठेकेदार पुरवा, फौजदार पुरवा, पासिन पुरवा, श्याम नगर, सुंदर नगर, नगीना पुरवा, जैतहिया समेत 60 गांव बाढ़ की चपेट में हैं। अधिकतर गांवों में घाघरा कहर बरपा रही है। इनमें से 20 गांवों में शारदा का कहर है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कोनी गांव को पानी ने चारों तरफ से घेर रखा है, इससे मुख्यालय से उसका संपर्क टूट गया है। क्षेत्र के सारे संपर्क मार्ग बाढ़ के पानी में डूबे हुए हैं। घरों में तीन फीट तक पानी भरा है। लोग छत पर शरण ले रखे हैं। कोनी गांव में हैंडपंप न होने से लोग गंदा पानी पीने को मजबूर हैं। पचीसा गांव में भी हालात खराब हो रहे हैं।

सरकारी मदद का हाल यह है कि प्रशासन ने मारूबेहड़ में राहत कैंप लगा रखा है। जबकि ग्रामीण गांव से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। पचीसा गांव से बाहर आने के लिए करीब 7 किमी. की दूरी पानी में तय करनी पड़ेगी। उफनाते पानी में लोग नाव उतारने से कतरा रहे हैं।  


रामपुर मथुरा के हालात भी बदहाल होते जा रहे हैं। यहां भी घाघरा का कहर है। क्षेत्र के अंगरौरा, कनरखी, नयापुरवा, भगवतपुर, शुक्लनपुरवा, जगतूपुरवा, कामजापुरवा, अर्जुनपुरवा, बालेसर पुरवा, हरीपुरवा, भंडारीपुरवा आदि 48 गांवों में बाढ़ का पानी तेजी से बढ़ता जा रहा है। इन गांवों के लोग बाढ़ में फंसे हुए हैं। उधर, घाघरा व शारदा बैराजों से गुरुवार को 2,39,459 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इससे स्थिति और भी बिगड़ सकती है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed