{"_id":"640b75b2cf2b3b1500032784","slug":"medicine-sitapur-news-lko671408748-2023-03-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sitapur News: दवाओं को लगी महंगाई की बीमारी, मरीजों पर बढ़ा खर्च का बोझ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sitapur News: दवाओं को लगी महंगाई की बीमारी, मरीजों पर बढ़ा खर्च का बोझ
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सीतापुर। महंगाई से जूझ रहे आम आदमी को अब दवाओं ने झटका दिया है। बुखार व खांसी जैसी आम बीमारियों की दवाओं के दाम 20 से 25 फीसदी तक बढ़ गए हैं। इससे दवा खरीदने के लिए अब लोगों की जेब पर बोझ और बढ़ गया है।
बुखार में इस्तेमाल की जाने वाली जीरोडॉल पी का 46 रुपये में मिलने वाला पत्ता अब 60 रुपये का हो गया है। इसी तरह अन्य दवाओं की कीमतों में इजाफा होने से आम आदमी की परेशानी बढ़ गई है।
महंगाई लगातार बढ़ रही है। रसोई गैस के दाम बढ़ने से आम आदमी कराह रहा है। अब दवाओं के रेट में इजाफे से लोगों को तगड़ा झटका लगा है। बीमारी व दर्द से राहत के लिए आम तौर पर खरीदी जाने वाली दवाएं महंगी होने से हर वर्ग प्रभावित हुआ है। करीब एक माह पहले जो दवा 95 रुपये में खरीदी जा सकती थी।
विज्ञापन
अब वह दवा 118 रुपये खर्च करके मिल रही हैं। मेडिकल स्टोर चलाने वाले रंजीत राठौर ने बताया कि दवाओं की कीमतों में 20 से 25 फीसदी तक का इजाफा हुआ है। अधिकतर दवाओं के रेट बढ़ गए है। नया माल बढ़े हुए रेट पर आने से नई दरों पर बिक रहा है। वहीं, कई दवाओं की एमआरपी तो नहीं बढ़ाई गई है, लेकिन मुनाफा कम हो गया है।
इस समय मौसम बदल रहा है। सुबह-शाम हल्की सर्दी महसूस होती है, जबकि दोपहर में तेज धूप के कारण गर्मी का अहसास हो रहा है। ऐसे में बुखार, खांसी तथा लीवर की बीमारी में प्रयोग होने वाली दवाओं की मांग अधिक है।
खांसी में प्रयोग किया जाने वाला कोडी स्टार सीरप के दाम 112 रुपये से बढ़कर अब 140 रुपये हो गए हैं। बुखार के अलावा बदन दर्द में प्रयोग किया जाने वाला इंजेक्सन पीपजो 260 रुपये से बढ़कर 305 रुपये का हो गया है। आम आदमी को दवा खरीदने के लिए अतिरिक्त बोझ वहन करना पड़ रहा है।
मेडिकल स्टोर पर दवा लेने पहुंचे चंद्रिका ने बताया बुखार की शिकायत थी। डॉक्टर ने दवाएं लिख दीं। पिछले माह बेटे के बुखार आने पर जो दवा 80 रुपये की दवा खरीदी थी। अब वही दवा 100 रुपये की मिली है। अब्दुल नवाब ने बताया कि खांसी का सीरप व एंटीबायोटिक दवा खरीदी है। 112 वाला सीरप 140 रुपये का मिला है।
सीतापुर केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेन्द्र बाजपेयी ने बताया कि इस समय मौसम में बदलाव के कारण बुखार, खांसी व एंटीबायोटिक दवा अधिक बिक रही है। लगभग सभी दवाओं पर 20 से 25 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।
विज्ञापन
बुखार में इस्तेमाल की जाने वाली जीरोडॉल पी का 46 रुपये में मिलने वाला पत्ता अब 60 रुपये का हो गया है। इसी तरह अन्य दवाओं की कीमतों में इजाफा होने से आम आदमी की परेशानी बढ़ गई है।
विज्ञापन
महंगाई लगातार बढ़ रही है। रसोई गैस के दाम बढ़ने से आम आदमी कराह रहा है। अब दवाओं के रेट में इजाफे से लोगों को तगड़ा झटका लगा है। बीमारी व दर्द से राहत के लिए आम तौर पर खरीदी जाने वाली दवाएं महंगी होने से हर वर्ग प्रभावित हुआ है। करीब एक माह पहले जो दवा 95 रुपये में खरीदी जा सकती थी।
विज्ञापन
अब वह दवा 118 रुपये खर्च करके मिल रही हैं। मेडिकल स्टोर चलाने वाले रंजीत राठौर ने बताया कि दवाओं की कीमतों में 20 से 25 फीसदी तक का इजाफा हुआ है। अधिकतर दवाओं के रेट बढ़ गए है। नया माल बढ़े हुए रेट पर आने से नई दरों पर बिक रहा है। वहीं, कई दवाओं की एमआरपी तो नहीं बढ़ाई गई है, लेकिन मुनाफा कम हो गया है।
इस समय मौसम बदल रहा है। सुबह-शाम हल्की सर्दी महसूस होती है, जबकि दोपहर में तेज धूप के कारण गर्मी का अहसास हो रहा है। ऐसे में बुखार, खांसी तथा लीवर की बीमारी में प्रयोग होने वाली दवाओं की मांग अधिक है।
खांसी में प्रयोग किया जाने वाला कोडी स्टार सीरप के दाम 112 रुपये से बढ़कर अब 140 रुपये हो गए हैं। बुखार के अलावा बदन दर्द में प्रयोग किया जाने वाला इंजेक्सन पीपजो 260 रुपये से बढ़कर 305 रुपये का हो गया है। आम आदमी को दवा खरीदने के लिए अतिरिक्त बोझ वहन करना पड़ रहा है।
मेडिकल स्टोर पर दवा लेने पहुंचे चंद्रिका ने बताया बुखार की शिकायत थी। डॉक्टर ने दवाएं लिख दीं। पिछले माह बेटे के बुखार आने पर जो दवा 80 रुपये की दवा खरीदी थी। अब वही दवा 100 रुपये की मिली है। अब्दुल नवाब ने बताया कि खांसी का सीरप व एंटीबायोटिक दवा खरीदी है। 112 वाला सीरप 140 रुपये का मिला है।
सीतापुर केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेन्द्र बाजपेयी ने बताया कि इस समय मौसम में बदलाव के कारण बुखार, खांसी व एंटीबायोटिक दवा अधिक बिक रही है। लगभग सभी दवाओं पर 20 से 25 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।